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राजनीतिक अशांति जनजीवन सामान्य | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
हवाई अड्डे से बाहर मुझे लगा था कि माओवादियों के डर से शहर में जीवन थम सा गया होगा. पर जब मैं बाहर निकली तो टैक्सी वाले, निजी गाड़ियों के चालक सभी आपको लुभाने में लगे थे क्योंकि शायद उनको कीमतें बढ़ाने का मौका मिल गया था. टैक्सी वाला मुझे रास्ते भर हिंदी गाने तो सुनाता ही रहा साथ में अपने राजनेताओं को खरी खोटियां भी. यही सुनते सुनते होटल पहुंची. यहां भी पर्यटकों की आवाजाही काफी थी. चाहे सबकुछ ठीक न हो, जीवन अपनी रफ्तार पर ही चलता है. काठमांडू की सड़कों पर ट्रैफिक की भीड़भाड़ और प्रदूषण सबकुछ है. साथ ही सड़कों पर स्कूली छात्र भी खड़े हैं जो आपसे सीट बेल्ट बांधने के लिए कहते हैं, यातायात नियमों का पालन करने को कहते हैं. छोटे व्यापारी भी अपनी रोजी रोटी कमाने लगे हैं. हालांकि देश के अस्थिर हालात की मार सबसे पहले उन्हें ही झेलनी पड़ती है. लोगों का गुस्सा सरकार पर है जो कुछ कर पाने में सक्षम नहीं दिखती तो कुछ नाराज़गी पड़ोसी भारत से भी है. लेकिन पर्यटक के रुप में यहां आने वाले भारतीयों का स्वागत भी अच्छा खासा होता है. क्यों न हो, देश की अर्थव्यवस्था में पर्यटन का बड़ा योगदान रहता है. यही कारण है कि नेपाली भोजन के कई रेस्तरां आपको मिल जाएंगे जहां आप पारंपरिक नेपाली व्यंजनों का स्वाद ले सकते हैं. साथ ही लोककलाओं का भी आनंद लिया जा सकता है.
लेकिन अगर आपने यहां के पब नहीं देखे तो आपकी नेपाल यात्रा पूरी नहीं समझी जाएगी. यहां के एक मशहूर देसी ठेके में मुझे चावल की बीयर चखाई गई. स्वाद कुछ अजीब सा था पर लोग इसके साथ चटपटे खाने का खूब आनंद लेते हैं. इस बीयर की लोकप्रियता का अंदाजा आपको इस बात से लग जाएगा कि यह दुकान प्रतिदिन दस हज़ार बोतलों की बिक्री करता है. दुकान मालिक के बच्चे अमरीका में हैं और अपने पिता को अमरीका आकर रहने को कहते हैं लेकिन वो अमरीका जाने को तैयार नहीं. देसी ठेका देख लिया था तो सोचा क्यों न एक चक्कर यहां के कैबरे यानि डांस क्लब का भी लगा ही लिया जाए जहां आपको मदहोश करने और ज़ेबें हल्की करने का पूरा इंतज़ाम रहता है. ज़ेब तेज़ी से खाली हो रही हों तो पत्तों में अपनी किस्मत आज़मा सकते हैं. अपना हाथ दिखा कर अपनी भविष्यवाणी भी जान सकते हैं. ज्योतिषी यहां खूब भविष्यवाणियां करते हैं लेकिन दुख इसी बात का है कि देश की स्थिति में सुधार की भविष्यवाणी ज्योतिष नही करते. |
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