ग़ज़ाः ग्राउंड अटैक में मरने वाले इसराइली सैनिकों की संख्या बढ़कर 15 हुई, अब तक का अपडेट
मंगलवार को ग़ज़ा में चलाए गए ज़मीनी अभियान में मरने वाले इसराइली सैनिकों की संख्या बढ़कर 15 हो गई है. इससे पहले सेना ने 11 सैनिकों के मारे जाने की बात कही थी.
इसराइल के पीएम नेतन्याहू ने कहा, "हम मुश्किल जंग लड़ रहे हैं. ये एक लंबी लड़ाई है. हम इसमें अहम कामयाबी मिली है लेकिन दर्द देने वाली क्षति भी हुई है."
रफ़ाह क्रॉसिंगः सात अक्टूबर को संघर्ष शुरू होने के बाद पहली बार रफ़ाह क्रॉसिंग को आम नागरिकों के लिए खोला गया है. बुधवार को 88 घायलों और 500 विदेशी नागरिकों को ग़ज़ा से मिस्र जाने की इजाज़त दी गई है.
ख़बर लिखे जाने तक ग़ज़ा से 320 विदेशी नागरिक रफ़ाह क्रॉसिंग से मिस्र में प्रवेश कर चुके हैं जबकि 76 घायलों को लेकर एंबुलेस गाड़ियां भी मिस्र में दाखिल हो गई हैं.
मिस्र में फ़ील्ड हॉस्पिटलःरफ़ाह क्रॉसिंग से मिस्र में 10 किलोमीटर दूर पर एक फ़ील्ड अस्पताल बनकर तैयार हो चुका है. बताया जा रहा है कि घायल फ़लस्तीनियों को यहीं इलाज के लिए लाया जाएगा.
जबालिया शरणार्थी कैंपःबुधवार को जबालिया शरणार्थी कैंप में दूसरा धमाका हुआ है. मंगलवार को उत्तरी ग़ज़ा के सबसे बड़े शरणार्थी कैंप जबालिया में इसराइली बमबारी के बाद वहां एक भीषण विस्फोट हुआ, जिसमें 120 लोगों की मौत हुई जिसमें अधिकांश महिलाएं और बच्चे हैं. इसराइल का कहना है कि जंग की शुरुआत के बाद से उन्होंने ग़ज़ा पर 11 हज़ार हमले किए हैं.
बीबीसी की रेडियो सेवाःबीबीसी वर्ल्ड सर्विस ग़ज़ा के लिए एक इमरजेंसी रेडियो सेवा शुरू करने जा रहा है जिसका प्रसारण मीडिया वेव पर किया जाएगा. इस इमरजेंसी सर्विस का नाम होगा ग़ज़ा डेली जिसमें रोज़ाना ग़ज़ा के लोगों को ख़बरों के अलावा सुरक्षा, शेल्टर, खाने और पानी की आपूर्ति के बारे में जानकारी दी जाएगी.