ईरान ने क़तर के जिस एयर बेस पर हमला किया है वह अमेरिका के लिए क्यों है ख़ास

क़तर की राजधानी दोहा के क़रीब मौजूद अल उदैद एयर बेस मध्य-पूर्व में अमेरिकी सेंट्रल कमांड के एयर ऑपरेशन्स का मुख्यालय है.

सारांश

लाइव कवरेज

कीर्ति रावत और इफ़्तेख़ार अली

  1. ईरान ने क़तर के जिस एयर बेस पर हमला किया है वह अमेरिका के लिए क्यों है ख़ास

    ईरान इसराइल संघर्ष

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    इमेज कैप्शन, अल उदैद एयर बेस अमेरिका के लिए खाड़ी के क्षेत्र में एक अहम केंद्र है (फ़ाइल फ़ोटो)

    क़तर के विदेश मंत्रालय ने एक बयान जारी कर कहा है कि देश में सुरक्षा की स्थिति स्थिर है और चिंता करने की कोई वजह नहीं है.

    इस बयान में अफ़वाहों पर ध्यान न देने और ग़लत जानकारी से बचने को कहा गया है.

    इससे पहले ईरान की न्यूज़ एजेंसी तस्नीम ने कहा है कि ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड ने क़तर और इराक़ में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइल दागे हैं.

    अमेरिकी रक्षा मंत्रालय पेंटागन ने भी इन हमलों की पुष्टि की है और कहा है कि ईरान की तरफ से अल उदैद एयर बेस पर छोटी और मध्यम दूरी की मिसाइलों से हमला हुआ है.

    क़तर की राजधानी दोहा के क़रीब मौजूद अल उदैद एयर बेस मध्य-पूर्व में अमेरिकी सेंट्रल कमांड के एयर ऑपरेशन्स का मुख्यालय है. इसमें क़रीब 8 हज़ार अमेरिकी सैनिक मौजूद होते हैं.

    इस एयर बेस के ज़रिए ब्रिटेन के सैनिकों का भी रोटेशन होता है.

    मौजूदा समय में यह एयर बेस इराक़ में अमेरिकी अभियानों के लिए हेडक्वार्टर का काम करता है और यह इलाक़े में अमेरिकी साजो सामान का केंद्र भी है.

    इस एयर बेस में खाड़ी के क्षेत्र की सबसे लंबी एयर लैंडिंग स्ट्रिप भी है. क़तर ने अमेरिका को साल 2000 में इस एयर बेस तक पहुंच दी थी.

  2. क़तर में अल उदैद एयर बेस पर ईरानी हमलों के बाद अमेरिका ने ये कहा

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    इमेज कैप्शन, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने मई महीने में अल उदैद एयर बेस का दौरा किया था

    अमेरिकी रक्षा मंत्रालय पेंटागन ने पुष्टि की है कि अल उदैद एयर बेस पर छोटी और मध्यम दूरी की मिसाइलों से हमला हुआ है और ये मिसाइलें ईरान से दागी गई थीं.

    अमेरिका के एक रक्षा अधिकारी के मुताबिक़ अब तक इन हमलों में किसी के मारे जाने की कोई जानकारी नहीं मिली है.

    उनके मुताबिक़ रक्षा अधिकारी अब भी हालात पर नज़र बनाए हुए हैं और हमले के बारे में ज़्यादा जानकारी मिलने पर वो इसे साझा करेंगे.

    इससे पहले ईरान की सरकारी मीडिया ने घोषणा की है कि ईरान ने अमेरिकी कार्रवाई का जवाब देना शुरू कर दिया है.

    ईरान की न्यूज़ एजेंसी तस्नीम ने कहा है कि ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड ने क़तर और इराक़ में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइल दागे हैं.

  3. क़तर में एयर बेस पर ईरानी हमले के बाद बहरीन में लोगों से की गई ये अपील

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    इमेज कैप्शन, क़तर में एयर बेस पर ईरान के हमले के बाद आसमान में दिख रही रोशनी

    बहरीन के गृह मंत्रालय ने कहा है कि देश में सायरन बजाकर लोगों को सतर्क किया गया है और उनसे सुरक्षित ठिकानों में जाने को कहा गया है.

    सोशल मीडिया एक्स पर कई पोस्ट के ज़रिए मंत्रालय ने देश के लोगों से किसी इमारत या छत के नीचे शरण लेने को कहा है.

    मंत्रालय ने कहा है कि जब तक ख़तरा न निकल जाए, लोग इसी तरह की सुरक्षित जगहों पर रहें.

    मंत्रालय ने तेज़ धमाकों के वक़्त लोगों से सावधानी बरतने को कहा है.

    इससे पहले ईरान ने क़तर में अल उदीद एयर बेस को निशाना बनाकर मिसाइल दागे हैं.

  4. क़तर ने अल उदैद एयर बेस पर ईरानी हमले के बाद दी ये प्रतिक्रिया

    ईरान इसराइल संघर्ष

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    इमेज कैप्शन, ईरानी हमले की ख़बर के बाद क़तर के आसमान में देखी गई रोशनी

    क़तर के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता माजेद अल-अंसारी ने सोशल मीडिया एक्स पर क़तर में अमेरिकी ठिकानों पर ईरानी हमले की निंदा की है.

    उन्होंने कहा है, "हम इसे क़तर की संप्रभुता, उसके हवाई क्षेत्र, अंतरराष्ट्रीय कानून और संयुक्त राष्ट्र चार्टर का घोर उल्लंघन मानते हैं."

    उन्होंने बताया कि क़तर के एयर डिफ़ेंस सिस्टम ने "हमले को सफलतापूर्वक नाकाम कर ईरानी मिसाइलों को रोक दिया."

    उनका कहना है कि अल उदीद एयर बेस को पहले ही खाली कर दिया गया था.

    उन्होंने दावा किया है कि इस हमले में न तो कोई मारा गया है और न ही घायल हुआ है.

    विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता ने कहा है, "क़तर इस बेशर्म आक्रामक रवैये के तरीके और इसके असर के मुताबिक़ जवाब देने का अधिकार सुरक्षित रखता है."

    इससे पहले क़तर में धमाकों की आवाज़ें सुनी गई थीं.

    ईरान की न्यूज़ एजेंसी तस्नीम ने कहा है कि ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड ने क़तर और इराक़ में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइल दागे हैं.

  5. ईरान की मीडिया ने बताया- अमेरिकी कार्रवाई के जवाब में ईरान ने शुरू किए हमले

    ईरान इसराइल संघर्ष

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    इमेज कैप्शन, क़तर में धमाकों की आवाज़ सुनी गई है (सांकेतिक तस्वीर)

    ईरान की सरकारी मीडिया ने घोषणा की है कि ईरान ने अमेरिकी कार्रवाई का जवाब देना शुरू कर दिया है.

    ईरान की न्यूज़ एजेंसी तस्नीम ने कहा है कि ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड ने क़तर और इराक़ में अमेरिकी सैन्य ठिकानों पर मिसाइल दागे हैं.

    इससे पहले क़तर में धमाके की ख़बरें सामने आई हैं. समाचार एजेंसी रॉयटर्स और एएफ़पी की रिपोर्ट्स के मुताबिक़ क़तर में धमाके की आवाज़ें सुनी गई हैं.

    अमेरिका के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बीबीसी से कहा है कि व्हाइट हाउस और रक्षा मंत्रालय क़तर में अमेरिकी हवाई ठिकानों पर ख़तरे को समझता है और वो हालात पर नज़र बनाए हुए है.

  6. अब इस लाइव पेज को विराम देने का वक़्त आ गया है. बीबीसी संवाददाता इफ़्तेख़ार अली को दीजिए इजाज़त.

    कल हम बीबीसी लाइव पेज के ज़रिए दिन भर की बड़ी ख़बरों को लेकर फिर हाज़िर होंगे.

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  7. इसराइल की तेहरान के लोगों को चेतावनी, वहीं ईरान ने अमेरिका के लिए कही ये बात

    ईरान और इसराइल संघर्ष

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    इमेज कैप्शन, इसराइल ने 13 जून को ईरान के 'परमाणु कार्यक्रम' से जुड़े ठिकानों पर हमला किया था. इसके बाद ईरान ने जवाबी कार्रवाई में इसराइल पर हमला किया

    इसराइली सेना ने तेहरान में रहने वाले लोगों को एक 'तत्काल' चेतावनी जारी करते हुए कहा है कि वह आने वाले दिनों में शहर में हमलों को जारी रखेगी.

    सेना ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर अपने फ़ारसी अकाउंट पर एक पोस्ट में लोगों से कहा है कि वे तेहरान में ईरानी नेतृत्व से जुड़े सैन्य, सुरक्षा और औद्योगिक स्थलों से दूर रहें.

    वहीं ईरान के सशस्त्र बलों के प्रमुख ने कहा है कि अमेरिका की ओर से तीन ईरानी परमाणु ठिकानों पर किए गए हमले के बाद देश 'नुक़सान की सीमा की परवाह किए बिना' अमेरिका को 'उचित और समान रूप से जवाब' देगा.

    यह जानकारी तस्नीम समाचार एजेंसी की रिपोर्ट के मुताबिक़ है, जो ईरान की इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (आईआरजीसी) से जुड़ी हुई है.

    एक वीडियो संदेश में मेजर जनरल अब्दुलरहीम मोसावी ने कहा, "ट्रंप की यह कार्रवाई उसकी हताशा से पैदा हुई है और इसका मक़सद उनकी प्रॉक्सी सेना, इसराइल और ख़ुद नेतन्याहू को बचाना है."

    उन्होंने कहा कि जब ट्रंप को इसराइली प्रधानमंत्री के 'पतन' के संकेत दिखे, तो ट्रंप ने ईरान पर हमला करके उन्हें 'कृत्रिम सांस' देने का फै़सला किया.

    मोसावी को सशस्त्र बलों का प्रमुख उस समय नियुक्त किया गया, जब उनके पूर्ववर्ती मोहम्मद हुसैन बाघेरी 13 जून को इसराइली हमले में मारे गए थे.

  8. मुस्लिम देशों के संगठन की बैठक में पाकिस्तान की टिप्पणी पर भारत ने दिया जवाब

    भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर

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    इमेज कैप्शन, भारतीय विदेश मंत्री एस जयशंकर (फ़ाइल फ़ोटो)

    इस्लामिक देशों के संगठन ऑर्गनाइज़ेशन ऑफ़ इस्लामिक कोऑपरेशन (ओआईसी) की बैठक के दौरान जम्मू-कश्मीर पर पाकिस्तान की टिप्पणी को लेकर भारत ने प्रतिक्रिया दी है.

    ओआईसी देशों के विदेश मंत्रियों की बैठक में पाकिस्तान के विदेश मंत्री इसहाक़ डार ने कहा था, "कश्मीरी संघर्ष के सामने बढ़ती चुनौतियों को देखते हुए, ओआईसी को अपनी घोषणाओं को ठोस कार्रवाइयों में बदलना चाहिए."

    इसहाक़ डार ने दावा किया था कि "ऐसी रिपोर्ट्स हैं कि हमले (पहलगाम हमला) के तुरंत बाद 2 हज़ार 800 से ज़्यादा कश्मीरियों को गिरफ़्तार किया गया या पूछताछ के लिए बुलाया गया."

    पाकिस्तान के इस बयान के जवाब में विदेश मंत्रालय की ओर से एक कड़े बयान में कहा गया है, "भारत ओआईसी के विदेश मंत्रियों की परिषद की बैठक में भारत के बारे में अनुचित और तथ्यात्मक रूप से ग़लत संदर्भों को स्पष्ट रूप से ख़ारिज करता है."

    भारत ने पाकिस्तान के इस क़दम को ओआईसी के मंच का दुरुपयोग बताया है.

    विदेश मंत्रालय ने कहा, "ओआईसी के पास भारत के आंतरिक मामलों पर टिप्पणी करने का कोई अधिकार नहीं है, जिसमें जम्मू और कश्मीर भी शामिल हैं."

    "ओआईसी को गंभीरता से विचार करना चाहिए कि वह पाकिस्तान के प्रचार को अपने एजेंडे पर हावी होने और उसे राजनीतिक रंग देने की अनुमति क्यों दे रहा है."

    इसके साथ ही पहलगाम हमले के बाद भारत की सैन्य कार्रवाई को लेकर दिए गए बयान पर भी विदेश मंत्रालय ने जवाब दिया है.

    विदेश मंत्रालय ने कहा कि भारत पाकिस्तान के इस निराधार आरोप को भी पूरी तरह ख़ारिज करता है कि यह 'बिना किसी उकसावे की और अनुचित सैन्य आक्रामकता' है.

    बयान में आगे कहा गया, "भारत का 'ऑपरेशन सिंदूर' पहलगाम आतंकी हमले के जवाब में की गई एक सटीक और वैध कार्रवाई थी."

    जम्मू-कश्मीर के पहलगाम में 22 अप्रैल को हमला हुआ था. इस हमले में 26 लोग मारे गए थे.

  9. नेटो महासचिव बोले- सहयोगी देश मानते रहे हैं ईरान को परमाणु हथियार न बनाने दिए जाएं

    नेटो के महासचिव मार्क रूटे

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    इमेज कैप्शन, नेटो के महासचिव मार्क रूटे ने कहा है कि ईरान एनपीटी के तहत अपनी ज़िम्मेदारियों को पूरा करे

    नेटो के महासचिव मार्क रूटे ने हेग में शिखर सम्मेलन से पहले पत्रकारों से ईरान और इसराइल के बीच बढ़ते संघर्ष पर बात की है.

    उन्होंने पत्रकारों से कहा, "जहां तक ईरान के परमाणु कार्यक्रम पर नेटो के रुख़ की बात है, तो सहयोगी देशों की लंबे समय से यह सहमति रही है कि ईरान को परमाणु हथियार विकसित नहीं करने देना चाहिए."

    मार्क रूटे ने कहा, "सहयोगी देशों ने बार-बार ईरान से अपील की है कि वह परमाणु अप्रसार संधि (एनपीटी) के तहत अपनी ज़िम्मेदारियों को पूरा करे."

    ईरान ने 1968 में परमाणु अप्रसार संधि पर हस्ताक्षर किए थे. इसका मतलब ये है कि ईरान परमाणु तकनीक का इस्तेमाल सिर्फ़ शांतिपूर्ण काम के लिए करेगा और किसी को न्यूक्लियर टेक्नोलॉजी नहीं देगा.

    रूस और यूक्रेन युद्ध की बात करते हुए उन्होंने कहा कि ईरान वहां 'गहराई से शामिल' है.

    साथ ही उन्होंने आरोप लगाया कि ईरान ने रूस को ड्रोन दिए हैं, जिनका इस्तेमाल यूक्रेनी नागरिकों को मारने के लिए किया जा रहा है.

  10. इसराइल के हमलों में ईरान में कितने लोग मारे गए हैं?

    ईरान और इसराइल संघर्ष

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    इमेज कैप्शन, इसराइल ने 13 जून को 'ऑपरेशन राइज़िंग लायन' नाम से ईरान के परमाणु और सैन्य ठिकानों पर हवाई हमले किए (ये तस्वीर 18 जून की है)

    ईरान की सरकारी टीवी ने इसराइली हमलों में मारे गए लोगों और घायलों के आंकड़ों की जानकारी दी है.

    टीवी ने देश के स्वास्थ्य मंत्रालय के हवाले से ख़बर दी है कि 13 जून के हमले के बाद से ईरान में 'लगभग 500' लोग मारे गए हैं.

    साथ ही बताया गया कि तीन हज़ार से ज़्यादा लोग घायल हुए हैं.

    ईरान सरकार की ओर से लगाए गए प्रतिबंधों के कारण, बीबीसी के पत्रकार देश के अंदर से रिपोर्टिंग करने में असमर्थ हैं, जिससे इसराइल के हमलों से हुए नुक़सान का आकलन करना मुश्किल है.

    इस संघर्ष पर नज़र रख रहे एक मानवाधिकार समूह ह्यूमन राइट्स एक्टिविस्ट्स इन ईरान के मुताबिक़, मरने वालों की संख्या इन आंकड़ों के मुक़ाबले लगभग दोगुनी है.

    इसराइल और ईरान के बीच संघर्ष दूसरे सप्ताह में पहुंच गया है और अमेरिका ने ईरान के प्रमुख परमाणु ठिकानों पर हमले करके उसे अस्थिर कर दिया है. इसमें उसका सबसे सुरक्षित ठिकाना फ़ोर्दो भी शामिल है.

  11. दिनभर- पूरा दिन, पूरी ख़बर मोहन लाल शर्मा और दिलनवाज़ पाशा से

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  12. उत्तराखंड: यमुनोत्री पैदल मार्ग पर भूस्खलन, 3 से 4 लोगों के दबे होने की आशंका, आसिफ़ अली, बीबीसी हिन्दी के लिए

    यमुनोत्री पैदल मार्ग

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    इमेज कैप्शन, यमुनोत्री पैदल मार्ग पर हुए भूस्खलन के बाद एक शख़्स को बचाया गया है जिसका इलाज चल रहा है

    यमुनोत्री पैदल मार्ग पर सोमवार को नौ कैंची भैरव मंदिर के पास भूस्खलन की घटना हुई. प्रशासन को आशंका है कि इस हादसे में 3 से 4 यात्री मलबे में दबे हो सकते हैं.

    उत्तरकाशी ज़िला आपदा प्रबंधन और पुलिस के मुताबिक़, "घटना की सूचना दोपहर 4:12 बजे प्राप्त हुई जिसमें 3 से 4 यात्रियों के दबे होने की आशंका है."

    पुलिस का कहना है कि घटना के तुरंत बाद एसडीआरएफ़, पुलिस, वन विभाग, मेडिकल और पशु चिकित्सा टीम मौके़ पर पहुंच गई है.

    उनका कहना है कि एक घायल यात्री को बचाकर जानकीचट्टी के पीएचसी में भर्ती कराया गया है, जहां उसका इलाज चल रहा है.

    उत्तरकाशी के डीएम प्रशांत कुमार आर्य के मुताबिक़, इस हादसे में क़रीब 13 साल की एक बच्ची भी लापता बताई जा रही है.

    उन्होंने कहा कि अभी बारिश नहीं हो रही है इसलिए उम्मीद है कि जल्द बचाव कार्य करके घायलों को निकाल लिया जाएगा.

  13. विधानसभा उपचुनाव: दो सीट पर 'आप' की जीत और बीजेपी, कांग्रेस, टीएमसी के खाते में एक-एक सीट

    तृणमूल कांग्रेस की अलीफ़ा अहमद

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    इमेज कैप्शन, पश्चिम बंगाल की कालीगंज सीट पर तृणमूल कांग्रेस की अलीफ़ा अहमद ने बीजेपी के आशीष घोष को हराया है

    गुजरात की दो, केरल, पंजाब और पश्चिम बंगाल विधानसभा की एक-एक सीट पर हुए उपचुनाव के नतीजे आ गए हैं.

    उपचुनाव में पांच सीटों में से दो पर आम आदमी पार्टी ने जीत हासिल की है, जबकि कांग्रेस, भारतीय जनता पार्टी और तृणमूल कांग्रेस के खाते में एक-एक सीट आई.

    गुजरात के उपचुनाव में विसावदर सीट पर आम आदमी पार्टी ने भारतीय जनता पार्टी को हराया है. आम आदमी पार्टी के उम्मीदवार गोपाल इटालिया ने 17,554 वोटों से बीजेपी के किरीट पटेल को हराकर जीत हासिल की.

    पंजाब की लुधियाना पश्चिम सीट पर आम आदमी पार्टी के संजीव अरोड़ा ने कांग्रेस के भारत भूषण आशु को 10,637 वोटों से हराया.

    वहीं गुजरात की कड़ी सीट पर बीजेपी उम्मीदवार राजेंद्र चावड़ा ने 39,452 वोटों से कांग्रेस उम्मीदवार रमेश चावड़ा को हराया है.

    केरल की विधानसभा सीट निलंबूर से कांग्रेस के उम्मीदवार आर्यदान शौकत ने मार्क्सवादी कम्युनिस्ट पार्टी (सीपीएम) उम्मीदवार एम. स्वराज को क़रीब 11 हज़ार वोटों से हरा दिया है.

    वहीं पश्चिम बंगाल की कालीगंज सीट पर तृणमूल कांग्रेस की अलीफ़ा अहमद ने क़रीब 50 हज़ार से ज़्यादा वोटों से बीजेपी के आशीष घोष को हराया है.

  14. इसराइल ने ताज़ा हमलों में ईरान की जेल को बनाया निशाना

    ईरान की एविन जेल (फ़ाइल फ़ोटो)

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    इमेज कैप्शन, ईरान की एविन जेल (फ़ाइल फ़ोटो)

    इसराइल ने कहा है कि उसने ईरान की एविन जेल और बासिज मुख्यालय पर हमला किया है. ईरान ने हमले की पुष्टि की है.

    इससे पहले इसराइल के रक्षा मंत्री इसराइल कात्ज़ ने बयान दिया था, जिसमें उन्होंने तेहरान में ईरानी शासन के कुछ ठिकानों की सूची दी थी, जिन पर उन्होंने कहा कि हवाई हमले किए गए हैं.

    उन्होंने कहा कि निशाना बनाए गए ठिकानों में बासिज फ़ोर्स का मुख्यालय भी शामिल है, बासिज का पहला काम देश के भीतर सरकार विरोधी गतिविधियों से निपटना है.

    कात्ज़ ने कहा कि एविन जेल को निशाना बनाया गया, जहां 'राजनीतिक कै़दियों और शासन के दुश्मनों' को रखा जाता है.

    बीबीसी वेरिफ़ाई ने सीसीटीवी फ़ुटेज की पुष्टि की है जिसमें जेल के एंट्री गेट पर विस्फोट दिखाया गया है.

    ईरान की न्यायपालिका ने तेहरान की एविन जेल पर हमले की पुष्टि करते हुए कहा है कि मिसाइल जेल पर गिरी और जेल के कुछ हिस्सों को नुक़सान पहुंचा.

  15. पुतिन ने ईरान के विदेश मंत्री से की मुलाक़ात, अमेरिका के हमलों पर ये कहा, स्टीव रोज़नबर्ग, रशिया एडिटर

    ईरान और रूस की मुलाक़ात

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    इमेज कैप्शन, पुतिन ने कहा है कि उन्हें ख़ुशी है कि ईरान के विदेश मंत्री मॉस्को में हैं

    रूस के राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराग़ची के बीच क्रेमलिन में बातचीत हुई है.

    रूस के सरकारी समाचार चैनल पर व्लादिमीर पुतिन ने कहा, "ईरान के ख़िलाफ़ यह पूरी तरह से अकारण आक्रामकता है, जिसका कोई आधार और कोई जायज़ वजह नहीं है."

    पुतिन ने कहा, "मुझे बहुत ख़ुशी है कि आप (अब्बास अराग़ची) आज मॉस्को में हैं. इससे हमें इन सभी कठिन मुद्दों पर चर्चा करने और साथ मिलकर यह सोचने का मौक़ा मिलेगा कि आज की स्थिति से कैसे बाहर निकला जाए."

    ईरान के विदेश मंत्री ने कहा कि उनके देश के रूस के साथ 'बहुत क़रीबी और दोस्ताना संबंध' हैं, और ये रिश्ते अब 'रणनीतिक रूप' ले चुके हैं.

    अराग़ची ने कहा कि इसराइल और अमेरिका के हमलों ने 'अंतरराष्ट्रीय नियमों और मानदंडों का उल्लंघन किया है.'

    इस साल की शुरुआत में रूसी राष्ट्रपति पुतिन और ईरानी राष्ट्रपति मसूद पेज़ेश्कियान के बीच एक रणनीतिक साझेदारी समझौता भी हुआ था. इस समझौते में सुरक्षा सहयोग बढ़ाने की बात कही गई है.

    लेकिन यह कोई सैन्य गठबंधन नहीं है और इससे रूस पर तेहरान की रक्षा करने की बाध्यता नहीं है.

  16. अनुज चौधरी ने मोहर्रम में निकलने वाले ताज़िया को लेकर दिया बयान, सैयद मोज़िज़ इमाम, बीबीसी संवाददाता

    अनुज चौधरी

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    इमेज कैप्शन, सीओ अनुज चौधरी (फ़ाइल फ़ोटो)

    उत्तर प्रदेश के संभल ज़िले में चंदौसी सीओ अनुज चौधरी ने कहा है कि मोहर्रम के दौरान ताज़िया की ऊंचाई दस फ़ीट से ज़्यादा नहीं हो सकती है.

    जुलाई की 6 या 7 तारीख़ को मोहर्रम का जुलूस निकल सकता है.

    न्यूज़ एजेंसी पीटीआई से अनुज चौधरी ने कहा, "पिछले साल की तरह इस साल भी ताज़िया की ऊंचाई निर्धारित रहेगी. इसके अलावा ताज़िया के रास्ते में पड़ने वाले किसी भी पेड़ और तार को अनावश्यक रूप से नहीं काटा जाएगा."

    मोहर्रम इमाम हुसैन की कर्बला में शहादत की याद में मनाया जाता है. प्रशासन ने मोहर्रम से पहले गाइडलाइन जारी की है.

    इससे पहले होली के दौरान भी अनुज चौधरी का एक बयान चर्चा में रहा था, तब वह संभल के सीओ थे.

    अनुज चौधरी ने कहा था, "जिस प्रकार से मुस्लिम ईद का इंतज़ार करते हैं, उसी तरह हिंदू होली की प्रतीक्षा करते हैं. होली का दिन साल में एक बार आता है, जबकि जुमा साल में 52 बार आता है. अगर किसी को लगता है कि होली के रंग से उसका धर्म भ्रष्ट होता है तो वह उस दिन घर से न निकले."

    जब उन्होंने यह बयान दिया था, तब उनके बयान को लेकर उनकी आलोचना हुई थी.

  17. ईरान के परमाणु ठिकानों का निरीक्षण करने के लिए संयुक्त राष्ट्र की एजेंसी ने की ये मांग

    राफे़ल ग्रॉसी

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    इमेज कैप्शन, संयुक्त राष्ट्र की परमाणु निगरानी संस्थाअंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (आईएईए) के प्रमुख राफे़ल ग्रॉसी

    अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (आईएईए) के प्रमुख राफे़ल ग्रॉसी ने ईरान में युद्ध विराम की अपील की है, ताकि ईरान के परमाणु ठिकानों का निरीक्षण किया जा सके.

    उन्होंने कहा, "ज़मीनी हक़ीक़तों को स्थापित करना किसी भी समझौते के लिए ज़रूरी शर्त है और यह सिर्फ़ आईएईए की जांच के ज़रिए ही संभव है."

    राफे़ल ग्रॉसी ने आगे कहा, "ज़रूरी सुरक्षा और संरक्षा की स्थिति बनाए रखने के लिए दुश्मनी का ख़त्म होना ज़रूरी है, ताकि आईएईए की टीमें ईरान की स्थिति का आकलन करने के लिए उन जगहों पर जा सकें."

    इससे पहले, ईरान के तीन परमाणु ठिकानों पर अमेरिका के हमले के बाद ट्रंप ने रविवार को ईरान को चेतावनी दी थी.

    उन्होंने कहा था, "या तो अब शांति होगी या फिर ईरान के लिए एक ऐसी त्रासदी आएगी, जो पिछले आठ दिनों में देखी गई घटनाओं से कहीं ज़्यादा बड़ी होगी."

  18. तेज प्रताप यादव ने बिहार सरकार से क्या मांग की है?

    तेज प्रताप यादव

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    इमेज कैप्शन, तेज प्रताप यादव ने दावा किया है कि उनकी जान को ख़तरा है

    बिहार के पूर्व मंत्री और राष्ट्रीय जनता दल (आरजेडी) से निष्कासित किए गए नेता तेज प्रताप यादव ने बिहार सरकार से उनकी सुरक्षा बढ़ाने की मांग की है.

    उन्होंने न्यूज़ एजेंसी एएनआई से कहा, "अभी मैं असुरक्षित महसूस कर रहा हूं. हम बिहार सरकार से कहना चाहते हैं कि मेरी सुरक्षा बढ़ाई जाए, क्योंकि हमारे दुश्मन पूरी तरह से हर जगह लगे हुए हैं."

    तेज प्रताप ने दावा किया कि उनकी जान को ख़तरा है.

    उन्होंने अपने फ़ेसबुक पर किए गए पोस्ट के बारे में कहा, "वह हमारा निजी जीवन है, उसमें किसी को हस्तक्षेप करने का कोई अधिकार नहीं बनता है."

    बिहार में इसी साल के आख़िर में होने वाले विधानसभा चुनाव को लेकर तेज प्रताप ने कहा, "तेजस्वी जी मुख्यमंत्री बनें ये बड़े भाई का पूरी तरह से आशीर्वाद है."

    क्या है मामला?

    आरजेडी के अध्यक्ष लालू प्रसाद यादव ने पिछले महीने अपने बड़े बेटे तेज प्रताप यादव को पार्टी से छह साल के लिए निष्कासित कर दिया था.

    साथ ही, लालू यादव ने सोशल मीडिया प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर यह भी घोषणा की कि तेज प्रताप की परिवार में कोई भूमिका नहीं रहेगी.

    दरअसल, तेज प्रताप यादव के सोशल मीडिया हैंडल से एक युवती के साथ बीते 12 वर्षों से उनके प्रेम संबंध होने की जानकारी साझा की गई थी. तेज प्रताप के इस पोस्ट के बाद से बिहार की राजनीति में यह मामला चर्चा का विषय बन गया था.

    हालांकि, तेज प्रताप ने बाद में यह पोस्ट डिलीट करते हुए कहा कि उनकी आईडी हैक हो गई थी.

  19. ईरान की राजधानी तेहरान पर इसराइल ने किए एक साथ कई हमले

    इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू

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    इमेज कैप्शन, इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू (फ़ाइल फ़ोटो)

    इसराइल ने ईरान की राजधानी तेहरान पर ताज़ा हमलों की जानकारी दी है.

    इसराइली सेना ने कहा कि उसकी वायुसेना ने तेहरान में सैन्य ठिकानों को निशाना बनाकर 'एक साथ कई हमले किए हैं'.

    यह बयान उस समय आया है जब ईरानी मीडिया ने बताया है कि ईरान की राजधानी में धमाकों की आवाज़ें सुनी गईं, और शहर के ऊपर धुएं का एक बड़ा ग़ुबार उठता हुआ एक वीडियो में दिखा.

    इससे पहले इसराइली सेना ने बताया था कि उसने ईरान के छह एयरपोर्ट पर हमला किया है.

    सेना के मुताबिक़, इन हमलों में 15 एयरक्राफ़्ट नष्ट कर दिए गए और रनवे को नुक़सान पहुंचाया गया है.

  20. ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर ने अमेरिका को दी चेतावनी

    इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (आईआरजीसी) के प्रवक्ता इब्राहिम ज़ोल्फ़ग़री

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    इमेज कैप्शन, इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर के प्रवक्ता इब्राहिम ज़ोल्फ़ग़री ने बयान दिया है

    ईरान के इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर (आईआरजीसी) के प्रवक्ता इब्राहिम ज़ोल्फ़ग़री ने कहा है कि अमेरिका अब सीधे इस युद्ध में शामिल हो गया है और उसने ईरान की 'पवित्र ज़मीन' का उल्लंघन किया है.

    आईआरजीसी के प्रवक्ता इब्राहिम ज़ोल्फ़ग़री ने अमेरिका को यह चेतावनी एक वीडियो संदेश के ज़रिए दी है.

    उन्होंने आगे कहा कि अमेरिका को 'भारी, अफ़सोसजनक और अप्रत्याशित नतीजे' भुगतने पड़ेंगे, जो 'शक्तिशाली और टारगेटेड ऑपरेशन' के ज़रिए दिए जाएंगे.

    अपने इस वीडियो संदेश में इब्राहिम ज़ोल्फ़ग़री ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को सीधे अंग्रेज़ी में संबोधित करते हुए कहा, "मिस्टर ट्रंप, गैम्बलर! आप ये युद्ध शुरू कर सकते हैं लेकिन इसे ख़त्म हम करेंगे."

    इसके अलावा ईरानी मीडिया ने भी ईरान के कमांडर इन चीफ़ अमीर हातमी का एक वीडियो जारी किया है.

    इस जारी वीडियो में उन्होंने कहा कि जब भी अमेरिका ने अतीत में ईरान के ख़िलाफ़ 'अपराध' किए हैं, उसे 'कड़ा जवाब' मिला है और इस बार भी वही होगा.