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इन हज़ारों लोगों को क्यों रास नहीं आ रहा अपना ही मुल्क
हज़ारों की संख्या में प्रवासी ग्वाटेमाला और मेक्सिको की सीमा पर फंसे हुए हैं. बेहतर ज़िंदगी की तलाश में ये प्रवासी होंडुरास से अमरीका जाने की कोशिश में हैं.
इन्हें मेक्सिको पुलिस ने बीच में ही रोक दिया है. शुक्रवार को कुछ प्रवासियों ने पुल पर लगे बैरियर को तोड़ने की कोशिश की और पुलिसवालों पर पत्थर चलाने के भी आरोप हैं.
जवाबी कार्रवाई में पुलिस ने उन पर आंसू गैस के गोले छोड़े हैं.
अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने मामले के बाद होंडुरास की मदद राशि में कटौती करने की धमकी दी है और मेक्सिको को उन्हें रास्ते में रोकने के लिए धन्यवाद कहा है.
अपना देश छोड़ कर जाने वालों में बड़ी संख्या में बच्चे और बूढ़े हैं जिनका कहना है कि वो ग़रीबी और हिंसा से दूर जाना चाहते हैं.
होंडुरास के विपक्ष के नेता जरी डिक्सन ने ट्वीट किया है कि लोग अमरीकी सपने को जीने नहीं, बल्कि होंडुरास के बुरे सपने से दूर जाना चाह रहे हैं.
देखिए प्रवासियों के संघर्ष की कुछ ख़ास तस्वीरें-
इस शनिवार को कई प्रवासियों ने सीमा पर स्थित पुल पर बनी लंबी रेखा को तोड़कर मेक्सिको के अधिकारियों से शरण मांगी है.
ये लोग ग्वाटेमाला और मेक्सिको को बाँटने वाली सूचीआते नदी को पार करने लगे. ये नदी ही दोनों देशों को बांटती है.
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अमरीकी राष्ट्रपति डोनल्ड ट्रंप ने कहा है कि अगर भीड़ नहीं मानी तो वो मेक्सिको के साथ मिलकर सैनिकों की मदद से सीमा बंद कर देंगे.
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सबसे ज़्यादा चुनौती बच्चों को सुरक्षित रखने की है. प्रवासियों के साथ वो भी भूख-प्यास झेल रहे हैं.
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