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साहित्य अकादमी अवॉर्ड जीतने वाली पार्वती तिर्की कविताओं से बचा रहीं अपनी संस्कृति
साहित्य अकादमी अवॉर्ड जीतने वाली पार्वती तिर्की कविताओं से बचा रहीं अपनी संस्कृति
झारखंड की कुरुख जनजाति से आने वाली 31 साल की पार्वती तिर्की को 2025 का साहित्य अकादमी युवा पुरस्कार (हिन्दी के लिए) मिला है.
उन्हें ये पुरस्कार अपने कविता संग्रह "फिर उगना" के लिए दिया गया.
पार्वती ने बीबीसी को अपनी और अपनी कविताओं की कहानियां सुनाईं.
साथ ही अपने समुदाय और संस्कृति पर भी बात की, जिन्हें वो अपनी कविताओं से संरक्षित कर रही हैं. देखिए बीबीसी संवाददाता अंतरिक्ष जैन के साथ उनकी ये ख़ास बातचीत.
बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित