दिल्ली से जयपुर आ रही राजस्थान रोडवेज़ की
बस में सवार हरियाणा की महिला पुलिसकर्मी से यात्रा का टिकट मांगने पर विवाद हो
गया है.
घटना का वीडियो शनिवार को सोशल मीडिया पर
वायरल होने के बाद हरियाणा पुलिस ने राजस्थान रोडवेज़ की पचास से ज़्यादा बसों का
चालान काट दिया है.
इधर, राजस्थान रोडवेज़
की बसों का चालान होने के बाद रविवार को जयपुर में हरियाणा रोडवेज़ की 26 बसों का जयपुर ट्रेफिक पुलिस ने चलान किया है.
दोनों ही राज्यों की पुलिस और रोडवेज़
कर्मियों के आमने-सामने होने का मामला चर्चा में बना हुआ है.
घटना के वायरल हुए वीडियो में साफ़ तौर पर
दिखाई पड़ रहा है कि हरियाणा की महिला पुलिसकर्मी टिकट के पचास रुपये देने से
इनकार कर रही हैं जबकि,
कंडक्टर टिकट के बिना बस से उतर जाने के लिए
बोल रहे हैं.
राजस्थान रोडवेज़ के एमडी पुरुषोत्तम शर्मा ने बीबीसी से कहा, "आज अवकाश होने के कारण इस मामले को लेकर सोमवार को आधिकारियों से बात की जाएगी. इस मामले को लेकर हरियाणा रोडवेज़ के अधिकारियों से भी संपर्क किया जाएगा."
राजस्थान परिवहन निगम संयुक्त कर्मचारी फेडरेशन और भारतीय मजदूर संघ के प्रदेश महामंत्री सत्यनारायण शर्मा ने बीबीसी से कहा, "राजस्थान रोडवेज़ के वाहनों पर हरियाणा पुलिस और परिवहन विभाग द्वारा की जा रही द्वेषता पूर्ण कार्रवाई हरियाणा सरकार को तुरन्त रोक देनी चाहिए. जानबूझकर कार्रवाई करना निंदनीय है."
"हरियाणा सीमा में राजस्थान रोडवेज़ की पचास से ज़्यादा बसों का चालान किया गया है. जयपुर में और कोटपुतली में राजस्थान पुलिस ने हरियाणा रोडवेज़ की 26 बसों का चालान किया है."
सत्यनारायण शर्मा ने कहा, "हरियाणा पुलिस की जिम्मेदार महिला कांस्टेबल का बस में जबरदस्ती से बिना टिकट यात्रा करना गलत है. परिचालक के टिकट बनाने पर हरियाणा पुलिस और हरियाणा परिवहन विभाग की प्रतिरोध स्वरूप की गई कार्रवाई किसी सूरत में बर्दाश्त नहीं की जाएगी."
उन्होंने आगे कहा, "सोमवार को प्रतिनिधि मंडल हरियाणा सरकार के गृह सचिव एवं परिवहन सचिव महोदय से मिलकर इस कार्रवाई को रोकने हेतु ज्ञापन देंगे. फिर भी यदि चालान की कार्रवाई की जाती है तो हमें भी राजस्थान में हरियाणा राज्य की परिवहन बसों के विरुद्ध कार्रवाई करने के लिए राजस्थान पुलिस और परिवहन विभाग पर दबाव बनाने के लिए आंदोलन करना पड़ेगा."