...तो मुझे कोई आईपीएल नीलामी में नहीं ख़रीदेगा: महेंद्र सिंह धोनी

    • Author, आदेश कुमार गुप्त
    • पदनाम, बीबीसी हिंदीडॉटकॉम के लिए

आईपीएल-12 में मंगलवार को भी केवल एक मुक़ाबला खेला गया.

इस मुक़ाबले में पिछली चैंपियन चेन्नई सुपर किंग्स ने शेन वॉटसन के शानदार 96 रन की मदद से सनराइजर्स हैदराबाद को छह विकेट से हरा दिया.

चेन्नई के सामने जीत के लिए 176 रनों का लक्ष्य था जो उसने 19.5 ओवर में चार विकेट खोकर हासिल कर लिया.

लेकिन इस मैच के बाद ज़्यादा चर्चा हो रही है चेन्नई के कप्तान महेंद्र सिंह धोनी के एक बयान की.

मैच में जीत के बाद हर्षा भोगले ने उनसे पूछा कि वह बार-बार चेन्नई को फ़ाइनल में कैसे पहुंचा देते हैं, इसका राज़ क्या है.

जवाब में पूर्व भारतीय कप्तान ने कहा, "अगर मैं ये सबको बता दूंगा तो वो (चेन्नई) मुझे नीलामी में नहीं ख़रीदेंगे. ये एक ट्रेड सीक्रेट है. हां बिल्कुल, लोगों और फ्रैंचाइज़ी का समर्थन भी अहम है."

उन्होंने कहा, "सपोर्ट स्टाफ़ को भी बड़ा श्रेय जाता है जो टीम का माहौल अच्छा रखने में बड़ी भूमिका निभाते हैं. इसके अलावा मैं कोई ख़ुलासा नहीं कर सकता, कम से कम जब तक मैं रिटायर नहीं होता."

मैच में चला वॉटसन का जादू

इससे पहले सनराइजर्स हैदराबाद ने टॉस हारकर पहले बल्लेबाज़ी की दावत पाकर निर्धारित 20 ओवर में मनीष पांडेय के नाबाद 83 और डेविड वार्नर के 57 रनों की मदद से तीन विकेट खोकर 175 रन बनाए.

मैच समाप्त होने के बाद हैदराबाद के कप्तान भुवनेश्वर कुमार ने अपने गेंदबाज़ो का बचाव करते हुए खुले दिल से माना कि शेन वॉटसन ने जिस तरह से तेज़-तर्रार बल्लेबाज़ी की उन्हें रोकना मुश्किल था.

सबसे बड़ी बात इस जीत के साथ ही चेन्नई ने आईपीएल में अपनी आठवीं जीत के साथ 16 अंक का जादूई आंकड़ा भी हासिल कर लिया.

इसके दम पर वह इस आईपीएल में प्लेऑफ़ यानि अंतिम चार में पहुंचने वाली सबसे पहली टीम भी बन गई है.

चेन्नई ने अभी तक 11 मैचों में से आठ मैच जीते हैं और केवल तीन में उसे हार का सामना करना पड़ा है.

इस जीत के साथ ही चेन्नई पिछले दो मैच में मिली हार के दबाव से भी निकल गई.

चेन्नई को हैदराबाद के ख़िलाफ़ जीत दिलाने वाले शेन वॉटसन के बल्ले का जादू और क़हर बहुत दिनों बाद देखने को मिला.

वैसे मैन ऑफ़ द मैच रहे शेन वॉटसन ने बाद में माना कि बिग बैश लीग में खेलने का फ़ायदा उन्हे इस आईपीएल में मिला.

शेन वॉटसन ने हैदराबाद के ख़िलाफ़ ना सिर्फ 53 गेंदों पर नौ चौके और छह छक्कों की मदद से 96 रन बनाए बल्कि इस दौरान उन्होंने अपने दमदार शॉट्स से सबका दिल भी जीत लिया.

शुरूआत में थोड़ा धीमा खेलने के बाद शेन वॉटसन ने ऐसी रफ़्तार पकड़ी कि हैदराबाद के गेंदबाज़ो के लिए उन्हें रोकना टेड़ी खीर हो गया.

शेन वॉटसन इस कदर फॉर्म में थे कि उनके कट, पुल, हुक, ड्राइव और स्वीप का कोई जवाब नही था.

उनके दनदनाते शॉट फील्डर्स के बीच से जा रहे थे तो छक्के सीधे स्टैंड में या बाउंड्री लाइन के काफी बाहर, यानि कैच होने का कोई खतरा नही.

शेन वॉटसन ने हैदराबाद के खलील अहमद और राशिद खान को अपने बल्ले का ख़ूब शिकार बनाया.

इनकी गेंदों पर लगे चौके छक्कों ने इन्हें लय में ही नही आने दिया.

वैसे वॉटसन को सुरेश रैना का भी अच्छा साथ मिला.

सुरेश रैना ने 24 गेंदों पर छह चौके और एक छक्के की मदद से 38 रन बनाए.

सुरेश रैना ने संदीप शर्मा के एक ओवर में तो चार चौके और एक छक्का भी लगाया.

यह चेन्नई की पारी का छठा ओवर था.

इससे पहले चेन्नई का स्कोर पांच ओवर में एक विकेट खोकर 27 रन था.

इसके बाद छठे ओवर में चेन्नई का स्कोर एक विकेट खोकर 49 रन हो गया.

इस ओवर को मैच का टर्निंग पोइंट कहा जा सकता है क्योंकि इसके बाद चेन्नई कभी भी दबाव में नही दिखी.

हालांकि चेन्नई की शुरूआत अच्छी नही हुई क्योंकि सलामी बल्लेबाज़ फॉफ डू प्लेसी केवल एक रन बनाकर आउट हो गए.

तीन रन पर पहला विकेट खोने के बाद वॉटसन ने नए बल्लेबाज़ सुरेश रैना के साथ तीसरे विकेट के लिए 77 रनों की साझेदारी की.

बाकि का बचा हुआ काम अंबाती रायडू ने 21 और केदार जाधव ने नाबाद 11 रन बनाकर पूरा किया.

हैदराबाद के संदीप शर्मा सबसे महंगे गेंदबाज़ साबित हुए.

उन्होने 3.4 ओवर में 54 रन देकर एक विकेट हासिल किया.

उनके अलावा स्पिनर राशिद खान ने भी चार ओवर में 44 रन खर्च किए . उन्हे एक विकेट ही मिल सका.

इससे पहले जब हैदराबाद की टीम टॉस हारकर बल्लेबाज़ी करने मैदान में उतरी तो चेन्नई को सबसे बड़ी कामयाबी तब मिली जब अनुभवी स्पिनर हरभजन सिंह ने शानदार फॉर्म में चल रहे जॉनी बेयरस्टो को विकेटकीपर धोनी के हाथों कैच कराया.

बेयरस्टो का खाता तक नही खुला.

पांच रन पर पहला विकेट खोने के बाद डेविड वार्नर और मनीष पांडेय ने दूसरे विकेट के लिए 115 रन जोड़े.

डेविड वार्नर ने 45 गेंदों पर तीन चौके और दो छक्कों के सहारे 57 रन बनाए.

यह वार्नर का आईपीएल में लगातार छठा अर्धशतक रहा.

वार्नर भी हरभजन सिंह का शिकार बने.

उनकी गेंद पर ड्राइव करने की कोशिश में वार्नर चूक गए और विकेट के पीछे मुस्तैद धोनी ने पलक झपकते ही वेल्स उड़ा दिए.

इसके बाद तो मनीष पांड्ये ने अकेले दम पर चेन्नई के गेंदबाज़ो का डटकर सामना किया.

आखिरकार वह 49 गेंदों पर सात चौके और तीन छक्कों की मदद से 83 रन बनाकर नाबाद रहे.

जो भी हो हैदराबाद का चार विकेट पर 176 रन का स्कोर धोनी की कप्तानी वाली चेन्नई को जीत से नही रोक सका.

चेन्नई की जीत के हीरो रहे शेन वॉटसन ने सोमवार को अपनी धुंआधार पारी से कप्तान धोनी को भी राहत दी क्योंकि वह पिछले कुछ मैचों में बेहद कम रन बनाकर आउट हो रहे थे.

मैच समाप्त होने के बाद चेन्नई के स्पिनर हरभजन सिंह ने कहा कि शेन वॉटसन अभी भी उनकी टीम के लिए बेहद महत्वपूर्ण है.

उन्होंने पिछली बार आईपीएल का फाइनल अपने ही दम पर शतक बनाकर जीता दिया था.

वहीं कप्तान धोनी ने भी कहा कि वॉटसन हमारे मैच जीताऊ खिलाड़ी है. ऐसे में अगर वह कुछ मैचों में ना भी चले तो भी उन्हें मौक़े और समर्थन दिया जाता है.

और इसके बाद धोनी ने एक बहुत मज़ेदार बात कही.

उन्होंने कहा कि चेन्नई की कामयाबी में खिलाड़ियों को खरीदने का ट्रेड सीक्रेट तो है ही साथ ही स्पोर्ट स्टॉफ का भी बड़ा योगदान है जो नाकाम खिलाड़ियो के मूड को ड्रैसिंग रूम में ठीक रखता है लेकिन और भी राज़ है जिन्हें मैं रिटायर होने से पहले नही बताउंगा.

जो भी हो पिछले मैच में ख़ुद धोनी ने शानदार पारी खेलकर अपने आलोचकों तक से कहलवा दिया कि वह 10 साल पीछे चले गए है और इसी साल जून में 17 तारीख को 38 साल के होने जा रहे शेन वॉटसन भी ने मंगलवार को दिखा दिया कि खरबूजे को देखकर खरबूजा रंग बदल रहा है.

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