ट्रंप की चेतावनी: ईरान ने प्रदर्शनकारियों को मारा तो अमेरिका दख़ल देगा

ईरान में बढ़ती महंगाई और देश की बिगड़ती आर्थिक हालत को लेकर सरकार के ख़िलाफ़ लगभग एक हफ़्ते से प्रदर्शन जारी है.

ये पिछले तीन साल में देश में सबसे बड़ा विरोध प्रदर्शन है. बीबीसी अरबी सेवा के मुताबिक़, ईरान के विभिन्न शहरों में हुए प्रदर्शनों में कम से कम सात लोगों की मौत हुई है.

इस बीच, अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने ईरान की सरकार को चेतावनी दी है. उन्होंने ट्रुथ सोशल पर पोस्ट में ईरान में प्रदर्शन कर रहे लोगों को मदद का भरोसा भी दिया है.

वहीं ईरान ने कहा है कि ट्रंप को पता होना चाहिए कि अमेरिकी दख़ल से पूरे इलाके में अस्थिरता फैल जाएगी.

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अमेरिका का रुख़ और ट्रंप की चेतावनी

ईरान में जारी विरोध प्रदर्शन को लेकर अमेरिका के राष्ट्रपति ट्रंप ने शुक्रवार को ट्रुथ सोशल पर एक पोस्ट किया.

उन्होंने लिखा, "अगर ईरान शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों पर गोली चलाता है और उन्हें बेरहमी से मारता है, जो कि उनकी आदत है, तो अमेरिका उनको (प्रदर्शनकारियों को) बचाने के लिए आएगा."

अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि अमेरिका ईरान के 'शांतिपूर्ण प्रदर्शनकारियों' की मदद के लिए 'पूरी तरह तैयार' है.

ईरान में शुरू हुए विरोध प्रदर्शन को लेकर अमेरिकी विदेश मंत्रालय के फ़ारसी भाषा के एक्स अकाउंट पर एक पोस्ट किया गया था.

इसमें कहा गया था कि अमेरिका "उनके साहस की तारीफ़ करता है" और सालों की नाकाम नीतियों और आर्थिक कुप्रबंधन के बाद "गरिमा और बेहतर भविष्य" चाहने वालों के साथ खड़ा है.

अमेरिकी विदेश मंत्रालय ने बुधवार को एक्स पर एक पोस्ट में लिखा था, "हम उन रिपोर्ट्स और वीडियो से बहुत परेशान हैं जिनमें कहा गया है कि ईरान में शांति से प्रदर्शन करने वालों को धमकाया जा रहा है, हिंसा हो रही है और उन्हें गिरफ़्तार किया जा रहा है. बुनियादी अधिकारों की मांग करना कोई जुर्म नहीं है. इस्लामिक रिपब्लिक को ईरानी लोगों के अधिकारों का सम्मान करना चाहिए."

ट्रंप के पोस्ट पर ईरान ने क्या कहा?

ईरान की सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सेक्रेटरी अली लारीजानी ने राष्ट्रपति ट्रंप के पोस्ट पर प्रतिक्रिया दी है.

अली लारीजानी ने एक्स पर पोस्ट किया, "इसराइली अधिकारियों और डोनाल्ड ट्रंप के बयानों से, पर्दे के पीछे क्या चल रहा था, वह अब साफ़ हो गया है."

उन्होंने लिखा, "हम विरोध करने वाले दुकानदारों के रुख़ और अशांति फैलाने वाले लोगों की हरकतों के बीच फ़र्क करते हैं."

लारीजानी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के लिए लिखा, "ट्रंप को यह पता होना चाहिए कि इस आंतरिक मामले में अमेरिका का दख़ल पूरे इलाके को अस्थिर कर देगा और इससे अमेरिका के हितों को नुक़सान होगा."

लारीजानी ने कहा कि ट्रंप को अपने सैनिकों की सुरक्षा का ध्यान रखना चाहिए.

ईरान में विरोध प्रदर्शन: क्या हैं ताज़ा हालात?

ईरान में लगभग एक हफ़्ते से विरोध प्रदर्शन हो रहे हैं.

विरोध प्रदर्शन की शुरुआत राजधानी तेहरान में रविवार को उन दुकानदारों ने की, जो अमेरिकी डॉलर के मुकाबले ईरानी मुद्रा रियाल की कीमत में तेज़ गिरावट से नाराज़ थे.

इसके बाद, इस प्रदर्शन में यूनिवर्सिटी के स्टूडेंट भी शामिल हो गए और विरोध प्रदर्शन कई शहरों में फैल गया.

ईरानी अधिकारियों ने कहा कि गुरुवार को हुए प्रदर्शन के दौरान कम से कम सात लोगों की मौत हुई है.

गुरुवार को सोशल मीडिया पर प्रदर्शनकारियों और सुरक्षा बलों के बीच हुई झड़पों के कई वीडियो सामने आए. इस दौरान कई वाहनों में आग लगा दी गई.

प्रदर्शनकारियों ने सुरक्षा बलों पर पत्थर फेंके. वहीं, सुरक्षा बलों ने जवाबी कार्रवाई में गोलियों और आंसू गैस का इस्तेमाल किया.

ईरान में कई प्रदर्शनकारियों ने देश के सर्वोच्च नेता के शासन को ख़त्म करने की मांग की है. कुछ लोगों ने राजशाही की वापसी की भी मांग की है.

कुछ प्रदर्शनकारियों को 1979 की इस्लामिक क्रांति में तख़्तापलट करके हटाए गए दिवंगत शाह मोहम्मद रज़ा पहलवी के बेटे रज़ा पहलवी के समर्थन में नारे लगाते हुए भी सुना गया. इसमें 'शाह ज़िंदाबाद' का नारा भी शामिल था.

रज़ा पहलवी का ईरान के लोगों के लिए संदेश

वहीं अमेरिका में निर्वासन में ज़िंदगी गुज़ार रहे रज़ा पहलवी ने ईरान में प्रदर्शनकारियों के प्रति अपना समर्थन जताया है.

रज़ा पहलवी ने प्रदर्शनकारियों के लिए एक्स पर लिखा, "आप इतिहास रच रहे हैं- एक ऐसा इतिहास जो एक देश के साहस, एकजुटता और दृढ़ संकल्प से लिखा जा रहा है, जो अपने देश को वापस पा रहा है."

"पिछले दो दिनों में इस शासन ने जिन्हें मारा है, वे लोग इस धरती के सच्चे हीरो हैं. उनके नाम और यादें हमारी राष्ट्रीय चेतना में हमेशा ज़िंदा रहेंगी."

"मैं सभी देशवासियों से अपील करता हूं कि वे इस राष्ट्रीय विद्रोह के हर शहीद हीरो का सम्मान करें- न सिर्फ़ अपने शहरों और क्षेत्रों में, बल्कि पूरे ईरान और दुनिया भर में-ताकि हम दिखा सकें कि उनका रास्ता और उनका मकसद हम सभी का है, और यह तब तक जारी रहेगा जब तक ईरान आज़ाद नहीं हो जाता."

रज़ा पहलवी ने ईरान के लोगों से एकजुट रहने और लक्ष्य पर ध्यान केंद्रित करने की अपील की है.

राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने कहा है कि वह प्रदर्शनकारियों की 'जायज़ मांगों' को सुनेंगे. जबकि देश के प्रॉसिक्यूटर-जनरल, मोहम्मद मोवाहेदी-आज़ाद ने चेतावनी दी कि अस्थिरता पैदा करने की किसी भी कोशिश का 'निर्णायक जवाब' दिया जाएगा.

बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित.