बिना हाथ के तीरंदाज़ी का कमाल
एक ऐसा शख़्स जिसने ज़िंदगी में हार मानना नहीं सीखा. जन्म से ही मैथ स्टुथमंस के हाथ नहीं हैं, लेकिन ये उनके प्रोफेशनल खिलाड़ी बनने के आड़े नहीं आया.
उन्होने सालों तक बास्केट बॉल खेला, फिर तीरंदाज़ी में हाथ आज़माया और तीरंदाज़ी ने उनकी ज़िंदगी हमेशा के लिए बदल दी. कई उपलब्धियां हासिल करने के बाद अब वो टोक्यो ओलंपिक में स्वर्ण पदक जीतने का सपना देख रहे हैं.
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)