पाकिस्तान की पहली हिंदू गायिका होने का दावा
अपने हिंदू और सूफी धार्मिक गीतों के लिए चर्चित नरोधा ने नौ साल की उम्र में ही गाना शुरू कर दिया था.
नरोधा ने शौकिया गाना शुरू किया और फिर संगीत की शिक्षा भी ली.
पाकिस्तान के अलग-अलग हिस्सों में आयोजित संगीत प्रतियोगिताओं में भाग लेकर अपनी पहचान बनाने वाली नरोधा सिंधी, उर्दू, पंजाबी समेत कई भाषाओं में गाती हैं.