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महाराष्ट्र में 55 से 60 प्रतिशत तक मतदान | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
भारतीय चुनाव आयोग के अनुसार बुधवार को महाराष्ट्र विधानसभा के लिए 55-60 प्रतिशत मतदान हुआ है. उत्तर प्रदेश में चुनावी हिंसा में तीन लोग मारे गए. नई दिल्ली में पत्रकारों से बात करते हुए उप चुनाव आयुक्त एएन झा ने बताया कि उत्तर प्रदेश में तीन लोगों के मारे जाने की घटना के अलावा महाराष्ट्र विधानसभा और लोकसभा और विधानसभा उप चुनाव के दौरान स्थिति शांतिपूर्ण रही. महाराष्ट्र विधानसभा के साथ-साथ बुधवार को तीन संसदीय और 42 विधानसभा क्षेत्रों में भी उप-चुनाव हुआ. भारतीय चुनाव आयोग ने बताया है कि मैनपुरी लोकसभा क्षेत्र में उपचुनाव के लिए हुए मतदान के दौरान हिंसा में दो लोगों की मौत हो गई जबकि एक व्यक्ति अतरौली विधान सभा क्षेत्र में मारा गया. बिहार के मधेपुरा लोक सभा क्षेत्र में भी उपचुनाव हुआ और वहाँ मतदान कुल मिलाकर शांतिपूर्ण रहा. नगालैंड में तीन विधानसभा क्षेत्रों के उपचुनाव में क़रीब 80 प्रतिशत मतदान हुआ जबकि गोवा के एक विधानसभा क्षेत्र में 70 प्रतिशत मतदान हुआ. बिहार के मधेपुरा लोकसभा सीट के लिए हुए उपचुनाव में 50 फ़ीसदी मतदान हुआ. यहाँ की सीट रेल मंत्री लालू प्रसाद के छोड़ने के कारण ख़ाली हुई थी. महाराष्ट्र महाराष्ट्र में चुनाव कुल मिलाकर शांतिपूर्ण रहा लेकिन गढ़चिरौली में कुछ नक्सलवादियों ने जब मतदान के दौरान बाधा पहुँचाने की कोशिश की तो सुरक्षा बलों के साथ उनकी मुठभेड़ हुई.
बीबीसी संवाददाता जयश्री बजोरिया का कहना है इससे मतदान में कुछ देर के लिए बाधा पहुँची. राज्य की 288 सीटों के लिए क़रीब 2600 उम्मीदवार मैदान में हैं. मुख्य मुक़ाबला कांग्रेस-राष्ट्रवादी कांग्रेस गठबंधन और भाजपा-शिवसेना गठबंधन के बीच है. इस बार के महाराष्ट्र विधानसभा चुनाव में बड़ी संख्या में निर्दलीय और बाग़ी उम्मीदवार भी मैदान में हैं. इसी के साथ 15 राज्यों में विधानसभा की 42 सीटों और तीन राज्यों में लोकसभा की तीन सीटों के उपचुनाव के लिए मतदान हुआ. लोकसभा की ये सीटें हैं- मधेपुरा, मैनपुरी और बीदर. मतदान के लिए कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की गई थी. मुंबई से बीबीसी संवाददाता के अनुसार सुबह साढ़े सात बजे वोटिंग शुरू होने से पहले ही कई मतदान केंद्रों पर मतदाताओं की लंबी कतारें लगी हुई थीं. मई में लोकसभा चुनावों में कांग्रेस को मिली अप्रत्याशित सफलता के बाद यह पहला व्यापक चुनाव है. हालाँकि राज्य की 48 लोकसभा सीटों में 25 पर भाजपा-शिव सेना गठबंधन को जीत हासिल हुई थी, कांग्रेस-एनसीपी के हाथ 22 सीटें ही आई थीं. |
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