You’re viewing a text-only version of this website that uses less data. View the main version of the website including all images and videos.
पाकिस्तान: पेशावर हमले के सात साल
सात साल पहले 16 दिसंबर को पाकिस्तान के पेशावर आर्मी स्कूल में हुए चरमपंथी हमले में 134 बच्चों की जान चली गई थी.
हमले को तहरीके तालिबान पाकिस्तान यानी टीटीपी के हमलावरों ने अंजाम दिया था. इसे पाकिस्तान में हुए सबसे बड़े चरमपंथी हमलों में से एक माना जाता है.
लेकिन अब पाकिस्तान सरकार उसी घटना के ज़िम्मेदार संगठन टीटीपी से सुलह के लिए बातचीत कर रही है.
इसे लेकर कई लोगों में और ख़ासतौर से पीड़ित परिवारों में ज़बर्दस्त नाराज़गी है. देखिए पेशावर से बीबीसी संवाददाता शुमाइला जाफ़री की रिपोर्ट.
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूबपर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)