'नरसिंह राव ने कैसे बदली भारत की तस्वीर'

जब पीवी नरसिम्हा राव 1991 में भारत के प्रधानमंत्री बने तो उनके पास पूर्ण बहुमत नहीं था.

इसके बावजूद वो गांधी नेहरू परिवार के बाहर पहले ऐसे प्रधानमंत्री मंत्री बने जिन्होंने अपना पाँच साल का कार्यकाल पूरा किया.

उन्हें 1991 के आर्थिक उदारीकरण का पुरोधा मना गया लेकिन बाबरी मस्जिद विध्वंस में उनकी भूमिका पर सवाल भी उठाए गए.

पिछले दिनों विनय सीतापती की किताब ‘हाफ़ लायन- हाऊ नरसिम्हा राव ट्राँसफ़्रार्म्ड इंडिया’ प्रकाशित हुई है जिसमें नरसिम्हा राव के राजनीतिक जीवन के कई पहलुओं को छुआ गया है..

विवेचना में रेहान फ़ज़ल नज़र डाल रहे हैं इस चर्चित पुस्तक के विभिन्न पक्षों पर