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मारे गए यहूदियों की याद में प्रार्थना | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
मुंबई में 26 नवंबर को हुए हमलों में नारीमन हाउस में मारे गए यहूदियों की याद में गुरुवार को एक प्रार्थना सभा हुई और बाद में गेटवे ऑफ़ इंडिया तक मार्च भी निकाला गया. आठ दिन चलने वाले यहूदी त्योहार हानुका के मौके पर ताज होटल के सामने यहूदी इकठ्ठा हुए. इस मौके पर उन्होंने रोशनी की और चरमपंथ के सामने घुटने न टेकने की बात की. इस मौके पर न्यूयॉर्क से आए वरिष्ठ यहूदी धर्मगुरू रबाई कोटलोर्स्की ने लोगों से ख़िताब किया. याद रहे कि मारे गए लोगों में रबाई गैव्रियल हाल्ट्ज़बर्ग और उनकी पत्नी रिव्का भी शामिल थीं. हमलों में ज़िंदा बचा उनका एकमात्र बेटा मौशे अभी इस्राइल में है. रबाई कोटलोर्स्की ने कहा कि वो चरमपंथ की वजह से पीछे नहीं हटेंगे. उन्होंने कहा, "हम चरमपंथ का मुक़ाबला एके 47 राइफ़लों, बमों और ग्रेनेड से नहीं करेंगे. हम दुनिया के उन हिस्सों में उजाला करेंगे जहां अंधेरा है." उन्होंने मोशे का ज़िक्र करते हुए कहा कि अब वो बिना माता पिता के बड़ा होगा. इस मौके पर हाल्ट्ज़बर्ग परिवार के सदस्य औऱ इज़राईल से आए कई यहूदी धर्मगुरू भी उपस्थित थे. इकठ्ठे हुए यहूदियों ने प्रार्थना की और नारे भी लगाए. डर नहीं है कोई हमने वहां पहुंचे मुंबई के जोएल जोलास्कर से पूछा कि यहूदी लोग त्योहार हानुका के मौके पर ताज के सामने इकठ्ठा होकर क्या संदेश देना चाह रहे हैं. उन्होंने कहा कि हम ये संदेश देने की कोशिश कर रहे हैं कि हममें से कोई भी डरा हुआ नहीं है. उन्होंने कहा, "हमें सार्वजनिक रूप से निशाना बनाया गया, इसके बावजूद हम बाहर आकर अपने त्योहार मनाते रहेंगे. हमें ग़म है कि इस बार रबाई गैब्रियल औऱ उनकी पत्नी हमारे साथ नहीं थी. पाँच साल से वो ही यही त्योहार मनाते आ रहे थे. इस साल वो हमारे साथ नहीं, हमें उनकी याद आ रही है." नारीमन हाउस के भविष्य पर रबाई कोटलोर्स्की ने कहा कि इस पर अभी बात चल रही है. उन्होंने कहा कुछ ही हफ्तों में शायद हम किसी जगह को किराए पर ले लें. उसके बाद हम फ़ैसला करेंगे कि नारीमन हाउस की इमारत को ढहा दिया जाए या किसी औऱ जगह की तलाश की जाए. रबाई कहते हैं, "नारीमन हाउस में हर तरफ़ गोलियों के निशान मौजूद हैं और जिस तरह से उस जगह का अपमान हुआ है, ऐसा लगता है कि वो लड़ाई का मैदान है... हम दुनिया भर में ऐसी जगहों पर सुरक्षा बढ़ा रहे हैं." उन्होंने ये भी कहा कि उन्हें उम्मीद है कि मोशे जब बड़ा होगा तो वापस मुंबई अपनी पत्नी के साथ लौटेगा और अपनी पिता की जगह लेगा. |
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