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'कभी नहीं सोचा था कि भाई मुझसे दूर हो जाएगा'
दिल्ली के एलएनजेपी अस्पताल में बैठे एक शख़्स बिलखते हुए फ़ोन पर किसी को ये सब बता रहे थे. दो लोगों ने उन्हें संभाला हुआ था. इनका भाई बबलू भी उसी फ़ैक्ट्री में काम करता था जहां रविवार सुबह आग लग गई.
बबलू के भाई मोहम्मद हैदर को मलाल इस बात का है कि वह घटनास्थल पर पहुंच गए थे मगर भाई को बचा नहीं पाए.
वह आगे कहते हैं, "पहुंच तो गया था मैं. इस बीच किसी ने कहा कि तुम्हारे भाई को निकाल दिया है. मेरी टेंशन कम हो गई. तीन-चार लोगों को बचाया भी मगर भाई अंदर रह गया. उस तक पहुंच नहीं पाया. जब मिला तो मुर्दाघर में पड़ा हुआ था."
पास ही बैठे एक और शख़्स ने फ़ोन पर भारी आवाज़ में किसी से कहा, "बबूल भी डेड कर गया, राजू भी डेड कर गया. तौक़ीर भी डेड कर गए."
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