|
गुलज़ार, सौरभ सहित 86 को पद्म सम्मान | ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||
राष्ट्रपति एपीजे अब्दुल कलाम ने बुधवार को देश के अलग-अलग क्षेत्रों से जुड़ी 86 हस्तियों को पद्म सम्मान दिए. भारत के पूर्व मुख्य न्यायाधीश एमएनआर वेंकटचलैया, नामी फ़िल्मकार गुलज़ार, सुप्रसिद्ध वैज्ञानिक जयंत विष्णु नार्लीकर और भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान सौरभ गांगुली सम्मान पाने वालों में शामिल थे. इस बार सर्वोच्च नागरिक सम्मान 'भारत रत्न' किसी को भी देने की घोषणा नहीं की गई. राष्ट्रपति भवन के दरबार हॉल में हुए इस सम्मान कार्यक्रम में राष्ट्रपति कलाम कम से कम 14 बार ख़ुद चलकर सम्मान पाने वालों तक गए, क्योंकि उनके लिए मंच तक जाना संभव नहीं था. पद्म विभूषण, भारत का दूसरा बड़ा नागरिक सम्मान है. यह सम्मान पाने वाले तीन लोगों में से सिर्फ़ न्यायमूर्ति वेंकटचलैया ही वहाँ उपस्थित थे. लेखिका अमृता प्रीतम और खगोलशास्त्री जयंतविष्णु नार्लीकर वहाँ उपस्थित नहीं हो सके. 19 लोगों को पद्मभूषण सम्मान से सम्मानित किया गया. इनमें फ़िल्मकार गुलज़ार, अर्थशास्त्री सी हनुमंत राव, वैज्ञानिक पद्मनाभन, पत्रकार वी कामथ, वायलिन वादक एन राजम शामिल थे. भारत से मैत्री को बढ़ावा देने के लिए जापान के पूर्व प्रधानमंत्री याशिरो मोरी को भी यह सम्मान दिया जाना था लेकिन वे समारोह में नहीं आ सके. क्रिकेट टीम के कप्तान सौरभ गांगुली, उपकप्तान राहुल द्रविड़, गायक हरिहरण और कार्टूनिस्ट सुधीर तैलंग सहित 74 लोगों को पद्मश्री से सम्मानित किया गया. |
| ||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||||