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'चयनकर्ताओं से भी पूछताछ हो सकती है'
भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड यानी बीसीसीआई ने कहा है कि अभिजित काले के मामले में चयनकर्ताओं से भी पूछताछ की जा सकती है. बोर्ड के सचिव एसके नायर ने कहा कि क्रिकेटर अभिजीत काले के चयनकर्ताओं किरन मोरे और प्रणव रॉय को रिश्वत देने की पेशकश के मामले में निष्पक्ष जाँच होगी. उन्होंने कहा कि इस मामले की जाँच के लिए बैठाई गई समिति के प्रमुख डीवी सुब्बाराव इस मामले में ज़रूरत पड़ने पर चयनकर्ताओं से भी पूछताछ कर सकते हैं. ग़ौरतलब है कि इससे पहले महाराष्ट्र क्रिकेट एसोसिएसन ने भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड से इस बात की माँग की थी कि पहले अभिजीत काले पर लगे आरोपों की प्रामाणिकता जाँच ली जाए.
इस जाँच की रिपोर्ट आने तक अभिजीत काले पर प्रतिबंध के बारे में पूछे गए सवाल के जवाब में उन्होंने कहा कि ऐसे मामलों के लिए नियम-क़ानून बने हुए हैं. उन्होंने कहा,"नियम के अनुसार हमने जाँच समिति का गठन कर लिया है और उनकी रिपोर्ट आते ही मामले को अनुशासन समिति के सुपूर्द कर दिया जाएगा. ज़रुरी कानूनी सलाह के बाद ही इस निर्णय तक पहुँचा गया कि इस मामले में काले को रिपोर्ट आने तक हर मैच से बाहर रखा जाएगा." महाराष्ट्र के मध्यक्रम के बल्लेबाज अभिजीत काले पर आरोप है कि उन्होंने दो राष्ट्रीय चयनकर्ताओं को 10-10 लाख रुपए रिश्वत देने की पेशकश की थी. इस मामले की जाँच कर रही समिति के प्रमुख सुब्बा राव को अपनी रिपोर्ट अगले 15 दिनों के भीतर देने को कहा गया है. |
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