|
| |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
वीएचपी कार्यकर्ताओं को रोकने की तैयारी
उत्तर प्रदेश के अधिकारियों का कहना है कि वे विश्व हिंदू परिषद की अगले सप्ताह अयोध्या में रैली को देखते हुए कार्यकर्ताओं को रोकने के इंतज़ाम कर रहे हैं. फ़ैजाबाद के ज़िलाधिकारी ने बीबीसी को बताया कि अतिरिक्त सुरक्षाबल तैनात किए गए हैं. साथ ही विश्व हिंदू परिषद कार्यकर्ताओं को अयोध्या लानेवाली संभावित ट्रेनों के रास्ते बदल देने को कहा गया है. दूसरी ओर शनिवार को अयोध्या में रैली आयोजित करने की कोशिश कर रहे कट्टरपंथी हिंदू संगठन शिव सेना के लगभग 1500 लोगों को गिरफ़्तार कर लिया गया था. उत्तर प्रदेश हाई कोर्ट ने विवादित स्थल के आसपास भीड़ जमा होने पर पाबंदी लगा रखी है. घोषणा इसके पहले विश्व हिंदू परिषद ने कहा था कि उसके समर्थक अयोध्या में एक विवादित स्थल पर मंदिर बनाने की माँग के साथ अगले महीने अयोध्या में जमा होंगे. विश्व हिंदू परिषद ने घोषणा की थी कि सरकार या तो 15 अक्तूबर तक एक क़ानून बना कर विवादित स्थल रामजन्मभूमि न्यास को सौंप दे या फिर उनके समर्थक आंदोलन तेज़ करने पर मजबूर हो जाएँगे. वीएचपी ने इसके लिए संसद का विशेष सत्र बुलाए जाने की ज़रूरत बताई थी. भारतीय जनता पार्टी भी घोषणा कर चुकी है कि यदि राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ (आरएसएस) से जुड़े संगठन अयोध्या में राम मंदिर के निर्माण के लिए आंदोलन करते हैं तो उसे कोई आपत्ति नहीं है. |
| |||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||