सोशल: अगर आज मनमोहन सिंह प्रधानमंत्री होते तो क्या करते?

भारत के पूर्व प्रधानमंत्री डॉक्टर मनमोहन सिंह 26 सितंबर को 85 साल के हो गए.

मनमोहन सिंह को भारतीय अर्थव्यवसथा के उदारीकरण और उसे पटरी पर लाने का श्रेय दिया जाता है.

वहीं, उनके आलोचकों का कहना है कि वो स्वतंत्र फ़ैसले नहीं ले पाते थे.

मौजूदा वक़्त में देश में गिरती जीडीपी (सकल घरेलू उत्पाद) से लेकर बीएचयू (काशी हिंदू विश्वविद्यालय) तक तमाम मुद्दों पर चर्चा गर्म है और बीजेपी सरकार के रवैये को लेकर लोगों में नाराज़गी देखने को मिल रही है.

इस मौके पर बीबीसी हिंदी ने अपने पाठकों से पूछा कि अगर आज मनमोहन सिंह कुर्सी पर होते तो क्या-क्या कदम उठाते?

जवाब में बहुत ही दिलचस्प प्रतिक्रियाएं मिलीं.

महताब अंसारी ने फ़ेसबुक पर लिखा, "मनमोहन सिंह होते तो 'मन की बात' नहीं 'मनमोहन की बात' होती."

शंभू शरण ने फ़ेसबुक पर लिखा, "मनमोहन सिंह भारतीय इतिहास में एक ऐसे प्रधानमंत्री रहे हैं जो संतुलित थे. वो हाज़िरजवाब थे और उनकी टिप्पणियां भी मुंहतोड़ होती थी. वो बड़े ही सब्र से सबकी बात सुनते थे और चुपचाप अपना काम करते रहते थे. भगवान उन्हें लंबी उम्र दे."

अभिषेक मौर्य को लगता है कि वो बीएचयू पर तो कुछ नहीं करते, लेकिन भारतीय अर्थव्यवस्था ऐसी बदतर हाल में नहीं होती.

आलम ने लिखा, "मनमोहन देश की जी़डीपी को ऊंचाइयों पर ले जाते. अरुण जेटली की तरह जीडीपी को गिरने नहीं देते."

सुबोध बंसल ने कहा, "उन्हें दो बार देश की सेवा करने का मौका मिला और लोग उनके शासनकाल में भारत का बुरा हाल नहीं भूल सकते. दर्जनों घोटाले हुए, पर सरकार ने उस पर कुछ बोलना तक मुनासिब नहीं समझा. रुपये की गिरती कीमत और बढ़ती महंगाई, दुश्मन देश की ओर से लगातर होने वाली घुसपैठ ने भारत को शर्मसार कर दिया था."

देवेंद्र कुमार ने ट्विटर पर कहा, "वो मनमोहन सिंह हैं. अगर वो प्रधानमंत्री होते तो देश की अर्थव्यस्था तेज़ गति से आगे बढ़ रही होती, वो नोटबंदी जैसा क़दम सपने में भी नहीं उठाते."

मसान नाम के ट्विटर हैंडल से कहा गया, "यदि वे सत्ता में होते तो देश वाकई प्रगति कर रहा होता. बीएचयू में ऐसी नौबत न आती. 1992 में उन्होंने जैसे देश को डूबने से बचाया, वो अविस्मरणीय है."

प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने भी ट्वीट करके मनमोहन सिंह को जन्मदिन की शुभकामनाएं दी थीं.

उन्होंने लिखा था,''हमारे पूर्व प्रधानमंत्री मनमोहन सिंह को जन्मदिन की शुभकामनाएं. भगवान उन्हें लंबी और सेहतमंद ज़िंदगी दे.''

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)