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सर्दी से हज़ारों के मरने की आशंका
ब्रिटेन में कड़ाके की सर्दी शुरू हो चुकी है जिसका असर दिखाई देने लगा है. ब्रिटेन में एक शोध रिपोर्ट जारी की गई है जिसमें कहा गया है कि देश में इस सप्ताह ठंड से क़रीब ढाई हज़ार लोगों की मौत की आशंका है. ब्रिटेन के स्वास्थ्य विभाग और मौसम विभाग से जारी इस रिपोर्ट में कहा गया है कि अधिकतर मौतें बहुत अधिक ठंड की वजह से छाती में दर्द या फिर ख़ून के जमने से हो सकती हैं. इस रिपोर्ट के लेखकों का कहना है कि इस तरह की 'ग़ैरज़रूरी' मौतों से ब्रिटेन की स्वास्थ्य व्यवस्था (एनएचएस) पर दबाव बढ़ता है.
ख़बर है कि क्रिसमस तक ब्रिटेन में ठंड से मरने वालों में यहां के बुज़ुर्गों की संख्या अधिक होने की आशंका है. स्वास्थ्य विभाग की अध्यक्ष सिआन ग्रिफ़िथ्स का कहना है, "इनमें से बहुत सी मौतों को टाला जा सकता है. अधिकतर मौतें बहुत अधिक ठंडे और गीले घरों में रहने से होती हैं." उनका कहना था कि इस साल सर्दी के मौसम में ब्रिटेन में पचास हज़ार के आस-पास लोग मारे जा सकते हैं. 'हेल्प द एज्ड' नामक संस्था के एक प्रवक्ता का कहना है, "पिछले साल ब्रिटेन में क़रीब बीस हज़ार पेंशन पाने वाले वृद्धों की मौत ठंड से हो गई थी." इस संस्था की माँग है कि सरकार को हर पेंशनधारी को घरों को गर्म रखने के लिए अत्याधुनिक उपकरणों की मुफ़्त सुविधा देनी चाहिए. दूसरी तरफ़ ब्रिटेन के रोज़गार और पेंशन विभाग का कहना है कि अब ठंड से होने वाली मौतें 1997 की तुलना में काफ़ी कम होती हैं. साथ ही पेंशन विभाग ने घोषणा की कि इस महीने क़रीब एक करोड़ दस लाख लोगों को अपने घरों को गर्म रखने वाले इंधनों पर ख़र्च के लिए राशि दी जाएगी जो 200 पाउंड प्रतिव्यक्ति होगी. |
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