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पहली अफ्रीकी महिला राष्ट्रपति ने शपथ ली | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
एलिन जॉनसन सरलीफ़ ने लाइबेरिया के राष्ट्रपति पद की शपथ ले ली है, वे किसी अफ्रीकी देश की कमान संभालने वाली पहली निर्वाचित नेता हैं. लाइबेरिया की राजधानी मोनरोविया में आयोजित शपथ ग्रहण समारोह में अफ्रीका और दुनिया भर के कई प्रमुख नेताओं ने हिस्सा लिया. एलिन जॉनसन का कहना है कि वे 14 वर्षों के गृहयुद्ध के बाद देश में नई आशा का संचार करना चाहती हैं, उन्होंने कहा कि देश में क़ानून और व्यवस्था की स्थिति में सुधार उनकी सबसे बड़ी प्राथमिकता होगी. शपथ ग्रहण समारोह के लिए संयुक्त राष्ट्र शांतिरक्षक बल और स्थानीय पुलिस ने कड़ी सुरक्षा व्यवस्था की थी, राजधानी मोनरोविया में लगभग 500 शांतिरक्षक सैनिक तैनात किए गए थे. अमरीकी प्रशासन ने भी अफ्रीकी महाद्वीप की पहली महिला राष्ट्रपति को पूरा समर्थन देने की घोषणा की है, अमरीकी नौसेना के दो युद्धपोत अपना समर्थन प्रकट करने के लिए लाइबेरिया के तट पर तैनात किए गए हैं. इसके अलावा अमरीकी राष्ट्रपति जॉर्ज बुश की पत्नी लॉरा बुश और अमरीकी विदेश मंत्री कॉन्डोलिज़ा राइस ने शपथ ग्रहण समारोह में हिस्सा लिया है. उत्साह जॉनसन की जीत की खुशी में हज़ारों स्वयंसेवकों ने शहर में बड़े पैमाने पर सफाई अभियान चलाया और इमारतों की रंगाई-पुताई की ताकि शपथ ग्रहण समारोह अच्छे माहौल में हो सके. 67 वर्षीय जॉनसन ने नवंबर में हुए चुनाव में देश के फुटबॉल स्टार जॉर्ज वी को पराजित किया था, जॉनसन को 59 प्रतिशत वोट मिले थे. उन्होंने शपथ लेने से ठीक पहले कहा,"मैं भविष्य की संभावनाओं को लेकर बहुत उत्साहित हूँ, मैं लाइबेरिया, अफ्रीका और दुनिया भर की महिलाओं का प्रतिनिधित्व करती हूँ." वर्ल्ड बैंक में अर्थशास्त्री रह चुकीं जॉनसन को लाइबेरिया के लोग 'आयरन लेडी' के नाम से जानते हैं लेकिन उन्होंने कहा है कि वे देश की समस्याओं को बहुत नरमी के साथ हल करना चाहती हैं. छह वर्ष के कार्यकाल में जॉनसन को काफ़ी काम करना होगा क्योंकि देश की दशा गृहयुद्ध की वजह से काफ़ी ख़राब है, सड़कें टूटी हुई हैं, टेलीफ़ोन नेटवर्क नहीं हैं और बिजली-पानी की हालत काफ़ी ख़राब है. इसके अलावा, उनके सामने उन एक लाख से अधिक लोगों को समाज की मुख्यधारा में शामिल करने की चुनौती है जो गृहयुद्ध में लड़ रहे थे. | इससे जुड़ी ख़बरें चार्ल्स टेलर नाइजीरिया पहुँचे12 अगस्त, 2003 | पहला पन्ना लाइबेरिया में संघर्ष12 अगस्त, 2003 | पहला पन्ना शांति वार्ता पर संकट 17 अगस्त, 2003 | पहला पन्ना लाइबेरिया में समझौते की उम्मीद18 अगस्त, 2003 | पहला पन्ना लाइबेरिया में शांति समझौता18 अगस्त, 2003 | पहला पन्ना संयुक्त राष्ट्र सैनिक पूर्वी लाइबेरिया पहुँचे18 जनवरी, 2004 | पहला पन्ना इंटरनेट लिंक्स बीबीसी बाहरी वेबसाइट की विषय सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है. | |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
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