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फिलहाल भारत सबसे मज़बूत प्रतिद्वंद्वी: ली | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
ऑस्ट्रेलिया के तूफ़ानी गेंदबाज़ ब्रेट ली ने माना है कि दुनिया की तमाम क्रिकेट टीमों में फिलहाल भारत सबसे मज़बूत प्रतिद्वंद्वी है. त्रिकोणीय सिरीज़ में रविवार को भारत का सामना ऑस्ट्रेलिया से होगा और कुछ मैचों के आराम के बाद ली इस मुक़ाबले से मैदान में वापसी करेंगे. ली ने कहा कि अगर भारत सिरीज़ के फ़ाइनल में पहुँचता है तो ऑस्ट्रेलिया को मेहमान टीम से कड़ी टक्कर मिलेगी. उन्होंने कहा, "भारत और श्रीलंका दोनो काफ़ी मज़बूत टीमें हैं, लेकिन फिलहाल भारतीय टीम को हराना बड़ी चुनौती नज़र आती है." पसंदीदा टीम ली ने कहा, "अगर भारत की शुरुआत अच्छी रहती है तो फिर उसके बल्लेबाज़ों को काबू करना बहुत मुश्किल है." उन्होंने कहा कि श्रीलंका के भी कुछ बल्लेबाज़ बहुत धाकड़ हैं, लेकिन मैं भारतीय बल्लेबाज़ों के ख़िलाफ़ खेलना ज़्यादा पसंद करता हूँ. ली ने कहा, "अगर आप सचिन तेंदुलकर जैसे सर्वश्रेष्ठ बल्लेबाज़ के सामने अच्छी गेंदबाज़ी करते हैं तो आप समझ सकते हैं कि आप सही दिशा में जा रहे हैं." ली के लिए सत्र बेहद थकाऊ रहा है, लेकिन त्रिकोणीय सिरीज़ के दो मैचों के आराम के बाद वह बल्लेबाज़ों पर एक बार फिर अपना क़हर बरपाने के लिए तरोताज़ा हैं. उन्होंने कहा, "मैं रविवार का मुक़ाबला खेलूँगा. हमारे खेल विशेषज्ञों का कहना था कि मुझ पर गेंदबाज़ी का बोझ कुछ ज़्यादा हो रहा है. मुझे तरोताज़ा होने के लिए कुछ आराम दिया गया और अब मैं खेलने के लिए पूरी तरह तैयार हूँ." ब्रेट ली फिलहाल शानदार फार्म में हैं और सिरीज़ में अब तक आठ विकेट ले चुके हैं. भारत के लिए रविवार का मुक़ाबला बेहद अहम है. अगर भारतीय टीम ऑस्ट्रेलिया को मात देने में सफल रही तो 'बेस्ट ऑफ़ थ्री' फ़ाइनल में अपना स्थान लगभग पक्का कर देगी. | इससे जुड़ी ख़बरें भारत के ख़िलाफ़ नहीं खेलेंगे ब्रेट ली16 फ़रवरी, 2008 | खेल की दुनिया सबसे अधिक बोली लगी धोनी की20 फ़रवरी, 2008 | खेल की दुनिया भारतीय टीम को पीसीबी का निमंत्रण21 फ़रवरी, 2008 | खेल की दुनिया बीसीसीआई ने निकाला बोतल का जिन्न21 फ़रवरी, 2008 | खेल की दुनिया अपने आप से जूझ रहे हैं युवराज15 फ़रवरी, 2008 | खेल की दुनिया विश्व क्रिकेट में वर्चस्व की ज़ुबानी जंग11 फ़रवरी, 2008 | खेल की दुनिया | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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