लॉकडाउन के पोस्टकार्डः ये लॉकडाउन हमें क्या सिखा रहा है?
कोरोना का असर पूरी दुनिया पर है. भारत में भी लॉकडाउन है. यानी लोग अपने घरों में क़ैद हैं.
लॉकडाउन जैसे-जैसे चुनौतियाँ पेश करता रहेगा, हम आप तक पहुँचने और दिलचस्प चीज़ें लाने के रास्ते खोजते रहेंगे. इसी के तहत बीबीसी हिंदी ने लॉकडाउन के पोस्टकार्ड सिरीज़ की शुरुआत की है.
इस सिरीज़ में हम लोगों के लिखे पोस्टकार्ड आपको बीबीसी भारतीय भाषाओं की संपादक रूपा झा की आवाज़ में सुनवाते हैं. ये पोस्टकार्ड कोरोना पर विशेष ऑडियो बुलेटिन कोरोना दिनभर में सोमवार से शुक्रवार शाम साढ़े सात बजे प्रसारित होता है.
इसके साथ ही ये लॉकडाउन के पोस्टकार्ड सोमवार से शुक्रवार शाम 4 बजे बीबीसी हिंदी के फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम पेज पर भी शेयर किए जाते हैं.
'हर गुज़रते दिन के साथ ये लॉकडाउन ऐसा मालूम होता है, जैसे हमने ख़ुद ही इसका चुनाव किया है. ये हमारी ही पसंद था. धीरे-धीरे हम इसे स्वीकार करने लगे हैं ताकि जंग के लिए तैयार हो सकें.'
लॉकडाउन के पोस्टकार्ड की अंतिम कड़ी में आज एक्टर रजत कपूर का भेजा पोस्टकार्ड सुनिए रूपा झा की आवाज़ में.
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