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पुराने ज़माने में जंग से जुड़ी ख़बरें लोगों तक कैसे पहुंचती थी
पुराने ज़माने में जंग से जुड़ी ख़बरें लोगों तक कैसे पहुंचती थी
भारत और पाकिस्तान में कई दिनों तक चले संघर्ष के बाद शनिवार शाम को संघर्षविराम की घोषणा हो गई.
वैसे जब तक ये संघर्ष चला तब तक दोनों ही देशों की मीडिया ने भी जमकर अपने-अपने लिहाज़ से ख़बरों की बमबारी की.
इनमें कई दफ़ा फेक न्यूज़ के आरोप भी लगे. ऐसे में जानना दिलचस्प है कि पुराने वक़्त में जब मीडिया इतना ज़्यादा फैला हुआ नहीं था तब जंग से जुड़ी ख़बरें लोगों तक किस तरह पहुंचते थे.
इसी पर ख़ास टिप्पणी कर रहे हैं पाकिस्तान के वरिष्ठ पत्रकार वुसतुल्लाह ख़ान.
वीडियो एडिटिंगः सदफ़ ख़ान
बीबीसी के लिए कलेक्टिव न्यूज़रूम की ओर से प्रकाशित