वो शख़्स जिन्हें सम्मानित करने के लिए राष्ट्रपति ख़ुद मंच से नीचे आ गईं
दुनिया में ऐसे लोगों की कमी नहीं जो किसी हादसे का शिकार होने के बाद जीते हुए भी जीने की इच्छा छोड़ देते हैं, लेकिन कुछ ऐसे होते हैं जो मौत से लड़कर जीने के लिए लौटते हैं और दूसरों को जीने का तरीका भी सिखाते हैं.
बुधवार को राष्ट्रपति भवन में जब खिलाड़ियों, पूर्व खिलाड़ियों और कोच को 'नेशनल स्पोर्ट्स एंड एडवेंचर अवॉर्ड' से नवाज़ा जा रहा था, तो सबसे ज़्यादा निगाहें व्हीलचेयर पर बैठे एक व्यक्ति ने खींची.
ये व्यक्ति थे नीर बहादुर गुरुंग. नीर बहादुर गुरुंग के नाम का एलान होने के साथ ही वहां बैठे तमाम लोगों ने तालियां बजानी शुरू कीं.
इसके बाद उनकी उपलब्धियों का ब्योरा दिया गया. ब्योरा देने के बाद वो राष्ट्रपति की तरफ़ बढ़े और उन्हें सम्मानित करने के लिए राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू अपनी जगह से नीचे आईं.
गुरुंग को जब सम्मानित किया गया तो तालियों की गूंज लगातार बढ़ती गई. उन्हें ध्यान चंद पुरस्कार से सम्मानित किया गया.
रिपोर्ट और आवाज़: भरत शर्मा
वीडियो: मनीष जालुई
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