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ज़ाकिर नाइक और मलेशियाई राज्य के उपमुख्यमंत्री रामासामी की लड़ाई कोर्ट में
मलेशिया की एक अदालत ने ज़ाकिर नाइक की ओर से दायर किए गए मानहानि के मुक़दमे में बचाव पक्ष को अपना बयान बदलने की इजाज़त दे दी है.
ये जानकारी मलेशिया की न्यूज़ एजेंसी बर्नामा ने दी है.
ज़ाकिर नाइक ने पिछले साल अक्टूबर में मलेशिया के राज्य पेनांग के उपमुख्यमंत्री पी रामासामी पर मानहानि का मुक़दमा दायर किया था.
ज़ाकिर की याचिका में कहा गया है कि रामासामी ने उन्हें बदनाम करने के लिए ग़लत शब्दों का इस्तेमाल किया और चरमपंथी संगठन एलटीटीई से उनके संबंध बताए थे.
याचिका में कहा गया कि रामासामी ने 11 अगस्त 2019 को उनके एक भाषण को तरोड़-मरोड़ कर पेश किया जिसे फ्री मलेशिया टुडे वेब पोर्टल पर छापा गया.
उन्होंने लिखा है कि इसके बाद 20 अगस्त को भी भारत के इंडिया टुडे को दिए इंटरव्यू में रामासामी ने उनकी मानहानि की.
ज़ाकिर ने दिसंबर 2019 में एक और मानहानि का मुक़दमा रामासामी पर दायर कर दिया.
कोर्ट की अगली सुनवाई अगले साल 22 मार्च से शुरू होगी और दोनों पक्षों को एक साथ सुना जाएगा.
लेकिन ये पहला मामला नहीं है जब ज़ाकिर नाइक ने मलेशिया में मानहानि के मुक़दमें दायर किए हैं.
बीबीसी की एक रिपोर्ट के मुताबिक़ ज़ाकिर नाइक और उनके समर्थकों ने कई लोगों पर मानहानि का मुक़दमा किया हुआ है.
इस रिपोर्ट के मुताबिक़ एके अरुण उन तमाम भारतीय मूल के लोगों में से एक हैं जिन पर मानहानि का मुक़दमा चल रहा है.
सोशल मीडिया पर ज़ाकिर नाइक के कट्टर समर्थकों से तर्क-वितर्क करने वाले एके अरुण मानते हैं कि ज़ाकिर नाइक मलेशियाई समाज के बहु-सांस्कृतिक मूल्यों को नष्ट कर रहे हैं.
वो कहते हैं, "ज़ाकिर जो उपदेश देते हैं वो दूसरे धर्मों को अपमानित करते हैं और दानवीकरण करते हैं. ये बात मेरे जैसे लोगों को रास नहीं आती है क्योंकि हम मानवता और सभी नस्लों की समानता के विचार में आस्था रखते हैं."
राष्ट्रीय सुरक्षा को देखते हुए मलेशिया में ज़ाकिर नाइक के सार्वजनिक सभा में भाषण देने पर रोक लगा दी गई थी.
आठ अगस्त को एक भाषण के दौरान उन्होंने मलेशिया में रह रहे हिंदुओं और चीनी समुदाय पर आपत्तिजनक टिप्पणी की थी.
पेनांग स्टेट के उप मुख्यमंत्री वाईबी कुमारसामी ने भी इस रिपोर्ट में कहा था कि उन्हें ज़ाकिर नाइक के इस्लाम के उपदेश देने से कोई समस्या नहीं है. लेकिन उन्हें हिंदू धर्म की आलोचना करने का क्या अधिकार है.
भारत में ज़ाकिर नाइक कई मामलों में वांटेड हैं. उन पर मनी लॉन्ड्रिंग का केस भी चल रहा है. वे तीन साल पहले भारत से भागकर मलेशिया चले गए थे.
भारत सरकार ने उनके प्रत्यर्पण की कोशिशें की लेकिन अब तक सफल नहीं हो सकी है.
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