दुनिया भर में कोरोना संक्रमित लोगों की संख्या बढ़कर दो करोड़ हो गई है. कोरोना महामारी पर दिन भर के अहम अपडेट्स.
लाइव कवरेज
बीबीसी हिंदी का कोरोना विशेष लाइव कवरेज अब यहीं समाप्त होता है.
बीबीसी हिंदी के लाइव पेज से जुड़े रहने के लिए आपका बहुत शुक्रिया.
लेकिन अगर आप जानना चाहते हैं कि कोरोना के मामले में दुनिया में क्या कुछ हो रहा है तो आप हमारे अगले लाइव पेज पर आ सकते हैं और उसके लिए यहां क्लिक करें.
बांग्लादेश का दावा, कोरोना पूरी तरह नियंत्रण में है, क्या है हक़ीक़त?
बांग्लादेश ने कहा है कि वो 12 अगस्त के बाद से कोरोना वायरस के बारे में रोज़ाना अपडेट्स देना बंद कर देगा क्योंकि उसके मुताबिक़ स्थिति नियंत्रण में है.
बांग्लादेश के स्वास्थ्य मंत्री ज़ाहिद मलिक ने कहा, 'हमें विश्वास है कि संक्रमण की दर घट रही है और स्थिति नियंत्रण में आ रही है."
विश्व स्वास्थ्य संगठन ने अपनी ताज़ा साप्ताहिक रिपोर्ट में कहा है कि पिछले हफ़्ते की तुलना में इस हफ़्ते बांग्लादेश में नए मामलों की संख्या 2.5 फ़ीसद कम हो गई है.
लेकिन ये आँकड़े एक दूसरी जटिल सच्चाई को छुपाते हैं. विश्व स्वास्थ्य संगठन के अनुसार अगस्त महीने की शुरुआत से संक्रमण के मामले बहुत तेज़ी से बदल रहे हैं. किसी दिन नए मामले 900 होते हैं तो किसी दिन 3,000.
इसका संबंध रोज़ाना कितने टेस्ट किए जा रहे हैं, इससे हो सकता है. टेस्ट के मामले में भी संख्या में बहुत उतार-चढ़ाव देखे जा रहे हैं. जुलाई में रोज़ाना औसतन 12 हज़ार टेस्ट होते थे, अगस्त के शुरू में ये घटकर चार हज़ार हो गए और अब फिर रोज़ाना 12 हज़ार टेस्ट किए जा रहे हैं.
अधिकारियों को कहना है कि जुलाई में आई बाढ़ के कारण कम टेस्ट हुए थे और लोग भी टेस्ट कराने को लेकर ज़्यादा इच्छुक नहीं हैं. लोगों को सरकार की स्वास्थ्य सेवा पर ज़्यादा भरोसा नहीं है.
लेकिन अभी भी कोरोना पॉज़िटिव की दर ज़्यादा है. पिछले हफ़्ते के अंत तक ये लगभग 25 फ़ीसद था, जिसका मतलब है कि जितने टेस्ट हो रहें हैं उनमें क़रीब 25 फ़ीसद मामले पॉज़िटिव आ रहे हैं. इससे अंदाज़ा लगाया जा सकता है कि संक्रमण की सही संख्या का एक छोटा सा हिस्सा हम तक पहुँच रहा है.
सवारी और लोकल रेलगाड़ियाँ अभी भी नहीं चलेंगी - रेलवे
इमेज स्रोत, GET
रेल मंत्रालय ने कहा है कि सभी सामान्य यात्री और लोकल रेल सेवाएँ अगले आदेश तक बंद रहेंगी. मगर विशेष रेलगाड़ियों का परिचालन जारी रहेगा.
मंत्रालय ने कहा है कि देश में अभी 230 विशेष रेलगाड़ियाँ चल रही हैं और ज़रूरत पड़ी तो अतिरिक्त ट्रेनों को चलाया जा सकता है.
साथ ही मुंबई में राज्य सरकार के आग्रह पर सीमित संख्या में लोकल ट्रेनों का भी चलना जारी रहेगा.
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
पोस्ट X समाप्त
अमरीका में कम होने लगा है संक्रमण का असर?
इमेज स्रोत, Reuters
सोमवार को अमरीका में कोरोना वायरस के मामले 50 लाख को पार कर गए हैं. लेकिन अब अमरीका में महामारी के असर के कम होने के संकेत मिल रहे हैं.
संक्रमण के नए मामलों में 11.5 प्रतिशत की कमी देखने को मिली है जबकि पिछले सप्ताह उससे पिछले सप्ताह की तुलना में सात प्रतिशत कम लोगों की मौत हुई है.
फ़ेडरल इमर्ज्ञेंसी मैनेजमेंट एजेंसी के ये आंकड़े एबीसी न्यूज़ ने दिखाए हैं.
वैसे अमरीका में अब तक कोरोना से एक लाख 63 हज़ार से ज़्यादा लोगों की मौत हो चुकी है.
वहीं न्यूयार्क टाइम्स की एक रिपोर्ट के मुताबिक डोनाल्ड ट्रंप उस नियम को लागू करने पर विचार कर रहे हैं जिसके मुताबिक सीमा पर तैनात अधिकारियों के पास अमरीकी नागरिकों या कोरोना वायरस के संदिग्ध संक्रमितों को देश में प्रवेश करने से रोकने का अधिकार होगा.
हालांकि इसकी घोषणा कब होगी, इसको लेकर अनिश्चितता बनी हुई है. वहीं फ़्लोरिडा के वॉल्ट डिजनी वर्ल्ड थीम पार्क, सितंबर से कम समय के लिए खोले जाएंगे. जुलाई में पार्क को आम लोगों के लिए दोबारा खोला गया है लेकिन पर्यटकों की कमी के चलते ऐसा फ़ैसला लिया गया है.
भारत में अब तक 2.5 करोड़ से ज़्यादा लोगों के कोरोना टेस्ट
भारत सरकार के स्वास्थ्य मंत्रालय के मुताबिक देश भर में अब तक 2.5 करोड़ से ज़्यादा लोगों के टेस्ट हो चुके हैं.
स्वास्थ्य मंत्रालय के सचिव राजेश भूषण के मुताबिक इस सप्ताह में एक दिन में सबसे ज़्यादा 7,19,364 लोगों के टेस्ट करने का रिकॉर्ड भी बना है. इतना ही नहीं देश भर में कोरोना से होने वाली मृत्यु दर भी दो प्रतिशत ने नीचे पहुंच गई है.
हालांकि देश में कोरोना संक्रमण के कुल मामले 23 लाख के क़रीब हैं और मरने वालों की संख्या 45 हज़ार से ज़्यादा पहुंच चुकी है.
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
पोस्ट X समाप्त, 2
रूस ने कोरोना वायरस की पहली वैक्सीन बनाने का दावा किया
बीबीसी हिंदी का डिजिटल बुलेटिन दिनभर, फ़ैसल मोहम्मद अली से सुनिए
इस लेख में Google YouTube से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले Google YouTube cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है. YouTube सामग्री में विज्ञापन हो सकते हैं.
दिल्ली के एक सैन्य अस्पताल में भर्ती पूर्व राष्ट्रपति प्रणब मुखर्जी की स्थिति चिंताजनक बताई जा रही है.
समाचार एजेंसी एएनआई के मुताबिक़ आर्मी आर आर हॉस्पिटल ने बताया है कि उन्हें 10 अगस्त को अस्पताल में भर्ती कराया गया था जहाँ मस्तिष्क में एक थक्के का इमर्जेंसी ऑपरेशन करना पड़ा जो कि जान बचाने के लिए ज़रूरी था.
अस्पताल के अनुसार ऑपरेशन के बाद उनकी स्थिति चिंताजनक बनी हुई है और वो वेंटिलेटर सपोर्ट पर हैं.
पूर्व राष्ट्रपति ने सोमवार को स्वयं ट्वीट कर अपने कोरोना संक्रमित होने की जानकारी दी थी. उन्होंने लिखा था कि वो किसी और इलाज के लिए अस्पताल गए थे जहाँ उनका कोरोना टेस्ट भी हुआ जिसमें वो पॉज़िटिव पाए गए.
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
पोस्ट X समाप्त
न्यूज़ीलैंड: 100 से ज़्यादा दिन बाद मिले कोरोना संक्रमण के लोकल केस
इमेज स्रोत, Reuters
सौ से अधिक दिन बाद न्यूज़ीलैंड में कोरोना संक्रमण के कुछ
नये स्थानीय मामले सामने आये हैं. लोकल ट्रांसमिशन को इसकी वजह बताया गया है.
न्यूज़ीलैंड की प्रधानमंत्री जैसिंडा अर्डर्न ने बताया है
कि ‘चार लोग कोरोना पॉज़िटिव पाये गये हैं, चारों एक ही घर में रहते हैं और
संक्रमण के सोर्स का अब तक पता नहीं चल पाया है.’
जैसिंडा अर्डर्न ने कहा है कि ऑकलैंड जहाँ ये मामले सामने
आये हैं, वहाँ जब तक पूरी जाँच नहीं हो जाती, थर्ड-लेवल का लॉकडाउन लागू रहेगा.
ब्रेकिंग न्यूज़, कोरोना वैक्सीन को लेकर चीन की सिनोवैक सबसे अहम पड़ाव पर
इमेज स्रोत, Getty Images
चीन की सिनोवैक बायोटेक लिमिटेड ने मंगलवार को कोविड-19 वैक्सीन के ह्यूमन
ट्रायल के अंतिम चरण की शुरुआत की है. इस वैक्सीन का ट्रायल इंडोनेशिया में 1620
मरीज़ों पर किया जा रहा है.
यह वैक्सीन इंडोनेशिया की सरकारी कंपनी बायो फ़ार्मा के साथ मिलकर
बनाई जा रही है.
इसके पहले सोमवार को सिनोवैक ने जानकारी देते हुए कहा कि ट्रायल के
दूसरे चरण में वैक्सीन सुरक्षित पाई गई है और मरीज़ों में एंटीबॉडी आधारित इम्यून
रिस्पॉन्स मिले हैं.
कोरोनावैक नाम की यह वैक्सीन उन चंद असरदार वैक्सीन में से एक है जो परीक्षण
के इस चरण तक पहुंची हैं. इनका अध्ययन करके इनके असर को लेकर सबूत जुटाए जा रहे
हैं.
कोरोनावैक का अंतिम स्तर का परीक्षण पहले से ही ब्राज़ील में चल रहा है और सिनोवैक को
उम्मीद है कि इसका परीक्षण बांग्लादेश में भी किया जाएगा.
इमेज स्रोत, Getty Images
सिनोवैक का इंडोनेशिया ट्रायल ऐसे समय में हो रहा है जब दक्षिणपूर्व
एशिया का सबसे घनी आबादी वाला देश कोरोना संक्रमण के बढ़ते मामलों से जूझ रहा है.
मंगलवार तक यहां एक लाख 27000 से अधिक संक्रमण के मामले थे. इस ट्रायल के लिए
फिलहाल 1215 लोगों को चुना गया है और यह छह महीने तक चलेगा.
इंडोनेशिया के राष्ट्रपति जोको विडोडो ने कहा, “जब तक सभी लोगों को
वैक्सीन नहीं दे दी जाती कोविड-19 का ख़तरा नहीं टलेगा.”
वेस्ट जावा के बंडुंग में ट्रायल के लॉन्च के दौरान उन्होंने कहा, “उम्मीद है कि जनवरी में हम वैक्सीन बना पाएंगे और देश में हर किसी को दे भी पाएंगे.”
बायो फ़ार्मा और सिनोवैक के अलावा इंडोनेशियाई निजी कंपनी काल्बे फ़ार्मा
और दक्षिण कोरिया की जेनेक्साइन एक साथ मिलकर अलग वैक्सीन बना रही हैं. यह अब तक स्पष्ट
नहीं है कि दोनों कंपनियां मिलकर वैक्सीन के कितने डोज़ बनाएंगी और कब तक बनाएंगी.
सिनोवैक के मिड स्टेज या दूसरे स्टेज ट्रायल में चीन में 600 लोगों को
वैक्सीन दी गई. ट्रायल में दूसरी वैक्सीन एस्ट्राजेनेका के मुकाबले यह वैक्सीन
मरीज़ों का बुखार कम करने में कामयाब दिखी. दोनों वैक्सीन का रिव्यू किया जा रहा
था.
मिड स्टेज ट्रायल में आम तौर पर वैक्सीन की सेफ्टी और क्षमता को परखा
जाता है कि यह इम्यून के लिए कैसे काम कर रही है. इस स्तर पर इसका परीक्षण कम
लोगों में किया जाता है. यहां से पास होने के बाद आखिरी स्तर पर अधिक लोगों को यह
वैक्सीन दी जाती है.
स्टडी में पता चला है कि
वैक्सीन बनाने में दो चरणों की प्रक्रिया एक चरण में वैक्सीन बनाने की प्रक्रिया
से बेहतर होती है. इसमें अधिक इम्यूनोजीन पैदा होते हैं और इम्यून सिस्टम बेहतर
करते हैं.
भूटान में कोरोना के डर से पहले लॉकडाउन की घोषणा
इमेज स्रोत, बीबीसी
समाचार एजेंसी रायटर्स के अनुसार, भूटान ने कोरोना वायरस महामारी
की वजह से अपने पहले लॉकडाउन की घोषणा की है.
स्थानीय प्रशासन ने विदेश से राजधानी थिम्पू लौटी एक कोरोना
संक्रमित महिला की जानकारी मिलने पर यह निर्णय लिया है.
स्थानीय प्रशासन के अनुसार, ‘ये 27 वर्षीय भूटानी महिला,
जो इराक़ के क़ुवैत शहर से लौटी हैं, उन्हें हाल ही में आधिकारिक क्वारंटीन से
छुट्टी मिली थी, जिसके बाद उन्होंने राजधानी थिम्पू में कई लोगों से मुलाक़ात की,
क्वारंटीन सेंटर से उन्हें कोरोना नेगेटिव होने पर ही जाने दिया गया था, लेकिन
सोमवार को उन्होंने एक प्राइवेट क्लीनिक में टेस्ट कराया तो उन्हें फिर से कोरोना
पॉज़िटिव पाया गया.’
स्थानीय प्रशासन को चिंता है कि इस ग़लती से राजधानी
क्षेत्र में तेज़ी से नये मामले सामने आ सकते हैं, इसीलिए लॉकडाउन के विकल्प को
चुना गया है.
भूटान में अब तक कोरोना संक्रमण के पूरे दक्षिण एशिया में
सबसे कम मामले हैं और कोविड-19 से अभी तक किसी की मौत नहीं हुई है.
भूटान की आबादी क़रीब साढ़े सात लाख है और लॉकडाउन के इस निर्णय
से लोगों और गाड़ियों के आने-जाने पर प्रतिबंध होगा.
फ़िलीपीन्स के राष्ट्रपति को रूस की वैक्सीन पर इतना भरोसा कि ट्रायल के लिए तैयार
इमेज स्रोत, Getty Images
फ़िलीपीन्स के राष्ट्रपति रोड्रिगो डुटेर्टे ने कोरोना वायरस की वैक्सीन बनाने में रूस की कोशिश की जमकर तारीफ़ की है. समाचार एजेंसी रॉयटर्स के अनुसार उन्होंने रूस की इस वैक्सीन के ट्रायल में शामिल होने की इच्छा ज़ाहिर की.
रूस ने फ़िलीपीन्स को यह वैक्सीन मुहैया कराने का वादा किया है. रूस उम्मीद कर रहा है कि इस महीने उसकी वैक्सीन को रेग्युलेटरी मंज़री मिल जाएगी. फ़िलीपीन्स में भी रूस की वैक्सीन का उत्पादन किया जा सकता है.
फ़िलीपीन्स एशिया के उन देशों में शामिल है जहां कोरोना के मामले बड़ी संख्या में हैं. फ़िलीपीन्स में अब तक कोरोना वायरस से 136,638 लोग संक्रमित हो चुके हैं.
सोमवार देर रात डुटेर्टे ने टीवी पर कहा, ''मैं राष्ट्रपति पुतिन से कहूंगा कि कोविड-19 की लड़ाई में रूस के शोध पर मेरा पूरा भरोसा है. मेरा मानना है कि आपके यहां जो वैक्सीन तैयार होने जा रही है वो मानवता के हित में है.''
दुनिया भर में कोरोना वायरस की वैक्सीन बनाने की जो होड़ लगी है, उसे लेकर चिंता भी ज़ाहिर की जा रही है. रूस की वैक्सीन को लेकर विश्व स्वास्थ्य संगठन ने भी संदेह जताया था कि कहीं जल्दीबाज़ी में सुरक्षा से खिलवाड़ न हो जाए.
ऐसे में फ़िलीपीन्स के राष्ट्रपति ने ऑफर किया है कि रूस की वैक्सीन पहला प्रयोग उन पर किया जा सकता है. मंगलवार को डुटेर्टे के कार्यालय ने कहा कि फ़िलीपीन्स रूस की वैक्सीन के साथ खड़ा है और वो ट्रायल, उत्पादन के साथ आपूर्ति में भी मदद करेगा.
ब्रेकिंग न्यूज़, यूएई ने विदेशी नागरिकों को दी एक महीने की मोहलत
इमेज स्रोत, Getty Images
संयुक्त अरब अमीरात (यूएई) ने वीज़ा और दूसरे परमिट की अवधि एक महीने तक के
लिए बढ़ाने का फ़ैसला लिया है.
प्रशासन की ओर से जारी एक बयान के मुताबिक, यह आदेश 11 अगस्त से लागू
होगा. जिन लोगों के परमिट या वीज़ा की अवधि ख़त्म हो चुकी है, उन्हें फ़िलहाल एक महीने के लिए और
बढ़ाने का फ़ैसला किया गया है.
यूएई की पहचान और नागरिकता संबंधी केंद्रीय अथॉरिटी आईसीए ने कहा कि इस
छूट के ज़रिए लोग अपने मुल्क वापस जा सकेंगे और किसी भी तरह के जुर्माने से बच
पाएंगे.
अमीरात न्यूज़ एजेंसी में छपे बयान के मुताबिक, आईसीए ने कहा, “अथॉरिटी
का फ़ैसला यूएई के उस राष्ट्रीय अभियान का हिस्सा है जिसके तहत यूएई कैबिनेट ने देश
में विदेशियों के प्रवेश और प्रवास के नियम तय किए हैं.”
बयान में यह भी कहा गया, “आईसीए उन सभी लोगों से निर्धारित समय सीमा
में देश छोड़ने की अपील करता है जिनके पास वैध दस्तावेज हैं. इससे उन्हें दोबारा
यूएई आने में मदद मिलेगी.”
यूएई में सोमवार को कोराना संक्रमण के 179 नए मामले सामने आए हैं.
इसके साथ यहां अब कुल संक्रमितों की संख्या 62704 हो गई है. बीते 24 घंटों में
यहां कोरोना से एक भी मौत नहीं हुई.
यूएई सरकार के प्रवक्ता डॉ. उमर अल-हम्मदी ने बताया कि देश में कोरोना
के कुल 5581 सक्रिय मामले हैं जिनका इलाज चल रहा है.
यूएई की यात्रा कर सकते हैं भारतीय
कोरोना संक्रमण की वजह से अंतरराष्ट्रीय उड़ानों पर लगे प्रतिबंध
धीरे-धीरे हट रहे हैं. यूएई ने भारतीयों की यात्रा की अनुमति दे दी है.
यूएई में भारत के राजदूत पवन कपूर ने सोमवार को ट्वीट किया, “मुझे (भारतीय)
एविएशन मंत्रालय का नोटिफिकेशन देखकर काफ़ी खुशी हो रही है जिसमें कहा गया है कि
कोई भी भारतीय या यूएई की फ्लाइट यूएई का वैध वीज़ा रखने वाले भारतीय नागरिकों को यूएई
ला सकती है.”
इस लेख में X से मिली सामग्री शामिल है. कुछ भी लोड होने से पहले हम आपकी इजाज़त मांगते हैं क्योंकि उनमें कुकीज़ और दूसरी तकनीकों का इस्तेमाल किया गया हो सकता है. आप स्वीकार करने से पहले X cookie policy और को पढ़ना चाहेंगे. इस सामग्री को देखने के लिए 'अनुमति देंऔर जारी रखें' को चुनें.
चेतावनी: बीबीसी दूसरी वेबसाइट्स की सामग्री के लिए ज़िम्मेदार नहीं है.
पोस्ट X समाप्त
कोरोना से निपटने में नाकाम ब्राज़ील से भारत की तुलना क्यों? देखिए यह वीडियो रिपोर्ट-
वीडियो कैप्शन, ब्राज़ील की नाकामी भारत के लिए सबक?
मनमोहन सिंह ने संकट से निकलने के लिए मोदी सरकार को दिए तीन सुझाव
अमीर सिंगापुर की हालत यूं दिनोदिन होती जा रही ख़राब
WHO ने कहा- कोरोना महामारी से जीत की उम्मीद अभी बाकी है
इमेज स्रोत, Getty Images
दुनियाभर
में कोरोना से मौतों का आंकड़ा 750000 के पार होने और संक्रमण के करीब दो करोड़ मामले
आने के बावजूद विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने कहा है कि कोरोना महामारी से जीत की
उम्मीद अब भी बाकी है.
WHO ने
कहा कि पूरी दुनिया को प्रभावित करने वाली इस महामारी से निपटने के लिए उठाए गए
ज़रूरी कदमों में कभी भी देरी नहीं हुई.
WHO के
प्रमुख टेड्रोस एडहनॉम गिब्रयेसॉस ने एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि इस सप्ताह दुनियाभर में संक्रमण का कुल
आंकड़ा दो करोड़ और मरने वालों की कुल संख्या साढ़े सात लाख का आंकड़ा छू लेगी.
उन्होंने
कहा, “इन आंकड़ों के पीछे एक बड़ा दर्द और परेशानी छुपी है. इस महामारी की वजह से
गई हर एक जान अहम है. मुझे पता है कि आप में से बहुत से लोग दुख में हैं और दुनिया
के लिए यह मुश्किल वक़्त है. लेकिन मैं यह स्पष्ट करना चाहता हूं कि उम्मीद की
किरण बची है. इस महामारी को ख़त्म करने में अब भी देर नहीं हुई.”
ब्राज़ील में संक्रमण का आंकड़ा तीस लाख के पार
इमेज स्रोत, REUTERS/ADRIANO MACHADO/FILE PHOTO
कोरोना
संक्रमण के मामले में अमरीका के बाद ब्राज़ील सबसे अधिक प्रभावित देश है. यहां संक्रमण
का आंकड़ा तीस लाख के पार है. रविवार को यहां संक्रमण से मरने वालों की कुल संख्या
एक लाख के पार हो गई.
अमरीकी
राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से जब सोमवार को प्रेस ब्रीफ़िंग के दौरान व्हाइट हाउस में
ब्राज़ील को लेकर सवाल किया गया तो उन्होंने कहा, “राष्ट्रपति बोलसोनारो से मेरे
अच्छे संबंध हैं. मैंने सुना है वो बेहतर हो रहे हैं. वो कोरोना संक्रमण से ठीक हो
रहे हैं.”
जैर
बोलसोनारो कोरोना पॉजिटिव पाए गए थे. हालांकि इसे वो मामूली फ्लू बताते हैं.
बोलसोनारो
और ट्रंप दोनों ने ही बीते पांच महीनों में कोरोना के ख़तरे का मज़ाक उड़ाया.
बोलसोनारो ने इसे मामूली फ्लू करार दिया तो वहीं ट्रंप ने लगातार यही दोहराया कि
ये बीमारी उनके शासनकाल में ही गायब हो जाएगी.
बीते
सप्ताह डोनाल्ड ट्रंप ने कहा कि उन्हें भरोसा है कि ये वायरस ख़त्म हो जाएगा. जबकि
उनके शीर्ष स्वास्थ्य विशेषज्ञ डॉ. एंथनी फ़ाउची ने बार-बार चेतावनी दी है कि इस महामारी
से निपटने में साल 2021 का बड़ा हिस्सा या उससे भी अधिक समय लग सकता है.
अब तक बोलसोनारो
और ट्रंप दोनों ने ही विशेषज्ञों की राय को दरकिनार किया है.
कोरोना से भारत परेशान, पाकिस्तान में कम हो रहे संक्रमण के मामले
इमेज स्रोत, Getty Images
कोरोना
संक्रमण के लगातार बढ़ते मामले भारत की चिंता बढ़ा रहे हैं. पिछले कुछ हफ़्तों से भारत में हर दिन कोरोना के नए मामले 50 हज़ार से ज़्यादा आ रहे हैं. भारत में अब तक संक्रमण
के 22 लाख से अधिक मामले हैं जबकि पड़ोसी मुल्क पाकिस्तान में रोज़ोना संक्रमण का
आँकड़ा कम हो रहा है.
पाकिस्तान
में बीते पाँच महीनों में पहली बार लोग जिम, सैलून और रेस्टोरेंट में दिखे. संक्रमण
रोकने के लिए एहतियातन बंद की गई इन जगहों को सोमवार को खोल दिया गया है.
पाकिस्तान
में अब तक कोरोना संक्रमण के कुल मामले दो लाख 80 हज़ार के पार हैं. क़रीब 6100
लोगों की मौत हुई है. लेकिन यहां जून महीने के बाद से संक्रमण के मामलों में कमी
आती दिख रही है.
जून
में एक दिन में यहां संक्रमण के 7000 के क़रीब मामले सामने आए थे और 118 लोगों की
मौत हुई थी.
रविवार
को पाकिस्तान में संक्रमण के कुल 539 नए मामले सामने आए और 15 लोगों की मौत हुई. अगस्त
महीने में यहां रोज़ाना के मामले एक हज़ार से कम ही रहे हैं.
इमेज स्रोत, Getty Images
समाचार एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक़, पाकिस्तान के कराची में एक टी-स्टॉल के मालिक शेर ख़ान कहते हैं, “अल्लाह का शुक्र है, सरकार ने बाहर खाना खाने की इजाज़त दे दी है. अभी तक लोग घर ले जाकर खाना खा रहे थे. लेकिन अब कारोबार बेहतर होगा.
सरकार ने मई महीने में कमर्शियल एक्टिविटी में थोड़ी राहत दी थी. बाक़ी के कारोबार खोलने की बजाय सरकार ने लोगों से सावधानी बरतने और मास्क पहनने की अपील की है.
लाहौर के बाज़ार मोज़ांग में दुकानों पर काफ़ी भीड़ दिखी और मास्क में कुछ ही लोग दिखे.
कपड़ों और कॉस्मेटिक की दुकान में काम करने वाले नदीम शेख़ कहते हैं कि वो ऐसे ग्राहकों के साथ सख्ती से पेश आ रहे हैं जो नियमों का पालन नहीं कर रहे.
दक्षिण पश्चिमी शहर क्वेट्टा में एक सैलून पर काफ़ी भीड़ दिखी. मोहम्मद उस्मान कई महीनों बाद बाल कटाने बाहर निकले थे. उन्होंने बताया कि उनके बढ़े बाल देखकर लोगों को लगता था कि वो किसी तरह की परेशानी से जूझ रहे हैं.
पेशावर में जिम खुलने से लोगों ने राहत की सांस ली है. उनका कहना है कि अब घर में ही एक्सरसाइज़ नहीं करनी पड़ेगी. नज़ीब उल्लाह अचकज़ाई कहते हैं, “जिम बंद होने की वजह से मेरा 20 किलो वज़न बढ़ गया है. इस वजह से मेरी पर्सनालिटी बिगड़ गई. वज़न ज्यादा होने की वजह से मेरी शादी टल गई.”
राजधानी इस्लामाबाद में भी जन-जीवन सामान्य होता नज़र आ रहा है.
कोरोना से प्रभावित टॉप 10 देश
कोरोना
वायरस से प्रभावित वो 10 देश जहां संक्रमण के आंकड़े काफ़ी ज्यादा हैं.
इनमें दुनिया
भर के कुल संक्रमितों के आंकड़े के एक चौथाई मामले सिर्फ़ अमरीका में ही हैं.