ट्रंप महाभियोगः दूसरे दिन ट्रंप के ट्वीट की सबसे ज़्यादा चर्चा रही

    • Author, एंथनी ज़र्चर
    • पदनाम, उत्तर अमेरिकी संवाददाता, बीबीसी न्यूज़

डोनाल्ड ट्रंप पर दोबारा महाभियोग की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है. ट्रायल के दूसरे दिन यानी बुधवार को सीनेट में एक नया वीडियो सबूत के तौर पर पेश किया गया, जिसमें कैपिटल हिल हमले के दौरान की गई बर्बरता दिखाई गई.

लेकिन डेमोक्रैट्स ने ट्रंप के सीनेट ट्रायल को 6 जनवरी को हुई हिंसा तक ही सीमित नहीं रखा है, बल्कि उनके चुनाव के आस-पास किये गए ट्वीट, भाषण और राष्ट्रपति रहते हुए उनके आचरण पर भी मामला दर्ज किया गया है.

'एक पैटर्न जिसे लगातार अपनाया गया'

महाभियोग प्रबंधक जेमी रस्किन ने कैपिटल हिल हमले के दिन किये गए ट्रंप के शब्दों का ज़िक्र करते हुए उन्हें 'अशांति फैलाने के लिए ज़िम्मेदार' ठहराया.

उन्होंने कहा कि 6 जनवरी को जो कुछ हुआ, ट्रंप उसमें एक 'मासूम दर्शक' तो बिल्कुल नहीं थे, बल्कि वे लोगों को अपने शब्दों से भड़का रहे थे. बीते कुछ महीनों से वे लोगों में हिंसा के बीज बो रहे थे और उन्होंने हिंसा को सराहा है.

ड्रेमोक्रैट नेता ने कहा, ''6 जनवरी को जब संसद पर हमले किये जा रहे थे, तो उन्होंने ट्वीट किया कि 'इस दिन को हमेशा याद रखा जाएगा.' ये ट्वीट दुख प्रकट करने के लिए नहीं, बल्कि उत्सव से भरपूर था.''

ये भी पढ़ें:

रस्किन ने पूर्व राष्ट्रपति ट्रंप पर आरोप लगाया कि वे इस पूरे हमले को टीवी पर रिएलिटी शो की तरह देख रहे थे. ये दिन अमेरिका के इतिहास में काले धब्बे की तरह दर्ज होगा.

उन्होंने कहा कि 'अगर ये सीनेट ट्रंप को दोषी मानकर उन्हें किसी भी तरह के सार्वजनिक पद से दूर नहीं करती, तो हिंसा की ऐसी और घटनाएं सामने आती रहेंगी.'

ट्रंप के चुनावी दावे पर ज़ोरदार हमला

डेमोक्रैट्स चाहते हैं कि सीनेटर्स इस पर निर्णय पारित करें कि क्या राष्ट्रपति अमेरिकी चुनावी प्रक्रियाओं पर उस तरीक़े से सवाल उठा सकते हैं, जैसे डोनाल्ड ट्रंप ने उठाये थे.

संसद के सदस्य वॉकिन कैस्ट्रो ने कहा कि 'ऐसे क़दम लोकतंत्र के लिए ख़तरनाक हैं.'

ये सारे बयान और सबूत ट्रंप की क़ानूनी टीम के लिए एक मुश्किल पैदा कर सकते हैं.

बताया जा रहा है कि ट्रंप की लीगल टीम ने कथित तौर पर पूर्व राष्ट्रपति को सलाह दी है कि उनका सबसे अच्छा बचाव मुक़दमे की संवैधानिकता और उनके बोलने की आज़ादी पर ध्यान केंद्रित करना है, ना कि उन तर्कों को दोहराना जिसके ज़रिए ये दावा किया गया कि चुनाव में गड़बड़ी की गई.

डेमोक्रैट्स अपना पूरा वक़्त ट्रंप के ख़िलाफ़ आरोपों की झड़ी लगाने के लिए इस्तेमाल कर रहे हैं.

ड्रेमोक्रैट्स की ये कोशिश कुछ अन्य रिपब्लिकन नेताओं को भी भारी पड़ सकती है, जिन्होंने ट्रंप के चुनाव में गड़बड़ी के आरोपों को समर्थन किया था.

इसमें मिसूरी के सांसद जॉश हॉले और टेक्सस के सांसद टेड क्रूज़ का नाम शामिल है.

यह संभव है कि डेमोक्रैट्स को महाभियोग के लिए कभी इन सांसदों का साथ ना मिले, लेकिन ये भी तय है कि वे अपने तर्कों से इन रिपब्लिकन नेताओं को परेशानी में डाल सकते हैं.

क्या रिपब्लिकन भी डेमोक्रैट्स के साथ आ सकते हैं?

ट्रायल के दौरान रिपब्लिकन सीनेटर हॉले निश्चित रूप से ऐसा प्रतीत नहीं होने दे रहे थे कि वे असहज महसूस कर रहे हैं.

वे चैम्बर की दूसरी मंज़िल की गैलरी में एक कुर्सी पर आराम से बैठे नज़र आये. वहीं, केंटकी के रैंड पॉल एक नोटपैड पर डूडल बनाते दिखे.

हॉले और पॉल उन 44 रिपब्लिकन सांसदों में से हैं, जिन्होंने ट्रंप के महाभियोग के ख़िलाफ़ वोट किया और तर्क दिया है कि ये ट्रायल असंवैधानिक और नाजायज़ है.

ये रुख़ डैमोक्रेट्स के लिए थोड़ा निराशाजनक है जो ट्रंप के ख़िलाफ़ बेहद सावधानी और सामंजस्यपूर्ण तरीक़े से ये मामला सीनेट तक लाये हैं.

इस पूरी परिस्थिति को अगर खेल के शब्दों में कहें तो डैमोक्रेट्स का खेल काफ़ी अच्छा है और विपक्षी ख़ुद को संभालने के लिए संघर्ष कर रहे हैं. लेकिन जब स्कोरबोर्ड की बात आती है तो डैमोक्रेट्स जीतते हुए नहीं दिखते.

ट्विटर का ट्रायल

इस बीच ट्विटर ने भी साफ़ ऐलान किया है कि वो डोनाल्ड ट्रंप के ट्विटर अकाउंट पर स्थायी प्रतिबंध लगा रहा है और ये फ़ैसला नहीं बदलेगा, भले ही वे 2024 में राष्ट्रपति पद के दावेदार ही क्यों ना बन जायें. पूर्व राष्ट्रपति के ट्वीट उनके महाभियोग ट्रायल के केंद्र में हैं.

महाभियोग प्रबंधक जेमी रस्किन ने एक बार फिर ट्रंप के एक ट्वीट का ज़िक्र किया है, जो उन्होंने कैपिटल हिल हमले पर लिखा था - ''ये वो घटनाएं हैं जो तब होती हैं जब एक बड़ी चुनावी जीत बेखौफ़ और शातिर तरीक़े से देशभक्तों से छीन ली जाती है.''

रस्किन के बयान के बाद कई महाभियोग प्रबंधकों ने अपने तर्कों में एक के बाद एक ट्रंप के कई ट्वीट्स का इस्तेमाल किया.

ये भी एक विडंबना है कि एक हद तक ट्रंप के राजनीतिक उदय में सोशल मीडिया का बड़ा योगदान रहा था.

सोशल मीडिया पर उन्होंने अप्रमाणित प्रामाणिकता स्थापित की और मुख्यधारा के मीडिया के फ़िल्टर्स को पीछे छोड़ते हुए अपनी बात लोगों के बीच पहुंचाई.

अब जब उनके ट्विटर अकाउंट को बंद कर दिया गया है तो उनके ट्वीट को ही उनका राजनीतिक करियर ख़त्म करने के लिए विपक्षी इस्तेमाल कर रहे हैं.

हिंसा की भयावहता को दोबारा लोगों के सामने लाना

6 जनवरी को हुई घटना पर सीनेट में चले घंटों लंबे प्रज़ेंटेशन के बाद, वर्जिन आइलैंड से सांसद स्टेसी ई प्लेस्केट और कैलिफ़ोर्निया से सांसद एरिक स्वालवेल ने मिनट-दर-मिनट कैपिटल हिल की घटना का ब्यौरा लोगों के सामने रखा.

उन्होंने पुलिस रेडियो के ऑडियो और कैपिटल हिल के सिक्योरिटी कैमरा के नये फ़ुटेज भी सदन में दिखाए.

हाउस महाभियोग के प्रबंधकों ने ये भी देखा कि दंगाई अमेरिकी निर्वाचन अधिकारियों के कितने क़रीब पहुँच चुके थे.

वीडियो में ये भी दिखाया गया कि उप-राष्ट्रपति माइक पेंस और उनके परिवार को सीनेट फ़्लोर के पास उनकी सीक्रेट फ़ोर्स ने एक सुरक्षित जगह पहुंचाया.

हिंसा के दौरान सांसद भीड़ से महज़ 58 क़दमों की दूरी पर थे.

स्पीकर नैन्सी पेलोसी को एक कॉन्फ्रेंस रूम मे ले जाया गया ताकि उनकी सुरक्षा की जा सके.

थोड़ी देर में ही भीड़ उस दालान में जा पहुँची जहाँ थोड़ी देर पहले नैन्सी थीं और फिर ये भीड़ दरवाज़े पर चढ़ गई. ये भीड़ नैन्सी पेलोसी को ही ढूंढ रही थी.

(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूबपर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)