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'ओसामा' कर रहे हैं बिहार में प्रचार | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
चरमपंथी संगठन अल क़ायदा के मुखिया ओसामा बिन लादेन का नाम दुनिया भर में जाना जाने लगा है और अक्सर लोग उनका भेस भी भर लेते हैं. ऐसे ही एक 'ओसामा' इन दिनों बिहार में चुनाव प्रचार कर रहे हैं. वे घूम-घूमकर लोक जनशक्ति पार्टी के लिए वोट मांग रहे हैं. ज़ाहिर है कि ये असली ओसामा बिन लादेन नहीं हैं, किसी ने उनका रूप भरा है. उनका नाम है मेराज ख़ालिद नूर लेकिन वे अपना नाम बताते हैं, मीराज ख़ालिद नूर उर्फ़ लादेन. सहरसा में पैदा हुए मेराज इन दिनों पटना के फुलवारी शरीफ़ में रहते हैं और पेशे से व्यापारी हैं. मेराज बताते हैं कि वह तो नलपतगंज से चुनाव लड़ना चाहते थे कि लेकिन रामविलास पासवान ने कहा कि पूरे बिहार में उनके लिए चुनाव प्रचार करें. अब वे बाक़ायदा लोकजनशक्ति पार्टी के नेता रामविलास पासवान के साथ मंच पर बैठते हैं और चुनावी भाषण देते हैं. उनका दावा है कि पासवान उनको राष्ट्रीय राजनीति में लाना चाहते हैं. 'ओसामा' मेराज असली ओसामा बिन लादेन को 'आतंकवादी' नहीं मानते और कहते हैं कि न्यूयॉर्क के वर्ल्ड ट्रेड टॉवर पर हमला ओसामा ने नहीं करवाया था. उनका कहना है, "अमरीका ने उन्हें 'आतंकवादी' बना कर पेश किया वे तो हक़ और इंसाफ़ के लिए लड़ रहे हैं." वे कहते हैं, "ओसामा आतंकवादी नहीं हैं, अंग्रेज़ तो महात्मा गांधी को भी आतंकवादी मानते थे तो क्या वे आतंकवादी थे?"
उनका दावा है कि यदि दुनिया भर में सर्वेक्षण करवाया जाए तो ओसामा बिन लादेन को चाहने वालों की संख्या ज़्यादा मिलेगी. वह कहते हैं कि हिंदुओं में भी ओसामा बहुत लोकप्रिय है. मेराज का कहना है कि उनके ओसामा बिन लादेन जैसे हुलिए से मुसलमान बिरादरी पर कोई असर नहीं पड़ेगा. वह कहते हैं कि यदि उनके हुलिए पर भाजपा आपत्ति करती है तो इसका लाभ लोकजनशक्ति पार्टी को मिलेगा. इस 'ओसामा' को साथ लेकर रामविलास पासवान कहते हैं कि इनको साथ लेकर चुनाव प्रचार करने का मतलब यह नहीं है कि वे ओसामा बिन लादेन की विचारधारा से सहमत हैं. यानी उनके लिए 'ओसामा' सिर्फ़ भीड़ जुटाने का साधन भर हैं! |
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