ईरान का आरोप- 'युद्धविराम की तीन शर्तों का उल्लंघन हुआ'

इमेज स्रोत, Morteza Nikoubazl/NurPhoto via Getty Images
ईरान ने आरोप लगाया है अमेरिका के साथ हुए सीज़फ़ायर की तीन शर्तों का उल्लंघन हो चुका है. उसने लेबनान पर हो रहे हमलों का भी ज़िक्र किया है.
ईरानी संसद के स्पीकर मोहम्मद बाग़र ग़ालिबाफ़ ने एक बयान जारी किया है. इसमें कहा है, "बातचीत शुरू होने से पहले ही 10 बिंदुओं वाले प्रस्ताव की तीन शर्तों का उल्लंघन हो गया है. हमारा अमेरिका पर भरोसा न होने की वजह उसकी पुरानी आदत है, वो बार-बार अपने वादे तोड़ता आया है. अफ़सोस की बात है कि उसने फिर वही पैटर्न दोहराया है."
उन्होंने कहा, "अमेरिका के राष्ट्रपति ने साफ़ कहा था कि ईरान का 10 बिंदुओं वाला प्रस्ताव बातचीत के लिए एक ‘आधार’ है. लेकिन अब तक इस प्रस्ताव के 3 हिस्सों का उल्लंघन हुआ है:
- लेबनान में युद्धविराम से जुड़ी पहली शर्त का पालन नहीं किया गया. जबकि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ़ ने भी साफ़ कहा था कि 'तुरंत हर जगह युद्धविराम होना चाहिए, लेबनान और अन्य इलाकों में भी.'
- ईरान की हवाई सीमा में एक घुसपैठ करने वाला ड्रोन आया, जिसे फ़ार्स प्रांत के लार शहर में गिरा दिया गया. यह उस शर्त का उल्लंघन है जिसमें ईरान की हवाई सीमा का सम्मान करने की बात कही गई थी.
- ईरान के संवर्धन (एनरिचमेंट) के अधिकार से इनकार किया गया, जबकि यह प्रस्ताव की छठी शर्त में शामिल था."

इमेज स्रोत, X/mb_ghalibaf
ग़ालिबाफ़ ने कहा, "अब जिस प्रस्ताव पर बातचीत होनी थी, उसे बातचीत शुरू होने से पहले ही तोड़ा गया है. ऐसी स्थिति में दोतरफ़ा युद्धविराम या बातचीत करना तर्कसंगत नहीं है."
गौरतलब है कि पाकिस्तान के प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ़ ने दोनों देशों के प्रतिनिधियों को आगे की बातचीत के लिए 10 अप्रैल को इस्लामाबाद में आमंत्रित किया है.





