रात के दस बज रहे हैं. अब इस लाइव ब्लॉग को यहीं विराम देने का वक़्त हो गया है. चलते-चलते आपको आज़ की कुछ प्रमुख ख़बरों से रूबरू करा देते हैं.
उत्तर प्रदेश सरकार की नीतियों का सोशल मीडिया पर प्रचार प्रसार करने पर पैसे मिलेंगे और कथित तौर पर अश्लील, अभद्र और राष्ट्र विरोधी कंटेट परोसने पर कार्रवाई होगी. सरकार की इस नीति पर कुछ सवाल भी उठ रहे हैं. इस ख़बर को पूरा पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.
सुप्रीम कोर्ट की दो बेंचों ने हाल के दिनों में ऐसे आदेश जारी किए हैं जो निचली अदालतों के लिए एक संदेश की तरह हैं. संदेश ये कि ख़ास तौर से ज़मानत देने के मामलों में अदालतों को अपने नज़रिए में बदलाव लाना चाहिए. इस ख़बर को पूरा पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.
असम विधानसभा में शुक्रवार के रोज़ जुमे की नमाज़ के लिए तीन घंटे का ब्रेक दिया जाता था, जिसे अब ख़त्म कर दिया गया है. पहले जुमे की नमाज़ के लिए सुबह 11 बजे से 2 बजे तक सदन को स्थगित किया जाता था. इस ख़बर को पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.
टेलीग्राम पर हर तरह के ग्रुप्स मौजूद हैं. ड्रग्स, बंदूक, चुराए गए क्रेडिट कार्ड्स से लेकर गिफ़्ट वाउचर्स तक. इस सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म की सबसे ज्यादा आलोचना इस बात को लेकर हो रही है ये अपने चैनल पर मौजूद बच्चों के साथ यौन दुर्व्यवहार से जुड़ी सामग्री को रोकने के लिए कुछ नहीं कर रहा है. यह ख़बर पूरी पढ़ने के लिए यहां क्लिक करें.
तो अब सुमंत सिंह को दीजिए इज़ाज़त. कल सुबह एक नए लाइव ब्लॉग के साथ हम फिर हाज़िर होंगे.






















