अब अधीर रंजन चौधरी ने किया दावा, स्मृति इरानी ने राष्ट्रपति की गरिमा को ठेस पहुंचाया
कांग्रेस के नेता अधीर रंजन चौधरी ने लोकसभा स्पीकर ओम बिड़ला को एक चिट्ठी लिखकर मांग की है कि केंद्रीय मंत्री स्मृति इरानी को “बिना शर्त माफ़ी” मांगनी चाहिए.
चौधरी का आरोप है कि इरानी ने राष्ट्रपति का नाम चिल्लाते हुए लिया और नाम के पहले “राष्ट्रपति या मैडम” जैसे शब्दों का प्रयोग नहीं किया.
अपनी चिट्ठी में बिड़ला ने लिखा है कि उनकी एक गलती के कारण राष्ट्रपति को “ग़ैर ज़रूरी विवाद” में घसीटा गया.
उन्होंने कहा, “मैं हिंदी में अच्छा नहीं हूं, इसलिए मुझसे गलती हो गई. मैंने इस पर दुख ज़ाहिर किया है और माननीय राष्ट्रपति से माफ़ी मांगी.”
हालांकि उन्होंने कहा कि जिस तरीके से केंद्रीय मंत्री ने राष्ट्रपति का नाम लिया, वो बिल्कुल गलत था और राष्ट्रपति की गरिमा के ख़िलाफ़ था.
उन्होंने कहा, “वो बार बार द्रौपदी मुर्मू कह रही थीं, बिना माननीय राष्ट्रपति या मैडम या श्रीमती का उपयोग किए. ये साफ़तौर पर राष्ट्रपति कार्यालय की गरिमा को गिराना है.”
पिछले हफ़्ते 'राष्ट्रपत्नी' शब्द के इस्तेमाल को लेकर चौधरी को बीजेपी ने घेरा था, स्मृति इरानी ने लोकसभा में उनपर राष्ट्रपति के अपमान का आरोप लगाया था. चौधरी ने इसपर राष्ट्रपति से माफ़ी मांगी थी.