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तालिबान और अफ़ीम के बीच क्या कनेक्शन है?
तालिबान का दावा है कि उसने अफ़ग़ानिस्तान में अपने पिछले शासन के दौरान अफ़ीम की खेती पर पूरी तरह पाबंदी लगा दी थी जिसके चलते ग़ैर-क़ानूनी ड्रग्स का कारोबार थम गया था.
हालांकि 2001 में अफ़ग़ानिस्तान में अफ़ीम के उत्पादन में कमी ज़रूर देखी गई थी, लेकिन बाद के सालों में यह देखने को मिला है कि तालिबान नियंत्रित इलाकों में अफ़ीम की खेती बढ़ती गई.
अफ़ीम को इस तरह से परिष्कृत किया जाता है कि उससे काफ़ी अधिक नशा देने वाले हेरोइन जैसे ड्रग्स तैयार होते हैं. यूनाइटेड नेशंस ऑफ़िस ऑन ड्रग्स एंड क्राइम्स (यूएनओडीसी) के मुताबिक़, अफ़ीम का सबसे बड़ा उत्पादक देश अफ़ग़ानिस्तान है.
रिपोर्ट: टीम बीबीसी
आवाज़: नवीन नेगी
वीडियो एडिटिंग: दीपक जसरोटिया
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