सैयद अकबरुद्दीन ने पाकिस्तानी पत्रकारों से हाथ क्यों मिलाया?

संयुक्त राष्ट्र में भारत के राजदूत सैयद अकबरुद्दीन का एक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हो रहा है. इस वीडियो में सैयद अकबरुद्दीन पाकिस्तानी पत्रकारों से बात करते और हाथ मिलाते नज़र आ रहे हैं.

यह वीडियो शुक्रवार को संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद की बैठक के बाद का है. बैठक के बाद संवाददाताओं से बातचीत के दौरान उन्होंने एक के बाद एक तीन पाकिस्तानी पत्रकारों के सवालों के जवाब दिए. जिसका उन्होंने ज़िक्र भी किया.

तीसरे पाकिस्तानी पत्रकार ने उनसे पूछा कि आप पाकिस्तान से बातचीत कब शुरू करेंगे?

इस सवाल के जवाब में अकबरुद्दीन पोडियम से हटे और आगे बढ़कर पाकिस्तानी पत्रकारों से हाथ मिलाया. इसके बाद उन्होंने कहा, "सबसे पहले आपके पास आकर, आपसे हाथ मिलाकर शुरुआत करते हैं."

इसके बाद अकबरुद्दीन ने कहा "इसके साथ ही मैं आपको ये बता दूं कि हम दोस्ती का हाथ बढ़ा चुके हैं, ये कहते हुए कि हम शिमला समझौते के प्रति प्रतिबद्ध हैं. हमें अब पाकिस्तान की प्रतिक्रिया का इंतज़ार करना चाहिए."

अकबरुद्दीन का ये वीडियो काफ़ी चर्चा बटोर रहा है और ज़्यादातर प्रतिक्रियाएं सकारात्मक हैं.

रवि मिश्रा ने ट्वीट किया है, "पाकिस्तान का कहना है कि भारत में मुस्लिम सुरक्षित नहीं हैं. जबकि हमारे राजदूत ख़ुद उसी समुदाय से आते हैं. जिनके शब्द ही ऐसा बोलने वालों के लिए जवाब है."

श्रीवा लिखते हैं, "बतौर भारतीय हमें सैयद अकबरुद्दीन पर गर्व है. हमारा देश अनेकता में एकता का देश है. पाकिस्तान को हमसे यह सीखना चाहिए कि कैसे विभिन्न समुदायों और धर्म के धर्म के बीच में भी एकजुटता से रहा जाए."

सुंदरम तिवारी लिखते हैं, "अकबरुद्दीन जी आपको बहुत-बहुत बधाई और आदर...आपने आज का पूरा दिन अपने नाम कर लिया."

पवन सिंह लिखते हैं कि भारत के इस जवाब ने एक तीर से दो निशाने साधने का काम किया है.

एक अन्य ट्विटर हैंडल से लिखा गया है, "यूं तो मैं भारतीय नहीं हूं लेकिन इतना ज़रूर है कि यह शख़्स बहुत स्मार्ट है."

आशुतोष पांडेय लिखते हैं, "यह ऐतिहासिक रहा. आपने सुषमा स्वराज से काफ़ी कुछ सीखा."

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