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क्या ज़मीन के नीचे होगा इंसानों का भविष्य- दुनिया जहान
आज दुनिया की आठ अरब की आबादी का आधे से थोड़ा अधिक हिस्सा शहरों में रहता है. संयुक्त राष्ट्र का अनुमान है कि आने वाले 25 सालों में शहरों में बसने वालों की आबादी बढ़कर दो तिहाई हो जाएगी. यानि 2050 तक हर दस में से सात लोग शहरी क्षेत्रों में रह रहे होंगे. यह वृद्धि सबसे अधिक एशिया और अफ़्रीका में होगी जहां जनसंख्या वृद्धि और आर्थिक विकास अधिक तेज़ी से हो रहा है. शहरों में भीड़ बढ़ जाएगी और जलवायु परिवर्तन के कारण बढ़ती गर्मी को बर्दाश्त करना मुश्किल और महंगा हो जाएगा.
इससे इमारतों को ठंडा रखने के लिए ऊर्जा की खपत बढ़ेगी और साथ ही कार्बन उत्सर्जन भी बढ़ेगा. मगर एक उपाय हो सकता है. और वह यह है कि शहरों का विस्तार ज़मीन के ऊपर या इर्द-गिर्द करने के बजाय ज़मीन के नीचे किया जाए. इस हफ़्ते हम दुनिया जहान में यही जानने की कोशिश करेंगे कि क्या हमारा भविष्य अंडरग्राउंड या भूमिगत होगा?
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