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कोरोना वायरस: राजधानी दिल्ली में 68 साल की महिला की मौत
कोरोना वायरस के कारण देश में दूसरी मौत 13 मार्च को राजधानी दिल्ली के पश्चिमी हिस्से में हुई है.
समाचार एजेंसी पीटीआई ने दिल्ली सरकार और स्वास्थ्य मंत्रालय के हवाले से जानकारी दी है कि मृतक महिला को कोरोना वायरस कोविड 19 संक्रमण था.
दिल्ली ने आरएमएल अस्पताल के मेडिकल सुपरिंटेंडेंट ने महिला की कोविड 19 संक्रमण और दूसरी स्वास्थ्य समस्याओं के कारण महिला की मौत होने की पुष्टि की है.
केंद्र सरकार की तरफ से जारी एक बयान में कहा गया है कि कोरोना वारस के साथ-साथ 68 साल की ये महिला पहले से डायबीटीज़ और हाइपरटेन्शन जैसी स्वास्थ्य समस्याओं से जूझ रही थीं.
सरकार का कहना है कि इन महिला के बेटे 5 फरवरी से 22 फरवरी तक विदेश में थे और 23 फरवरी को स्विट्ज़रलैंड और इटली से होते हुए भारत वापिस आए हैं.
जिस दिन वो भारत लौटे उस दिन वो स्वस्थ्य थे, एक दिन बाद उनमें बुख़ार और खांसी के लक्षण दिखने लगे. उन्हें 7 मार्च को दिल्ली के राम मनोहर लोहिया अस्पताल में भर्ती कराया गया.
नियमों के अनुसार उनके संक्रमित पाए जाने के बाद कोरोना वायरस के लिए उनके परिवार के सभी सदस्यों की भी प्रारंभिक जांच हुई. 8 मार्च को जांच के लिए मृतक महिला के नमूने इकट्ठा किए गए और उनका टेस्ट प़ज़िटिव पाया गया.
9 मार्च को महिला में निमोनिया के लक्षण दिखने लगे और उन्हें सांस लेने में भी तकलीफ हो रही थी. इसके बाद उन्हें आरएमएल के इंटेन्सिव केयर युनिट में शिफ्ट किया गया.
यहां 13 मार्च को उनकी मौत हो गई
दिल्ली सरकार और स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार महिला के संपर्क में आए सभी लोगों की जांच की जा रही है और कुछ दिनों के लिए दूसरों से अलग कर रखा गया है.
कहां और कैसे हुई पहली मौत?
कोरोना वायरस के कारण देश में पहली मौत 10 मार्च को कर्नाटक के कलबुर्गी में हुई थी.
ये व्यक्ति 76 साल के थे और कुछ दिन पहले ही सऊदी अरब से भारत लौटे थे.
केंद्र सरकार द्वारा जारी एक बयान के अनुसार सऊदी अरब से लौटने के बाद सांस लेने में परेशानी, खांसी और निमोनिया की शिकायत हुई जिसके बाद पहले घर पर ही उनका इलाज हुआ जिसके बाद उन्हें निजी अस्पताल में भर्ती करया गया था.
10 मार्च को कलबुर्गी के गुलबर्ग इंस्टीट्यूट ऑफ़ मेडिकल साइंसेस एंड हॉस्पिटल (जीआईएमएस) में भर्ती कराने के लिए लाते वक्त रास्ते में उनकी मौत हो गई थी. मौत के बारे में जानकारी 12 मार्च को साझा की गई थी.
कर्नाटक में स्वास्थ्य अधिकारियों का कहना है कि स्पष्ट तौर पर से नहीं कहा जा सकता कि ये मौत कोविड 19 के कारण हुई है क्योंकि जिनकी मौत हुई उन्हें स्वास्थ्य संबंधी कई दूसरी समस्याएं भी थीं.
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