सरकारी योजनाओं पर दो-मत क्यों हैं, इस राज्य के लोग?
ओडिशा में चार दर्जन से अधिक जनहित-योजनाएं हैं. ऐसा कहा जाता है कि ओडिशा में जन्म से लेकर मृत्यु तक के लिए सरकारी योजनाएं हैं. लेकिन इन योजनाओं पर यहां के लोगों का क्या कहना है? क्या उन्हें इनका लाभ मिल पाता है और सवाल ये भी कि सरकार लोगों की समस्याओं का स्थायी हल क्यों नहीं तलाशती?
वीडियो: फ़ैसल मोहम्मद अली/केंज़ उल मुनीर
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)