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नाइयों ने दाढ़ी बनाने से इनकार किया
पाकिस्तान के सूबा सरहद के नाइयों ने लोगों की दाढ़ी बनाने से मना कर दिया है. उनका कहना है कि ये ग़ैर-इस्लामिक है. सूबा सरहद के बिशाम इलाक़े के सभी नाइयों ने अपनी अपनी दुकानों पर अपने ग्राहकों के लिए ये सूचना टाँग दी है कि वे उनसे दाढ़ी बनाने को न कहें. नाइयों ने ये निर्णय भी लिया है कि यदि उनमें से किसी ने इस नियम को तोड़ा तो उसे बीस हज़ार रुपए ज़ुर्माने के तौर पर भरने होंगे. साथ ही उसकी दुकान को हमेशा के लिए बंद कर दिया जाएगा. बाद में इस फ़ैसले को स्थानीय मस्जिद में चल रही एक बैठक तक पहुँचा दिया गया. नाइयों के इस फैसले ने वहाँ के लोगों के बीच एक विवाद खड़ा कर दिया है. इस मामले में लोगों से मिली जुली प्रतिक्रियाएँ आ रही हैं. पहाड़ों में बसा ये शहर प्रतिबंधित इस्लामिक चरमपंथी संगठन तहरीक निफाज़े शरियत मोहम्मदी के गहरे प्रभाव में है. पाकिस्तान के राष्ट्रपति परवेज़ मुशर्रफ़ ने इस संगठन पर पिछले साल फरवरी ने प्रतिबंध लगा दिया था. उसके बावजूद इस संगठन के लोग आम जनता में जाकर अपने प्रभाव बढ़ाने का काम करते रहे हैं. शायद यही कारण है कि इस इलाक़े में पिछले साल हुए आम चुनावों में इस्लामिक पार्टियों की जीत हुई थी. |
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