एयर इंडिया में विस्तारा एयरलाइन के विलय को मिली सीसीआई की मंजूरी

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भारतीय प्रतिस्पर्धा आयोग (सीसीआई) ने शुक्रवार को एयर इंडिया में विस्तारा एयरलाइन का विलय करने को अपनी मंजूरी दे दी है.
सीसीआई ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल से किए एक ट्वीट में यह जानकारी दी है.
सीसीआई ने लिखा, ''सीसीआई ने एयर इंडिया में टाटा एसआईए लिमिटेड के विलय को मंजूरी दे दी है.''
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टाटा एसआईए लिमिटेड (टीएसएएल) ही विस्तारा एयरलाइन का संचालन करती है.
यह कंपनी सिंगापुर एयरलाइंस (49 प्रतिशत)और टाटा सन्स (51 प्रतिशत) का एक संयुक्त उपक्रम है.
बताया गया है कि यह विलय 2024 तक पूरा होगा.
एयर इंडिया इस विलय के बाद यात्रियों की संख्या के लिहाज से इंडिगो के बाद देश की दूसरी सबसे बड़ी घरेलू विमानन कंपनी बन जाएगी.
सीसीआई ने अपने इस ट्वीट में यह भी बताया कि एयर इंडिया (एआईएल) में सिंगापुर एयरलाइंस द्वारा निश्चित (25.1 प्रतिशत) हिस्सेदारी लेने को भी मंजूरी दे दी गई है.
पिछले साल नवंबर में इस विलय का एलान करते हुए बताया गया था कि इस सौदे के बदले एयर इंडिया में सिंगापुर एयरलाइंस को 25.1 प्रतिशत की हिस्सेदारी दी जाएगी.


















