You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
नेपाल चुनाव: पहले दौर में 65 प्रतिशत से अधिक मतदान
नेपाल में चुनाव आयोग का कहना है कि संसदीय और प्रांतीय चुनाव के पहले चरण में रविवार को 65 प्रतिशत से अधिक मतदान हुआ है.
चुनाव आयोग का कहना है कि लगभग 4500 केंद्रों पर मतदान कमोबेश शांतिपूर्ण रहा, सिर्फ दो केंद्रों पर कुछ गड़बड़ी हुई जहां दोबारा मतदान कराया जाएगा.
मुख्य चुनाव आयुक्त एपी यादव ने संवाददाताओं से कहा, ''आपको यह बताने में हमें प्रसन्नता हो रही है कि 32 ज़िलों में पहले चरण के मतदान में हमें ऐतिहासिक सफलता मिली है. अधिकतर मतदान शांतिपूर्ण रहा.''
उन्होंने कहा कि चुनाव आयोग अब 7 दिसंबर को 45 ज़िलों में होने वाले दूसरे चरण के मतदान पर ध्यान केंद्रित करेगा.
नेपाल में दो चरणों में हो रहे चुनाव में संघीय संसद की 275 सीटों और सात प्रांतीय सभाओं के लिए 550 सदस्यों को चुना जाना है.
यह पहला मौका है जब नेपाल के लोग नए संविधान के मुताबिक अपना प्रधानमंत्री और प्रांतीय सभाओं के लिए सदस्य सीधे चुनाव के ज़रिए चुन रहे हैं.
कड़ी चुनौती
इस चुनाव में मुख्य मुकाबला वाम मोर्चा और नेपाली कांग्रेस के बीच है.
वाम मोर्च में सीपीएन यूएमएल और प्रचंड के नेतृत्व वाले पूर्व माओवादी शामिल हैं.
नेपाल में चुनाव प्रचार के दौरान भारत के साथ संबंधों पर भी थोड़ी बहुत चर्चा होती रही है.
वाम मोर्चा का कहना रहा है कि नेपाल में भूकंप के बाद, तराई में संविधान को लेकर विवाद हुआ, मधेसी राजनीतिक दल आगे आए और उन्होंने भारत-नेपाल सीमा पर अवरोध खड़े किए, भारत ने उसका समर्थन किया, वो अच्छा नहीं था.
वाम मोर्चा का कहना है कि इस घटनाक्रम के मद्देनज़र वो भारत से नए सिरे से संबंध बनाना चाहते हैं.
जानकारों का मानना है कि वाम मोर्चा, नेपाली कांग्रेस को कड़ी चुनौती दे रही है.
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक और ट्विटर पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)