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अमरीका में विदेशी नागरिकों को ढील
अमरीका ने अपना वह विवादास्पद कार्यक्रम वापस ले लिया है जिसके तहत वहाँ आने वाले हज़ारों विदेशी नागरिकों को ख़ुद को रजिस्टर्ड कराना पड़ता था. गृह सुरक्षा मंत्रालय का कहना है कि अब 25 देशों के नागरिकों को आने के तीस दिन बाद और फिर एक साल बाद ख़ुद को रजिस्टर्ड नहीं कराना पड़ेगा. लेकिन इन लोगों को, जिनमें से अधिकतर मध्यपूर्व के हैं, आने के बाद उंगलियों की छाप देनी होगी और उनकी तस्वीरें खींची जाएँगी. इस नीति के आलोचकों का कहना है कि यह मुसलमानों के ख़िलाफ़ भेदभाव करती है. मंत्रालय में सीमा और परिवहन सुरक्षा के उपमंत्री आसा हचिंसन का कहना है कि पुराने नियम मंगलवार से सरकारी तौर पर ख़त्म हो जाएँगे.
लेकिन 25 देशों के सोलह साल से ज़्यादा उम्र के पुरुषों को अब भी सीमा पर जाँच का सामना करना पड़ेगा. ये नियम न्यूयॉर्क और वॉशिंगटन में ग्यारह सितंबर के हमलों के बाद 2002 में लागू किए गए थे. उस समय न्याय मंत्रालय ने कहा था कि इसके लिए जिन देशों का चयन हुआ है वे ऐसी जगहें हैं जहाँ अल क़ायदा तंत्र सक्रिय है या उनकी वजह से कुछ और तरह की सुरक्षा चिंताएँ हैं. ये नियम मध्यपूर्व और पूर्वी अफ़्रीका के देशों के अलावा पाँच एशियाई देशों-पाकिस्तान, बांग्लादेश, अफ़ग़ानिस्तान, इंडोनेशिया और उत्तर कोरिया के 80 हज़ार नागरिकों पर लागू हो रहे थे. |
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