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महाजन ने कल्याण सिंह से मुलाक़ात की
उत्तर प्रदेश में भारतीय जनता पार्टी ने निकाले गए नेता और राष्ट्रीय क्रांति पार्टी के अध्यक्ष कल्याण सिंह की भाजपा महासचिव प्रमोद महाजन से मुलाक़ात हुई है. यह मुलाक़ात गुपचुप सी है और इस बारे में कोई भी नेता कुछ ब्यौरा नहीं दे रहे हैं. वैसे माना जा रहा है कि कल्याण सिंह को पार्टी में वापस लाने की कोशिशों के तहत ही ये मुलाक़ात हुई है. इस तरह की चर्चाएँ तो तभी शुरु हो गई थीं जब कल्याण सिंह प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी को जन्मदिन की बधाई देने उनके घर पहुँचे थे. आम चुनाव के जल्दी होने के आसार को देखते हुए भी इस मुलाक़ात को काफ़ी महत्त्व भी दिया जा रहा है. यूँ तो कल्याण सिंह प्रदेश की वर्तमान मुलायम सिंह सरकार में गठबंधन के एक सहयोगी के रूप में शरीक़ हैं मगर ये भी अटकलें लग रही हैं कि वह मुलायम सिंह यादव के नेतृत्व वाली सरकार से बाहर हो सकते हैं. प्रमोद महाजन दिल्ली से सीधे आए और लखनऊ में सीधे माल एवेन्यू गए जहाँ कल्याण सिंह का निवास है. उनके साथ भाजपा के दो राज्यसभा सांसद दीनानाथ मिश्र और बलबीर पुँज भी थे. माना जा रहा है कि ये दोनों ही नेता कई महीनों से कल्याण सिंह से संपर्क में हैं. ब्यौरा नहीं संवाददाताओं के पूछे जाने पर कल्याण सिंह ने इस बात की तो पुष्टि की कि मुलाक़ात हुई है मगर उन्होंने उस बैठक के बारे में कुछ और ब्यौरा देने से इनकार कर दिया. काफ़ी ज़ोर देने के बाद कल्याण सिंह ने इतना ही कहा कि इस साल होने वाले आम चुनाव से पहले कई नए समीकरण उभरने वाले हैं. बैठक इतने गुप्त तरीक़े से हुई कि पार्टी के राज्य में विधायक दल के नेता लालजी टंडन को भी इस बात की भनक तक नहीं थी. कल्याण सिंह को कुछ वर्ष पहले पार्टी से निकाल दिया गया था क्योंकि उस समय उन्होंने प्रधानमंत्री अटल बिहारी वाजपेयी के विरुद्ध काफ़ी कटु टिप्पणियाँ की थीं. जिस समय राज्य में लगभग एक दशक पहले बाबरी मस्जिद गिराई गई थी उस समय कल्याण सिंह के हाथ में ही राज्य की कमान थी और वह भाजपा सरकार के मुखिया थे. अब लग रहा है कि पार्टी को ये आभास हो रहा है कि उसे प्रदेश में जीत हासिल करने के लिए कल्याण सिंह की ज़रूरत है. उत्तर प्रदेश में लोक सभा की 80 सीटे हैं. अब कल्याण सिंह अगर प्रदेश सरकार से बाहर होते हैं तो इससे सरकार की सेहत पर तो कुछ असर नहीं पड़ेगा मगर इससे आने वाले आम चुनाव में समाजवादी पार्टी की संभावनाओं पर असर हो सकता है. |
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