दमिश्क में ईरानी वाणिज्य दूतावास पर इसराइल का हमला, सीरिया के सरकारी मीडिया का दावा

मीडिया रिपोर्ट के अनुसार, इस हमले से ईरानी वाणिज्य दूतावास भवन ध्वस्त हो गया.

लाइव कवरेज

दीपक मंडल and चंदन शर्मा

  1. सीरिया में ईरानी वाणिज्य दूतावास पर हमला, इसराइल पर आरोप,

    सीरिया

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    ईरान के राजदूत ने कहा है कि सीरिया की राजधानी दमिश्क में ईरान के वाणिज्य दूतावास पर इसराइली हमले में कम से कम पांच लोग मारे गए हैं.

    ईरान के सरकारी टीवी चैनल के मुताबिक़, सीनियर रिवोल्यूशनरी गॉर्ड्स कमांडर ब्रिगेडियर जनरल मोहम्मद रज़ा ज़हेदी भी मारे गए हैं.

    मेज़्ज़ेह ज़िले में स्थित ईरानी दूतावास के पास स्थित बहुमंजिली इमारत मलबे में तब्दील हो गई है.

    ईरान और सीरिया के विदेश मंत्रियों ने इस हमले की कड़ी निंदा की है.

    हालांकि इसराइल की सेना ने कहा है कि वो विदेशी मीडिया की रिपोर्टों पर प्रतिक्रिया नहीं देता.

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    लेकिन इस घटना को उकसावे के रूप में ही देखा जा सकता है. मुझे लगता है कि इसराइल ईरानी और उनके सहयोगी हिज़्बुल्लाह के धैर्य की परीक्षा ले रहा है, जो पहले से ही यहां उत्तरी इसराइल और लेबनान में जंग लड़ रहे हैं.

    यह इसराइल की ओर से संकेत है कि वे दुश्मन पर दबाव बढ़ाने को लेकर गंभीर हैं और इस सच्चाई से वाक़िफ़ हैं कि कुछ लोग जैसा उम्मीद कर रहे थे, ईरान हिज़्बुल्लाह दोनों को वैसा जवाब नहीं दिया गया.

    इसे वे चुनौती की तरह देख रहे हैं कि क्या ईरान और हिज़्बुल्लाह पीछे हट रहे हैं.

    इसकी प्रतिक्रिया होगी, लेकिन वैसी नहीं जैसी लोग उम्मीद करते हैं, मिसाइल हमले की बजाय यह साइबर हमले जैसा कुछ हो सकता है. निश्चित तौर पर यह एक संभावना है.

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    सीरियाई सेना के अनुसार, इसराइली विमानों ने गोलान हाइट की ओर से सोमवार को स्थानीय समयानुसार शाम 5 बजे (भारतीय समयानुसार शाम 7.30 बजे) यह हमला किया.

    घटना स्थल से सामने आईं तस्वीरें और वीडियो में ध्वस्त बिल्डिंग से धुआं और धूल का गुबार उठता दिख रहा था और आपातकालीन सेवाओं के कर्मचारी मौजूद थे.

    हालांकि इसके बगल में ही स्थित ईरानी दूतावास को कोई ख़ास नुकसान नहीं पहुंचा है.

    ईरान के सरकारी टीवी चैनल के अनुसार, ब्रिगेडियर जनरल ज़हेदी की मौत हुई है जिनकी पहचान रिवोल्यूशनरी गॉर्ड्स के विदेशी ऑपरेशन विंग कुद्स फ़ोर्स के सीनियर कमांडर के रूप में की गई है.

    सीरिया

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    ईरान की अर्द्ध सरकारी तस्नीम न्यूज़ एजेंसी ने कहा है कि 63 साल के ब्रिगेडियर जनरल ज़हेदी सीरिया और लेबनान में कुद्स फ़ोर्स के सीनियर कमांडर के रूप में सेवाएं दे चुके हैं.

    ब्रिटेन में स्थित मानवाधिकार मामलों की सीरियाई ऑब्ज़र्वेटरी के अनुसार, इस हमले में कम से कम आठ लोगों की मौत हुई है, जिसमें कुद्स फ़ोर्स के शीर्ष के एक अधिकारी, दो ईरानी सलाहकार और रिवोल्यूशनरी गॉर्ड्स के पांच सदस्य शामिल हैं.

    व्हाइट हाउस की एक प्रवक्ता ने कहा कि अमेरिकी राष्ट्रपति जो बाइडन को इस घटना के बारे में पता है और उनकी टीम "इस मामले पर क़रीबी नज़र" बनाए हुए है.

    कॉन्सुलेट के बराबर में स्थित ईरानी दूतावास को किसी तरह की क्षति नहीं पहुंची है

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    इमेज कैप्शन, दमिश्क स्थित वाणिज्य दूतावास के बराबर में स्थित ईरानी दूतावास को किसी तरह की क्षति नहीं पहुंची है

    सीरिया के रक्षा मंत्रालय ने कहा है कि एयर डिफ़ेंस सिस्टम ने इसराइल की कुछ मिसाइलों को मार गिराया लेकिन कुछ मिसाइलें पूरी बिल्डिंग को ध्वस्त करने और इसमें मौजूद सभी को मारने या घायल करने में कामयाब रहीं.

    मंत्रालय ने कहा है कि शवों को मलबे से बाहर निकालने और नीचे दबे घायलों को बचाने की कोशिश हो रही है. हालांकि संख्या के बारे में कुछ नहीं बताया है.

    सीरिया के विदेश मंत्री फ़ैसल मेकदाद ने इस हमले की "कड़ी निंदा"करते हुए इसे "घिनौना आतंकी हमला" क़रार दिया. उन्होंने कहा कि "इस हमले में कई निर्दोष लोग मारे गए हैं."

    मेरदाद से फ़ोन पर बात करते हुए ईरानी विदेश मंत्री हुसैन अमीर-अब्दुल्लाहियान ने इस हमले को "अंतरराष्ट्रीय क़ानूनों और संधियों का उल्लंघन" बताया और कहा कि "इसके परिणाम की ज़िम्मेदारी ज़ायनिस्ट सरकार (इसराइल) पर होगी."

    उन्होंने इस मामले में अंतरराष्ट्रीय जगत से गंभीर प्रतिक्रिया की ज़रूरत पर बल दिया.

    इससे पहले पिछले हफ़्ते दमिश्क और उत्तरी शहर अलेप्पो पर संदिग्ध इसराइली हमला हुआ था. सीरियाई ऑब्ज़र्वेटरी के अनुसार, इन हमलों में 53 लोगों की मौत हुई जिसमें 38 सीरियाई सैनिक थे. इसके अलावा इसमें ईरान समर्थित हथियारबंद ग्रुप हिज़्बुल्लाह के सात सदस्य थे.

  2. बोल्ट और चहल के सामने लड़खड़ाई मुंबई इंडियंस, राजस्थान रॉयल्स को दिया 125 रन का लक्ष्य

    मुंबई

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    आईपीएल में आज अपने घरेलू मैदान में पहले बल्लेबाज़ी करने उतरी मुंबई इंडियंस की टीम का प्रदर्शन उम्मीद के अनुरूप नहीं रहा.

    चौथे ओवर में केवल 20 रन पर चार विकेट खोकर जूझ रही मुंबई ने निर्धारित 20 ओवर में 9 विकेट खोकर 124 रन बनाए.

    इस तरह टॉस हारकर पहले बैटिंग करते हुए उसने राजस्थान रॉयल्स के सामने जीत के लिए 125 रन का लक्ष्य रखा है.

    मुंबई इंडियंस के इस लचर प्रदर्शन की वजह राजस्थान रॉयल्स के तेज़ गेंदबाज़ ट्रेंट बोल्ट और स्पिनर युजवेंद्र चहल का शानदार प्रदर्शन रहा.

    ट्रेंट बोल्ट ने तो मुंबई के तीन बल्लेबाज़ों रोहित शर्मा, नमन धीर और डेवाल्ड ब्रेविस को खाता तक नहीं खोलने दिया था.

    उनके बाद युजवेंद्र चहल ने भी दमदार गेंदबाज़ी की और मुंबई इंडियंस के तीन विकेट ले लिए.

    चहल ने हार्दिक पंड्या और तिलक वर्मा को आउट करके संभलने की मुंबई की उम्मीदों पर पानी फेर दिया.

    मुंबई के लिए सबसे अधिक रन पंड्या (34 रन) ने बनाए, जबकि तिलक वर्मा ने 32 रनों का योगदान दिया.

  3. अरुणाचल प्रदेश की कई जगहों के चीन ने दिए नए नाम, खड़गे ने साधा पीएम मोदी पर निशाना

    कांग्रेस अध्यक्ष ​मल्लिकार्जुन खड़गे

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    इमेज कैप्शन, कांग्रेस अध्यक्ष ​मल्लिकार्जुन खड़गे

    चीन द्वारा भारतीय राज्य अरुणाचल प्रदेश की 30 जगहों को नए नाम देने के मामले में कांग्रेस अध्यक्ष ​मल्लिकार्जुन खड़गे ने मोदी सरकार को निशाने पर लिया है.

    मल्लिकार्जुन खड़गे ने चीन के इस क़दम को उकसावे वाली कार्रवाई बताते हुए मोदी सरकार पर आरोप लगाया है कि इससे बचने के ​लिए कच्छतीवु द्वीप का झूठा नैरेटिव गढ़ रही है.

    सोशल मीडिया साइट एक्स पर एक ट्वीट में खड़गे ने लिखा, "अपने चीनी समकक्ष से 19 दौर की वार्ता के बाद भी पीएम मोदी भारतीय इलाक़ों का नाम बदलने की बेतुकी हरकत को रोकने के लिए चीन पर कोई कूटनीतिक असर का इस्तेमाल करने में अक्षम रहे हैं."

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    उन्होंने आरोप लगाया, "डोकलाम, गलवान की घटना और लद्दाख में भारत के 2,000 वर्ग किलोमीटर के इलाक़े पर कब्ज़ा करने, अरुणाचल प्रदेश, सिक्किम और उत्तराखंड में कई आक्रामक क़दम उठाने के बाद पीएम मोदी ने आसानी से चीन को क्लीन चिट दे दी!"

    खड़गे ने तंज़ किया, "तथाकथित '56 इंच' और 'लाल आंख' वाले शख़्स ने चीनी ब्लिंकर (घोड़े की आंख पर लगाया जाने वाला) पहन लिया है."

    उन्होंने लिखा, "भटकाव के काफ़ी प्रयास करने के बाद भी इस तथ्य को बदला नहीं जा सकता कि गलवान में 20 भारतीय सैनिकों के सर्वोच्च बलिदान देने के बाद पीएम मोदी ने चीन को 'फ्री पास' दिया.''

    चीन अरुणाचल प्रदेश पर अपने दावे को मज़बूती देने के लिए यहाँ की जगहों के नए नाम जारी करता रहा है.

    हालाँकि भारत इन्हें ख़ारिज करता रहा है. उसका कहना है कि चीन के नए नामों से सच्चाई नहीं बदलेगी और वो ये कि अरुणाचल प्रदेश भारत का अभिन्न हिस्सा है.

  4. ईडी ने कहा- केजरीवाल ने आतिशी और सौरभ भारद्वाज को लेकर किया ये दावा

    केजरीवाल

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    दिल्ली के क​थित शराब नीति घोटाले में ईडी ने सीएम अरविंद केजरीवाल से हुई पूछताछ के बारे में अदालत को कई अहम जानकारी दी हैं.

    ईडी ने राउज़ एवेन्यू ज़िला अदालत को बताया है कि केजरीवाल का दावा है कि सरकारी गवाह बने विजय नायर से उनका सीमित संपर्क ही रहा है.

    ईडी के अनुसार, केजरीवाल ने कहा है कि विजय नायर उनकी पार्टी के नेता सौरभ भारद्वाज और आतिशी को रिपोर्ट करते थे.

    हालांकि ईडी का दावा है कि विजय नायर ने बताया है कि वे एक कैबिनेट मंत्री के बंगले में रहते थे और मुख्यमंत्री के कैंप ऑफ़िस से काम किया करते थे.

    ईडी ने बताया है कि आम आदमी पार्टी के मीडिया और कम्युनिकेशंस प्रमुख होने के नाते विजय नायर, केजरीवाल के काफ़ी क़रीब रहे हैं.

    ईडी ने अदालत को बताया है कि केजरीवाल को विजय नायर के व्हाट्स चैट भी दिखाए गए, लेकिन उन्होंने डिजिटल प्रमाणों की प्रमाणिकता पर सवाल उठाते हुए जवाब देने से इनकार कर दिया.

  5. दिनभर: इसराइल में हो रहे विरोध प्रदर्शन से क्या ख़तरे में है नेतन्याहू का भविष्य?, सुनिए सुमिरन प्रीत कौर और मोहन लाल शर्मा से.

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  6. कच्छतीवु द्वीप पर पीएम मोदी का बयान: कांग्रेस ने विदेश मंत्री जयशंकर के रुख़ पर उठाए ये सवाल

    कांग्रेस

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    कच्छतीवु द्वीप को 1974 में श्रीलंका को सौंपने के भारत सरकार के फ़ैसले पर दाख़िल एक आरटीआई आवेदन का जवाब आने के बाद आरोप-प्रत्यारोप का दौर शुरू हो गया है.

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को इस द्वीप के श्रीलंका के पास चले जाने के मामले को उठाते हुए तत्कालीन कांग्रेस सरकार को ज़िम्मेदार बताया था.

    इसके बाद सोमवार को को कांग्रेस के दो वरिष्ठ नेताओं जयराम रमेश और पी चिदंबरम ने मोदी सरकार की नीयत पर सवाल उठाए.

    इन नेताओं ने मोदी सरकार के पहले कार्यकाल के दौरान 2015 में इस बारे में दाख़िल एक अन्य आरटीआई आवेदन के जवाब का ज़िक्र किया.

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    जयराम रमेश ने जयशंकर को घेरा

    कांग्रेस महासचिव जयराम रमेश ने 2015 में विदेश सचिव रहे और अब विदेश मंत्री एस जयशंकर को घेरा.

    सोशल मीडिया साइट एक्स पर उन्होंने लिखा, "मौजूदा विदेश मंत्री डॉ एस जयशंकर, क्या 27 जनवरी 2015 को विदेश मंत्रालय के जवाब को नकार रहे हैं, जब वही विदेश सचिव थे?"

    जयराम रमेश ने बताया, "2015 में कच्छतीवु पर एक आरटीआई सवाल के जवाब में विदेश मंत्रालय ने कहा था कि इस (समझौते) में भारत से संबंधित क्षेत्र का अधिग्रहण करने या उसे छोड़ने का मामला नहीं था, क्योंकि जिस इलाक़े को लेकर सवाल थे, उसका सीमांकन कभी हुआ ही नहीं था. समझौते के तहत, कच्छतीवु द्वीप भारत और श्रीलंका की अंतरराष्ट्रीय समुद्री सीमा रेखा के श्रीलंका के हिस्से में स्थित है. किसी राजनीतिक अभियान में बलि का बकरा खोजना सबसे आसान है. वो कौन होगा?"

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    चिदंबरम ने भी उठाए सवाल

    पूर्व केंद्रीय गृह मंत्री पी चिदंबरम ने भी 2015 के उसी आरटीआई रिप्लाई का सहारा लेकर विदेश मंत्री जयशंकर पर सवाल खड़े किए हैं.

    उन्होंने अपने ट्वीट में लिखा, "उस रिप्लाई में उन हालात का ज़िक्र करते हुए भारत ने स्वीकार किया कि एक छोटा द्वीप श्रीलंका का है. विदेश मंत्री और उनका मंत्रालय अब कलाबाज़ी क्यों कर रहे हैं? लोग कितनी जल्दी रंग बदल लेते हैं. एक सौम्य उदार आईएफएस अधिकारी से एक चतुर विदेश सचिव और फिर आरएसएस-बीजेपी के माउथपीस बनने तक, जयशंकर का जीवन कलाबाज़ी के इतिहास में दर्ज किया जाएगा."

  7. जर्मनी में गांजे का इस्तेमाल अब ग़ैर-क़ानूनी नहीं, सरकार ने बनाए नियम

    गांजा

    जर्मनी ने एक अप्रैल यानी सोमवार से देश में गांजे के इस्तेमाल को आंशिक तौर पर वैध बना दिया है.

    इसका मतलब ये हुआ कि सरकार की ओर से तय नियमों के दायरे में रहते हुए जर्मनी में गांजा का इस्तेमाल अब ग़ैर क़ानूनी नहीं रह गया है.

    सरकार का यह फ़ैसला देश में गांजा की कालाबाज़ारी ख़त्म करने के लिए लिया गया है.

    इस फ़ैसले के बाद अब जर्मनी में 18 साल से अधिक उम्र का कोई भी इंसान 25 ग्राम से अधिक गांजा अपने पास रख सकता है.

    नए नियम के अनुसार, अब प्रति घर गांजा के तीन पौधे लगाने की भी इजाज़त दी गई है.

    हालांकि स्कूल, स्पोर्ट्स सेंटर या पैदल चलने के रास्ते के आसपास सुबह सात से रात आठ बजे के बीच गांजे के इस्तेमाल पर पाबंदी रहेगी.

    गांजा

    इसके अलावा, एक जुलाई से अधिकतम 500 लोगों की संख्या वाला उत्पादक संघ या सोशल क्लब बनाने की भी इजाज़त मिली है.

    इस संघ या क्लब का उद्देश्य बिना लाभ कमाने के उद्देश्य का गांजे का उत्पादन और वितरण करना होगा.

    हालांकि इसके सदस्यों की न्यूनतम उम्र 18 साल होगी.

  8. ब्रेकिंग न्यूज़, तोशा ख़ाना मामले में इमरान ख़ान और उनकी पत्नी की सज़ा निलंबित

    इमरान ख़ान

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    इस्लामाबाद हाईकोर्ट ने तोशा ख़ाना मामले में पाकिस्तान के पूर्व प्रधानमंत्री इमरान ख़ान और उनकी पत्नी बुशरा बीबी को दी गई सज़ा निलंबित कर दी है.

    इमरान ख़ान और बुशरा बीबी ने जनवरी 2024 में इस्लामाबाद के एकाउंटेबिलिटी कोर्ट की ओर से तोशा ख़ाना मामले में सुनाई गई सज़ा निलंबित करने के लिए हाईकोर्ट में अपील की थी.

    इस्लामाबाद हाईकोर्ट के मुख्य न्यायाधीश आमिर फ़ारूक़ और जस्टिस मियां गुल हसन औरंगज़ेब की दो सदस्यीय खंडपीठ ने इसी याचिका की सुनवाई करते हुए सोमवार को यह फ़ैसला सुनाया.

    एकाउंटेबिलिटी कोर्ट ने अपने आदेश में इमरान ख़ान और उनकी पत्नी को 10 साल क़ैद और ज़ुर्माने की सज़ा दी थी. साथ ही अगले 10 साल तक उन्हें किसी भी सार्वजनिक पद पर रहने से अयोग्य करार दे दिया था.

    इमरान ख़ान के वकील ने हाईकोर्ट के सामने दलील दी कि एकाउंटेबिलिटी कोर्ट ने इस मामले में फ़ैसला सुनाने में जल्दबाज़ी दिखाई थी.

    अदालत की ओर से मिली राहत के बावजूद इमरान ख़ान अभी जेल से बाहर नहीं आ सकेंगे, क्योंकि उन पर कई और केस भी चल रहे हैं.

  9. कांग्रेस से टैक्स रिकवरी मामले में आयकर विभाग ने सुप्रीम कोर्ट से क्या कहा?

    सुप्रीम कोर्ट

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    आयकर विभाग ने सुप्रीम कोर्ट को बताया है कि लोकसभा चुनाव को देखते हुए क़रीब 3,500 करोड़ रुपये की आयकर मांग के मामले में वह कांग्रेस के ख़िलाफ़ कोई जबरन कार्रवाई नहीं करेगा.

    कांग्रेस की ओर से दाख़िल इस याचिका पर आयकर विभाग की ओर से पेश हुए सॉलिस्टर जनरल तुषार मेहता ने सोमवार को जस्टिस बीवी नागरत्ना और जस्टिस एजी मसीह वाली खंडपीठ को यह भरोसा दिया है.

    उन्होंने कहा कि मौजूदा हालात में इस मामले पर अंतिम फ़ैसला होने तक कोई कार्रवाई नहीं की जाएगी.

    तुषार मेहता ने कहा, "कांग्रेस एक राजनीतिक पार्टी है. चूंकि अभी चुनाव हो रहे हैं, इसलिए हम कांग्रेस के ख़िलाफ़ कोई जबरन कार्रवाई नहीं करेंगे."

    कांग्रेस के वकील सीनियर एडवोकेट अभिषेक मनु सिंघवी ने इस बयान का स्वागत करते हुए अदालत को बताया कि पार्टी को कई सालों के लिए कुल क़रीब 3,500 करोड़ रुपये के कर नोटिस मिले हैं.

    कांग्रेस की याचिका पर आयकर विभाग से मिले इस जवाब के कारण सुप्रीम कोर्ट ने अब इस मामले पर जुलाई में सुनवाई करने का फ़ैसला किया है.

  10. ब्रेकिंग न्यूज़, ज्ञानवापी परिसर के व्यास तहखाने में पूजा पर रोक लगाने से सुप्रीम कोर्ट का इनकार

    ज्ञानवापी परिसर का व्यास तहखाना

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    सुप्रीम कोर्ट ने वाराणसी स्थित ज्ञानवापी परिसर के व्यास तहखाने में हिंदू पक्ष के पूजा करने पर रोक लगाने से सोमवार को इनकार कर दिया है.

    मुस्लिम पक्ष ने इलाहाबाद हाईकोर्ट के फ़ैसले को सुप्रीम कोर्ट में चुनौती दी थी, जिस पर सुनवाई करते हुए अदालत ने यह फ़ैसला दिया.

    मुख्य न्यायाधीश डीवाई चंदचूड़ की अध्यक्षता वाली खंडपीठ के इस फ़ैसले का मतलब यह हुआ कि 31 जनवरी और एक फरवरी की दरम्यानी रात से ज्ञानवापी परिसर के तहखाने में शुरू हुई पूजा आगे भी जारी रहेगी.

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    सुप्रीम कोर्ट ने ये भी कहा कि बिना उसकी अनुमति के इस यथास्थिति में कोई बदलाव नहीं किया जाए.

    शीर्ष अदालत ने ज्ञानवापी मस्जिद कमेटी की याचिका पर काशी विश्वनाथ मंदिर के ट्रस्टियों और अन्य से 30 अप्रैल तक जवाब मांगा है.

    इससे पहले 31 जनवरी को वाराणसी की ज़िला अदालत ने 30 साल पहले ज्ञानवापी परिसर के व्यास तहखाने में होने वाली पूजा पर सरकार की ओर से लगाई गई रोक हटाते हुए पूजा करने की अनुमति दी थी.

    अदालत ने इससे पहले 17 जनवरी को वाराणसी के ज़िलाधिकारी को व्यास जी के तहखाने का रिसीवर नियुक्त किया था.

    उसके बाद मुस्लिम पक्ष ने ज़िला अदालत के फ़ैसले को इलाहाबाद हाईकोर्ट में चुनौती दी थी. लेकिन हाईकोर्ट ने भी तहखाने में मिली पूजा की अनुमति पर रोक लगाने से इनकार कर दिया. मुस्लिम पक्ष उसके बाद सुप्रीम कोर्ट पहुंचा था.

    सुप्रीम कोर्ट ने कहा कि ज़िला अदालत के 17 जनवरी और 31 जनवरी के आदेशों के बाद मुस्लिम पक्ष ज्ञानवापी परिसर में बिना किसी बाधा के नमाज़ पढ़ी जा रही है.

    अदालत ने ये भी कहा कि हिंदू पक्ष को दी गई पूजा की अनुमति तहखाने तक ही सीमित है. इसलिए ये उचित होगा कि यथास्थिति बनी रहे, ताकि दोनों समुदाय उपासना करते रहें.

  11. सुप्रिया श्रीनेत और दिलीप घोष के विवादास्पद बयानों से नाराज़ चुनाव आयोग ने दी ये चेतावनी

    सुप्रिया श्रीनेत और दिलीप घोष

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    चुनाव आयोग ने कांग्रेस नेता सुप्रिया श्रीनेत और बीजेपी नेता दिलीप घोष के विवादास्पद बयानों की निंदा करते हुए उन्हें चेतावनी जारी की है.

    कुछ दिन पहले इन दोनों नेताओं के दिए बयानों को महिलाओं की गरिमा के ख़िलाफ़ बताते हुए आयोग ने सोमवार को ये चेतावनी दी है.

    चुनाव आयोग के कहा, ''हमारा मानना है कि इन दोनों नेताओं ने निम्न स्तर के निजी हमले किए और ऐसा करके चुनाव आचार संहिता का उल्लंघन किया.''

    चुनाव आयोग ने कहा है कि चुनाव प्रक्रिया महिलाओं की गरिमा बढ़ाने का माध्यम होता है और वो महिलाओं का सम्मान गिराने की इजाज़त नहीं देगा.

    इन दोनों नेताओं से चुनाव आचार संहिता लागू रहने के दौरान सार्वजनिक टिप्पणियों के प्रति सतर्क रहने के लिए कहा गया है.

    आयोग ने ये भी कहा है कि अब से इन दोनों नेताओं के बयानों पर ख़ास नज़र रखी जाएगी.

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    क्या है मामला

    इससे पहले चुनाव आयोग ने इन दोनों नेताओं के विवादास्पद बयानों के कारण चुनाव आचार संहिता के उल्लंघन के आरोप में इन्हें नोटिस भेजा था.

    उसके बाद इन दोनों नेताओं ने आयोग को अपने जवाब भेजे थे.

    सुप्रिया श्रीनेत ने फ़िल्म अभिनेत्री और मंडी से बीजेपी के टिकट पर चुनाव लड़ रहीं कंगना रनौत के ख़िलाफ़ सोशल मीडिया पर एक विवादास्पद टिप्पणी की थी.

    दूसरी ओर दिलीप घोष ने पश्चिम बंगाल की मुख्यमंत्री ममता बनर्जी पर एक आपत्तिजनक बयान दिया था.

  12. इसराइल में नेतन्याहू सरकार के ख़िलाफ़ हज़ारों लोग सड़कों पर क्यों उतरे

    इसराइल

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    इसराइल में एक बार फिर सरकार विरोधी हज़ारों प्रदर्शनकारी सड़कों पर उतर पड़े हैं.

    7 अक्तूबर को हमास के हमले के बाद से इसराइल को सदमा लगा था और इसके बाद जनता के बीच एकता देखने को मिली थी.

    लेकिन छह महीने बाद इसराइल में एक बार फिर बिन्यामिन नेतन्याहू की सरकार के ख़िलाफ़ बड़े पैमाने पर प्रदर्शन हो रहे हैं. हजारों लोग इसराइल में सड़कों पर उतरे हैं.

    रविवार की रात यरुशलम में हज़ारों प्रदर्शनकारियों ने उत्तर-दक्षिण में शहर के सबसे बड़े हाइवे को रोक दिया था.

    इस दौरान सुरक्षाबलों ने प्रदर्शनकारियों पर वॉटर कैनन से बदबूदार पानी छोड़ा.

    प्रदर्शनकारियों की मांग थी कि नेतन्याहू तुरंत इस्तीफ़ा देकर हुए चुनाव कराएं. साथ ही कइयों की मांग थी कि ग़ज़ा में बंधक 130 इसराइलियों की रिहाई के लिए जल्द से जल्द डील की जाए.

    बंधक बनाए गए लोगों के परिजनों और दोस्तों को डर है कि बिना सौदे के अगर युद्ध लंबा खिंचता है तो अधिक बंधक मारे जाएंगे.

    साल 2023 में इसराइल में ऐसे प्रदर्शन हुए थे जिसने सरकार को हिला दिया था. उस समय प्रदर्शन आयोजित करने वाले समूहों ने ही इस बार लोगों से देश की संसद के बाहर जुटने की अपील की.

    नेतन्याहू सरकार ग़ज़ा में युद्ध को लेकर बड़े पैमाने पर आलोचना झेल रही है. ग़ज़ा में चल रहे युद्ध में अब तक इसराइल के 600 सैनिक मारे जा चुके हैं.

    हमास के सात अक्टूबर 2023 को किए गए हमले में 1200 इसराइली मारे गए थे और 250 लोगों को बंधक बनाया गया था.

    इसके बाद से इसराइल के हमले में 32 हज़ार लोग मारे गए हैं और 75 हज़ार लोग घायल हुए हैं. ये आंकड़ा ग़ज़ा के हमास संचालित स्वास्थ्य मंत्रालय का है.

  13. ग़ज़ा के अल-शिफ़ा अस्पताल से बाहर आए इसराइली सैनिक, डब्लूएचओ ने कहा- 21 शव मिले

    फ़लस्तीन

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    इसराइली सेना ग़ज़ा शहर के अल-शिफ़ा अस्पताल से बाहर आ गए हैं. बीबीसी से बात करने वाले चश्मदीदों ने ये जानकारी दी.

    दो सप्ताह पहले इसराइली सैनिकों ने अल-शिफ़ा में छपेमारी की थी और सेना अस्पताल के भीतर थी.

    इसराइली सेना का कहना था कि उसके पास ऐसी खुफ़िया जानकारी है जिसके अनुसार- हमास इस अस्पताल को बेस की तरह इस्तेमाल कर रहा है. हालांकि बीबीसी ने इन रिपोर्टों की पुष्टि नहीं की है.

    इस बीच विश्व स्वास्थ्य संगठन ने कहा है कि पिछले दो हफ़्तों के दौरान अल-शिफ़ा में 21 लोगों की मौत हुई है.

    इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू ने कहा था कि यहां 200 ''आतंकवादी'' मारे गए हैं.

    सोमवार को अल-शिफ़ा से इसराइली सैनिकों की वापसी के बाद फ़लीस्तीनी मीडिया ने हमास संचालित स्वास्थ्य मंत्रालय के हवाले कहा था कि अस्पताल परिसर के आसपास दर्जनों शव मिले हैं.

    अल-शिफ़ा पर पहली बार हमले के दौरान इसराइली प्रवक्ता डेनियल हगारी ने कहा था कि हमास के लोग एक बार फिर इस अस्पताल में इकट्ठा हो गए हैं.

    हाल के कुछ हफ़्तों के दौरान अल-शिफ़ा के इर्द-गिर्द हमास के लड़ाकों और इसराइली सेना के बीच भारी लड़ाई की ख़बरें आई थीं.

  14. ब्रेकिंग न्यूज़, अरविंद केजरीवाल को कोर्ट ने 15 दिनों की न्यायिक हिरासत में भेजा, ईडी ने लगाया सहयोग न करने का आरोप

    अरविंद केजरीवाल

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    इमेज कैप्शन, अरविंद केजरीवाल (फाइल फोटो)

    दिल्ली सरकार की शराब नीति में कथित घोटाले के मामले में गिरफ़्तार सीएम अरविंद केजरीवाल को कोर्ट ने 15 अप्रैल तक न्यायिक हिरासत में भेज दिया है.

    दिल्ली के राउज एवेन्यू कोर्ट ने ये आदेश दिया है. इससे पहले अरविंद केजरीवाल ईडी की हिरासत में थे.

    ईडी का कहना था कि शराब नीति से जुड़े कथित घोटाले के बारे में पूछताछ के वक़्त मुख्यमंत्री का रवैया सहयोग वाला नहीं था.

    ईडी के वकील एसवी राजू ने कहा कि केजरीवाल पूछताछ के दौरान सहयोग नहीं कर रहे थे. उन्होंने अपने फ़ोन के पासवर्ड नहीं दिए थे.

    आज राउज एवेन्यू कोर्ट आते समय अरविंद केजरीवाल ने कहा,'' पीएम मोदी जो कर रहे हैं वो देश के लिए ठीक नहीं है.''

    केजरीवाल को दिल्ली सरकार की शराब नीति (अब खारिज कर दी गई) से जुड़े मनी लॉन्ड्रिंग मामले में 21 मार्च को गिरफ़्तार किया गया था.

  15. चीन ने अरुणाचल प्रदेश की 30 और नई जगहों को दिए नए नाम, जारी की चौथी सूची

    अरुणाचल प्रदेश

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    इमेज कैप्शन, अरुणाचल प्रदेश में सीमावर्ती इलाके में गश्त करते भारतीय सैनिक (फाइल फोटो)

    चीन ने भारतीय राज्य अरुणाचल प्रदेश के कुछ और जगहों को नए नाम दिए हैं. उसकी चौथी सूची में 30 जगहों के नए नाम शामिल हैं.

    चीन अरुणाचल प्रदेश पर अपने दावे को मज़बूती देने के लिए यहाँ की जगहों के नए नाम जारी करता रहा है.

    हालाँकि भारत इन्हें ख़ारिज करता रहा है. उसका कहना है कि चीन के नए नामों से सच्चाई नहीं बदलेगी और वो ये कि अरुणाचल प्रदेश भारत का अभिन्न हिस्सा है.

    चीन के सरकारी अख़बार 'ग्लोबल टाइम्स' की रिपोर्ट में कहा गया कि चीन के नागरिक मामलों के मंत्रालय ने ज़ांगन (अरुणाचल प्रदेश के लिए चीन की ओर से दिया गया नया नाम) में 30 जगहों के नए नाम जारी किए हैं.

    रिपोर्ट में कहा गया है कि 2017 में चीन ने अरुणाचल प्रदेश के नए नामों की पहली सूची जारी की थी. उसमें छह नए नाम शामिल थे.

    2021 में 15 जगहों के नए नाम दिए गए. वहीं 2023 में 11 नए नाम की सूची जारी की गई थी.

    पिछले दिनों प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अरुणाचल प्रदेश की यात्रा पर चीन ने ऐतराज़ किया था. पीएम ने वहाँ सेना से जुड़ी कुछ परियोजनाओं का उद्घाटन किया था.

    चीन के इस पर ऐतराज़ जताने के बाद भारत ने इसका जवाब दिया था. विदेश मंत्रालय की ओर से कहा था कि अरुणाचल प्रदेश भारत का अभिन्न हिस्सा है.

  16. कच्छतीवु मामले में क्या बोले जयशंकर, किसे ठहराया ज़िम्मेदार

    एस जयशंकर

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    विदेश मंत्री एस जयशंकर ने सोमवार को कच्छतीवु मामले में कांग्रेस और डीएमके को निशाना बनाया है.

    उन्होंने कहा कि दोनों पार्टियां इस मुद्दे पर ऐसे बात कर रही हैं जैसे उनकी कोई ज़िम्मेदारी नहीं है. उन्होंने कहा कि लोगों को ये जानने का अधिकार है कि कच्छतीवु द्वीप को दूसरे देश को कैसे दे दिया गया.

    इस मुद्दे पर एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में जयशंकर ने कहा, ''ये ऐसा मुद्दा नहीं है, जो आज अचानक उठा है. ये वो मसला है, जो संसद और तमिलनाडु में लगातार उठता रहा है, इस पर बहस हुई. मेरे रिकॉर्ड बताते हैं कि इस मसले पर मैंने 21 बार जवाब दिया है.''

    उन्होंने कहा कि जनता को ये जानने का अधिकार है कि कच्छतीवु द्वीप को श्रीलंका को दे दिया गया और कैसे 1976 में भारतीय मछुआरों का मछली पकड़ने का अधिकार भी उसे दे दिया गया, जबकि संसद में ये गारंटी दी गई थी कि 1974 के समझौते में भारतीय मछुआरों के अधिकार सुरक्षित रखे गए हैं.

    उन्होंने कहा कि भारत को श्रीलंका अधिकारियों के साथ मिल कर इसका हल निकालना चाहिए.

    उन्होंने कहा, ''पिछले 20 साल में 6184 भारतीय मछुआरों को श्रीलंका ने पकड़ा. भारत की मछली पकड़ने वाली 1175 नावें ज़ब्त कर ली गईं. ये वो बैकग्राउंड है जिसके बारे में हम बताना चाहते हैं.''

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  17. इलेक्टोरल बॉन्ड पर बोले टीएमसी नेता शत्रुघ्न सिन्हा- ये चिंगारी नहीं शोला है

    शत्रुघ्न सिन्हा

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    तृणमूल कांग्रेस नेता शत्रुघ्न सिन्हा ने इलेक्टोरल बॉन्ड के सवाल पर मोदी सरकार को घेरा है.

    उन्होंने एक कार्यक्रम के दौरान कहा, ''खुद वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण के पति ने कहा है कि ये जो इलेक्टोरल बॉन्ड का स्कैम हुआ है वो हिन्दुस्तान का भी नहीं बल्कि दुनिया का सबसे बड़ा स्कैम है."

    "पूरी दुनिया यही बात कह रही है और ये इस मुद्दे को टाले जा रहे हैं. कभी हेमंत सोरेन को अटैक कर रहे हैं तो कभी केजरीवाल पर. कभी लोगों के ऊपर सीबीआई रेड कर रहे हैं. ईडी का रेड कर रहे हैं. हमारे तृणमूल के लोग को फंसाने की कोशिश हो रही है."

    "वो जानते हैं कि ये मामला कोर्ट में टिकेगा नहीं लेकिन वो लोगों का इलेक्टोरल बॉन्ड जैसे मुद्दे से ध्यान भटकाना चाहते हैं. इलेक्टोरल बॉन्ड चिंगारी नहीं है शोले की तरह फैल रहा है.''

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    इलेक्टोरल बॉन्ड के सवाल पर बीजेपी और विपक्ष में ठनी हुई है. प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने रविवार को उन चर्चाओं को पूरी तरह खारिज कर दिया जिसमें कहा जा रहा था कि इलेक्टोरल बॉन्ड स्कीम से उनकी सरकार को झटका लगा है.

    उन्होंने कहा कि कोई सिस्टम परफेक्ट नहीं होता, कमियों को सुधारा जा सकता है, जो लोग इस पर आज खुश हो रहे हैं उन्हें पछतावा होगा.

    तमिल चैनल थांथी टीवी को दिए इंटरव्यू में पीएम नरेंद्र मोदी ने कहा, “मुझे बताएं कि हमने ऐसा क्या किया है कि मैं अपने लिए इसे एक झटके के रूप में देखूं? मेरा दृढ़ विश्वास है कि जो लोग इस पर (बॉन्ड) नाच रहे हैं और इस पर गर्व कर रहे हैं, वे पछताएंगे.”

  18. शाहिद सिद्दीक़ी ने आरएलडी के उपाध्यक्ष पद से दिया इस्तीफ़ा, क्या है वजह?

    शाहिद सिद्धीकी

    इमेज स्रोत, @shahid_siddiqui

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    राष्ट्रीय लोक दल के राष्ट्रीय उपाध्यक्ष शाहिद सिद्दीक़ी ने अपने पद से इस्तीफा दे दिया है.

    सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर अपने इस्तीफे की जानकारी देते हुए उन्होंने लिखा, ''मैंने अपना त्यागपत्र राष्ट्रीय लोक दल के अध्यक्ष माननीय जयंत चौधरी को भेज दिया है. मैं ख़ामोशी से देश के लोकतांत्रिक ढाँचे को समाप्त होते नहीं देख सकता. आज जब भारत के संविधान और लोकतांत्रिक ढांचा ख़तरे मैं है ख़ामोश रहना पाप है."

    "मैं जयंत जी का आभारी हूं पर भारी मन से आरएलडी से दूरी बनाने के लिए मजबूर हूं. भारत की एकता,अखंडता विकास और भाईचारा सर्वप्रिय है. इसे बचाना हर नागरिक की ज़िम्मेदारी और धरम है. धन्यवाद!''

    शाहिद सिद्दीक़ी 2002 से 2008 तक उत्तर प्रदेश से राज्यसभा सांसद रहे हैं. वह एक पत्रकार हैं और नई दिल्ली से प्रकाशित उर्दू साप्ताहिक नई दुनिया के मुख्य संपादक भी हैं.

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    राष्ट्रीय लोक दल ने यूपी में 2022 का विधानसभा चुनाव समाजवादी पार्टी के साथ मिलकर लड़ा था. पार्टी ने 33 सीटों पर अपने उम्मीदवार खड़े किए थे. उसके नौ उम्मीदवार जीतने में सफल रहे थे.

    हालांकि लोकसभा चुनाव से ठीक पहले आरएलडी बीजेपी की अगुआई वाले एनडीए में शामिल हो गया है.

  19. पश्चिम बंगाल: जलपाईगुड़ी में चक्रवाती तूफान से पांच की मौत, हालात का जायज़ा लेने पहुंचीं ममता बनर्जी,

    पश्चिम बंगाल

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    पश्चिम बंगाल के जलपाईगुड़ी ज़िले में रविवार शाम को आए चक्रवाती तूफान काल बैसाखी के कारण पांच लोगों की मौत के बाद हालात का जायज़ा लेने के लिए मुख्यमंत्री ममता बनर्जी देर रात विशेष विमान से मौके पर पहुंच गईं.

    सिलीगुड़ी के बागडोगरा एयरपोर्ट पर उतरने के बाद वो सड़क मार्ग से करीब 45 कि.मी. दूर जलपाईगुड़ी रवाना हो गईं.

    वहां उन्होंने इस तूफान में मृत एक महिला अनिमा राय के घर जाकर उनके परिजनों से मुलाकात की और रात करीब डेढ़ बजे जलपाईगुड़ी मेडिकल कॉलेज अस्पताल में जाकर घायलों से मुलाकात की.

    इस बीच, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने इस तूफान में लोगों की मौत पर शोक जताते हुए पार्टी के कार्यकर्ताओं से राहत के काम में जुटने की अपील की है.

    जलपाईगुड़ी ज़िले के कई इलाकों में रविवार को तेज़ बारिश और तूफान के कारण पांच लोगों की मौत हो गई.

    इसके कारण सैकड़ों पेड़ उखड़ गए हैं और मकानों को भारी नुकसान पहुंचा है. मृतकों में से दो लोग जलपाईगुड़ी के रहने वाले थे.

    पश्चिम बंगाल

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    ममता बनर्जी ने बागडोगरा एयरपोर्ट पर पत्रकारों से बातचीत में कहा, ''राज्य सरकार तूफान प्रभावितों के साथ है. फिलहाल आदर्श आचार संहिता लागू है. इसे ध्यान में रखते हुए प्रशासन मुआवज़े का एलान करेगा. फिलहाल पहली प्राथमिकता प्रभावितों को राहत पहुंचाना और घायलों का समुचित इलाज करना है.''

    गंभीर रूप से घायल एक बच्चे को सिलीगुड़ी के एक निजी अस्पताल में भर्ती कराया गया है. मौसम विभाग ने उत्तर बंगाल के कई ज़िलों में दो-तीन दिनों तक भारी बारिश की चेतावनी दी थी.

    रविवार को जलपाईगुड़ी ज़िले के विभिन्न इलाके चक्रवाती तूफान की चपेट में आ गए.

    कूचबिहार और अलीपुरदुआर ज़िले के कुछ इलाकों में भी तूफान से नुकसान हुआ है.

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  20. मुख़्तार अंसारी के घर पहुंचे ओवैसी, कहा- मुश्किल वक़्त में हम उनके चाहने वालों के साथ खड़े हैं

    असदुद्दीन ओवैसी

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    ऑल इंडिया मजलिस-ए-इत्तेहादुल मुस्लिमीन (एआईएमआईएम) के प्रमुख और हैदराबाद से लोकसभा सांसद असदुद्दीन ओवैसी ने रविवार को यूपी के ग़ाज़ीपुर पहुंच कर बाहुबली नेता मुख़्तार अंसारी को श्रद्धांजलि दी.

    ओवैसी ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, ''आज मरहूम मुख्तार अंसारी के घर ग़ाज़ीपुर जाकर उनके खानदान को पुरसा दिया, इस मुश्किल वक्त में हम उनके खानदान, समर्थक और चाहने वालों के साथ खड़े हैं. इंशा अल्लाह इन अंधेरों का जिगर चीरकर नूर आएगा, तुम हो 'फिरौन' तो 'मूसा' भी ज़रूर आएगा."

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    हार्ट अटैक की मौत के बाद मुख़्तार अंसारी के शव को शनिवार को ग़ाज़ीपुर में कालीबाग कब्रिस्तान में दफनाया गया. उन्हें उनके पैतृक कब्रिस्तान में अपने माता-पिता की कब्र के पास दफनाया गया.

    उत्तर प्रदेश की बांदा जेल में सज़ा काट रहे मुख़्तार अंसारी की दिल का दौरा पड़ने से गुरुवार शाम को मौत हो गई थी.

    मुख़्तार अंसारी

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    बांदा ज़िला जेल में बंद मुख़्तार अंसारी को गुरुवार की शाम रानी दुर्गावती मेडिकल कॉलेज में भर्ती कराया गया था.

    मेडिकल बुलेटिन के अनुसार, “63 साल के मुख्तार अंसारी को जेल के सुरक्षाकर्मियों ने मेडिकल कॉलेज के इमर्जेंसी वॉर्ड में शाम 8.45 बजे भर्ती कराया था. उन्हें उल्टी की शिकायत और बेहोशी की हालत में लाया गया था.”