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कौन समझे ख़ुदा जाने
अमरीका के रक्षा मंत्री डोनाल्ड रम्सफ़ेल्ड को पुरस्कार मिला है लेकिन शायद वह इसे कोई बहुत गौरव की बात न मानें. यह पुरस्कार है सबसे 'बेतुकी' टिप्पणी के लिए और इसके लिए उनके एक उस बयान का चयन हुआ है जो उन्होंने हाल ही में दिया था. इस साल फ़रवरी में वह एक संवाददाता सम्मेलन में एक ऐसी बात कह गए कि लोग उसका मतलब ही तलाश करते रह गए. आप समझने की कोशिश कर सकते हैं. रम्सफ़ेल्ड का कुछ यह कहना था, "कुछ जाना हुआ हम जानते हैं. कुछ वह भी है जो हम जानते हैं कि हम जानते हैं. हम ये भी जानते हैं कि कुछ ऐसा है जो नहीं जाना जाता है". ब्रिटेन की एक संस्था हर साल किसी महत्वपूर्ण हस्ती की ऐसी ही 'बेतुकी टिप्पणी' को पुरस्कार देती है.
संस्था के एक प्रवक्ता ने रक्षा मंत्री की टिप्पणी पर टिप्पणी करते हुए कहा, "हम जानते हैं कि वह क्या कहना चाहते हैं-लेकिन हम यह नहीं जानते कि क्या हम सचमुच जानते हैं". वैसे रम्सफ़ेल्ड को इस प्रतियोगिता में कैलिफ़ोर्निया के गवर्नर चुने गए आर्नल्ड श्र्वार्ज़नेगर से कड़ा मुक़ाबला करना पड़ा. श्र्वार्ज़नेगर ने समलैंगिक विवाहों पर एक बहस में हिस्सा लेते हुए कहा था, "मेरा मानना है कि समलैंगिक विवाह पुरुष और स्त्री के ही बीच होने चाहिए". और एक दावेदार यूरोपीय आयोग के आयुक्त क्रिस पैटन भी थे जिनका कहना था कि 'ब्रिटेन की कंज़रवेटिव पार्टी ने राजनीतिक आत्महत्या कर ली है और अब वह उस पर पछतावा करने के लिए जी रही है'. इस पुरस्कार से जो लोग अब तक सम्मानित हुए हैं उनमें अमरीका की अभिनेत्री ऐलीशिया सिल्वरस्टोन और अभिनेता रिचर्ड गेयर भी शामिल हैं. |
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