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ईरान-अफ़ग़ान सीमा पर तेल टैंकरों में लगी भीषण आग, दर्जनों घायल

ईरान से सीमा पार कर अफ़ग़ानिस्तान आए तेल के ट्रक सीमा शुल्क ऑफ़िस के पास खड़े थे. इनमें से कई ट्रक आग की चपेट में आ गए.

लाइव कवरेज

  1. मान्या सिंह, ऑटो रिक्शा चालक की बेटी जो बनीं मिस इंडिया सेकेंड रनर अप

  2. कोरोना वैक्सीन: G-7 देशों की बैठक बुलाएंगे ब्रितानी प्रधानमंत्री

    ब्रितानी प्रधानमंत्री बोरिस जॉनसन अगले हफ़्ते जी-7 देशओं के नेताओं की एक वर्चुअल बैठक बुलाएंगे जिसमें दुनिया में कोविड-19 वैक्सीन के समान वितरण को सुनिश्चित किए जाने और भविष्य में ऐसी किसी अन्य महामारी को रोकने को लेकर चर्चा होगी.

    बोरिस जॉनसन के कार्यालय ने यह जानकारी शनिवार को दी.

    जी-7 देशों के नेताओं की यह बैठक शुक्रवार को तय की गई है. ब्रितानी प्रधानमंत्री के कार्यालय डाउनिंग स्ट्रीट के मुताबिक़ यह बैठक अमेरिका के नए राष्ट्रपति जो बाइडन की पहली बहुपक्षीय बैठक होगी.

    जी-7 सात विकसित देशों अमेरिका, ब्रिटेन, कनाडा, जापान, फ़्रांस, जर्मनी और इटली का संगठन है.

    बोरिस जॉनसन ने कहा, “हमारे सामने ये चुनौती है कि हम हर देश तक कोविड-19 की वैक्सीन कैसे पहुँचाएं. महामारी से हुए नुक़सान की भरपाई करने और इससे उबरने का सही तरीका हमारे सहयोगियों के पास ही है.”

    जी-7 देशों की इस बैठक में बोरिस जॉनसन महामारियों को लेकर नए रवैये जैसे जल्दी चेतावनी देने की व्यवस्था पर चर्चा करेंगे.

    उन्होंने कहा, “हम उन राष्ट्रवादी और विभाजनकारी राजनीति को ख़त्म करने पर चर्चा करेंगे जिसने शुरुआत में कोरोना वायरस के ख़िलाफ़ जंग को कमज़ोर किया.”

    विश्व स्वास्थ्य संगठन ने चेताया है कि कोविड-19 वैक्सीन को लेकर अमीर देशों की ‘पहले मैं’ वाली नीति के कारण ग़रीब और कमज़ोर देशों को ख़तरा हो सकता है जिससे दोबारा कोरोना महामारी फैलने की आशंका बढ़ सकती है.

  3. बीबीसी के इस लाइव पेज से जुड़ने के लिए आपका शुक्रिया. यह लाइव पेज अब यहीं ख़त्म हो रहा है. रविवार के अपडेट्स के लिए आप यहाँ क्लिक कर सकते हैं.

  4. बच्चों में होगा ऑक्सफ़र्ड-एस्ट्राज़ेनेका की वैक्सीन का ट्रायल

    ऑक्सफ़र्ड-एस्ट्राज़ेनेका की कोरोना वायरस बच्चों में कितनी कारगर साबित होगी इसे लेकर नया ट्रायल किया जाएगा. इस ट्रायल में 300 वॉलंटियर्स हिस्सा लेंगे और फरवरी महीने के आख़िरी दिनों में उन्हें ये टीका लगाया जाएगा.

    इस ट्रायल के दौरान शोधकर्ता ये पता लगाने की कोशिश करेंगे कि 6 साल से 17 साल के बच्चों के शरीर में टीका क्या वायरस से लड़ने के लिए रोग प्रतिरोधक क्षमता बना पाएगा.

    ब्रिटेन में कोविड-19 के कारण होने वाली गंभीर बीमारी और मौत से लोगों को बचाने के लिए फ़ाइज़र-बायोएनटेक और ऑक्सफ़र्ड-एस्ट्राज़ेनेका की कोरोना वैक्सीन का इस्तेमाल किया जा रहा है.

    ट्रायल के दौरान 240 बच्चों को कोरोना की वैक्सीन दी जाएगी जबकि अन्य बच्चों को कंट्रोल्ड मेनिन्जाइटिस का डोज़ दिया जाएगा.

    ऑक्सफ़र्ड वैक्सीन ट्रायल के चीफ़ इन्वेस्टिगेटर और शिशु रोग विशेषज्ञ प्रोफ़ेसर एंड्र्यू पोलार्ड कहते हैं अधिकतर बच्चे कोविड-19 के असर से दूर ही रहे हैं और उम्मीद यही है कि उनकी तबीयत इस वायरस के कारण नहीं बिगड़ेगी.

    हालांकि उनका कहना है कि ये ज़रूरी है कि बच्चों की सुरक्षा के लिए और इस वायरस को लेकर उनके शरीर की रोग प्रतिरोधक क्षमता बढ़ाने के लिए उन्हें वैक्सीन दी जाए. वो मानते हैं कि कुछ बच्चों को इससे ज़रूर लाभ होगा.

    फिलहाल ब्रिटेन में 18 साल के आयुवर्ग के अधिक की उम्र के लोगों को कोविड-19 की वैक्सीन लगाई जा रही है और बच्चों को कोरोना वैक्सीन देने की कोई योजना नहीं है.

    16 साल से अधिक की उम्र वालों में फ़ाइज़र-बायोएनटेक की वैक्सीन के इस्तेमाल की अनुमति दी गई है.

    इसी सप्ताह इंग्लैंड के डिप्टी मेडिकल ऑफ़िसर प्रोफ़ेसर जॉनथन वैन-टैम ने एक समाचार चैनल को कहा था कि बच्चों में कोरोना वैक्सीन कितनी सुरक्षित और कारगर होगी ये जानने के लिए कई ट्रायल किए जाने हैं और संभव है कि बच्चों के लिए कोरोना वैक्सीन इस साल के अंत तक आ सके.

  5. ब्रेकिंग न्यूज़, ईरान-अफ़ग़ान सीमा पर तेल टैंकरों में लगी भीषण आग, दर्जनों घायल

    ईरान-अफ़ग़ानिस्तान सीमा पर हेरात के एक सीमा शुल्क ऑफ़िस के नज़दीक तेल से भरे ट्रकों में आग लग गई है जिस कारण दर्जनों लोग घायल हो गए हैं.

    स्थानीय अफ़ग़ान अधिकारियों के अनुसार ईरान से सीमा पार कर अफ़ग़ानिस्तान आए तेल के ट्रक सीमा शुल्क ऑफ़िस के पास खड़े थे. इनमें से कई ट्रक आग की चपेट में आ गए.

    समाचार एजेंसी रॉयटर्स के अनुसार सोशल मीडिया पर पोस्ट किए जा रहे वीडियो में हेरात प्रांत के इस्लाम क़ाला शहर के सीमा शुल्क एरिया के पास से धुंए का ग़ुबार आसमान में उठता देखा जा सकता है.

    रॉयटर्स ने हेरात के गवर्नर वहीद क़तली के हवाले से लिखा है कि आग पर क़ाबू पाने में मदद के लिए ईरानी अधिकारियों और नैटो के नेतृत्व वाले अफ़ग़ान सुरक्षाबलों से गुज़ारिश की गई है. अधिकारियों ने सीमा पर फायर इंजन और ऐंबुलेंस भी भेजे हैं लेकिन आग पर क़ाबू पाना मुश्किल हो रहा है.

    इस्लाम क़ाला बॉर्डर हेरात से 75 मील पश्चिम की तरफ है और अफ़ग़ानिस्तान और ईरान के बीच बेहद अहम अंतरराष्ट्रीय ट्रांज़िट रूट माना जाता है.

    वहीद क़तली ने समाचार एजेंसी एपी को बताया कि फिलहाल हताहतों की संख्या में बारे में स्पष्ट तौर पर कुछ नहीं कहा जा सकता.

    पहले ये माना जा रहा था कि आग तेल टैंकर में हुए धमाके के कारण लगी है. हालांकि बाद में अधिकारियों ने बताया कि अब तक इसकी कोई जानकारी नहीं मिल पाई है कि आग कैसे लगी.

    ईरानी न्यूज़ एजेंसी आईएसएनए के अनुसार आग के कारण सीमा पर खड़े सैैंंकड़ों ट्रक जल गए हैं.

    वहीं रॉयटर्स ने कहा है कि ईरान से आ रहे बिजली के तार आग के कारण नष्ट हो गए हैं जिस कारण हेरात के कई इलाक़े अंधेरे में डूब गए हैं.

  6. वुहान में महामारी के शुरूआती दौर का रॉ डेटा उपलब्ध कराए चीन - व्हाइट हाउस

    व्हाइट हाउस ने कहा है कि चीन जल्द से जल्द कोरोना महामारी के शुरूआती दौर से जुड़े सभी प्रारंभिक डेटा (रॉ डेटा) उपलब्ध कराए और जो आंकड़े उपलब्ध कराए जाएं उनमें सरकार का कोई हस्तक्षेप न हो.

    व्हाइट हाउस ने कहा है कि अब तक चीन ने जिस तरह डेटा उपलब्ध कराया है उसे लेकर गंभीर चिंताएं हैं.

    इससे पहले कोरोना वायरस की उत्पत्ति को लेकर एक अंतरराष्ट्रीय जानकार ने कहा था कि बार-बार गुज़ारिश के बावजूद महामारी की शुरूआत में चीन के वुहान में कोविड-19 संक्रमण के जो शुरूआती मामले दर्ज किए गए उनका रॉ डेटा अब तक नहीं उपलब्ध कराए गए हैं.

    ऑस्ट्रेलियाई संक्रामक रोग विशेषज्ञ डॉमिनिक डोयर ने कहा है कि जब विश्व संवास्थ्य संगठन की टीम इस संबंध में जांच के लिए वुहान पहुंची थी उस वक्त उसे केवल संक्रमण के 174 मामलों के डेटा का सारांश ही दिया गया था. इनमें शुरूआती दौर के वो मामले शामिल थे जिनके बारे में संगठन जानना चाहता था. उनका कहना है कि रॉ डेटा न देने की वजह का पता किया जाना चाहिए.

    वहीं चीन लगातार कहता रहा है कि कोरोना वायरस की उतपत्ति के बारे में विश्व स्वास्थ्य संगठन की जांच में उसने निष्पक्ष तरीके से सहयोग किया है.

  7. जापान में फ़ुकुशिमा के नज़दीक 7.1 तीव्रता का ज़बरदस्त भूकंप

  8. ‘ये हमारी पार्टी हो रही है’ कहकर वायरल होने वाली लड़की कौन है?

  9. महुआ मोइत्रा ने कहा- उनके घर के बाहर तैनात बीएसएफ़ जवान हटाए जाएं

    टीएमसी सांसद महुआ मोइत्रा ने दिल्ली पुलिस कमिश्नर एस.एन श्रीवास्तव को पत्र लिखकर कहा है कि उनके घर के बाहर 3 बीएसएफ़ जवानों की तैनाती की गई है जो कि उन पर नज़र रखने की तरह है.

    उन्होंने पुलिस कमिश्नर के अलावा बाराखंबा रोड पुलिस स्टेशन के थानाध्यक्ष को भी पत्र लिखा है.

    इसमें लिखा है कि बाराखंबा रोड पुलिस थाने के एसएचओ 12 फ़रवरी को शाम साढ़े छह बजे उनसे मिलने आए थे और उनके जाने के बाद रात 10 बजे से 3 बीएसएफ़ जवानों को असॉल्ट राइफ़ल के साथ उनके घर के बाहर तैनात कर दिया गया है.

    उन्होंने पत्र में लिखा है कि सुरक्षाबल कर्मियों की गतिविधि देखकर लगता है कि वो उनके घर से आने जाने को नोट कर रहे हैं जो कि संवैधानिक मूलभूत अधिकारों का हनन है.

    महुआ ने बताया है कि उन्हें सुरक्षा नहीं चाहिए क्योंकि वो एक आम नागरिक हैं और उन्होंने सुरक्षा की कभी मांग नहीं की थी और इन सुरक्षाकर्मियों को वहां से हटाया जाए.

  10. बीबीसी इंडिया बोल

  11. जम्मू कश्मीर: डेढ़ साल से जेल में बंद उन लोगों की कहानी जिनकी सुनवाई नहीं हुई

  12. महापंचायतों ने किसान आंदोलन को क्या सिर्फ़ जाट समुदाय का आंदोलन बना दिया है?

  13. रोहित शर्मा की शतकीय पारी की बदौलत पहले दिन भारत ने बनाए 300 रन

  14. किसानों की ट्रैक्टर रैली में अजमेर पहुँचे राहुल गांधी

    कांग्रेस नेता राहुल गांधी शनिवार को अजमेर (राजस्थान) के रूपनगढ़ में हुई एक ट्रैक्टर रैली में शामिल हुए जहाँ उन्होंने मोदी सरकार द्वारा लाये गये कृषि क़ानूनों के ख़िलाफ़ अपनी बात रखी.

    बीबीसी के सहयोगी पत्रकार मोहर सिंह मीणा के अनुसार, राहुल गांधी ख़ुद ट्रैक्टर चलाकर सभा स्थल तक पहुँचे. इस दौरान राजस्थान के मुख्यमंत्री अशोक गहलोत और कांग्रेस प्रदेशाध्यक्ष गोविंद सिंह डोटासरा भी उनके साथ थे.

    अजमेर की इस किसान सभा में लोगों को संबोधित करते हुए राहुल गांधी ने कहा, “कृषि सबसे बड़ा व्यवसाय है. यह 40 करोड़ लोगों का व्यवसाय है और नरेंद्र मोदी चाहते हैं कि ये उनके दो मित्रों के हवाले हो जाये. अगर नरेंद्र मोदी के ये क़ानून लागू हो गये तो सिर्फ़ किसान को ही नुक़सान नहीं होगा, बल्कि सभी को होगा.”

    उन्होंने कहा, “जब ये क़ानून लागू होंगे, तब हिन्दुस्तान के किसी भी युवा को रोज़गार नहीं मिलेगा. नरेंद्र मोदी कहते हैं कि मैं विकल्प दे रहा हूँ. हाँ, हम मानते हैं कि वे विकल्प दे रहे हैं. वे तीन विकल्प हैं भूख, बेरोज़गारी और आत्महत्या.”

    राहुल गांधी ने कहा, “नरेंद्र मोदी कहते हैं कि मैं किसानों से बात करना चाहता हूँ. किस चीज़ के बारे में बात करना चाहते हैं. जब तक आप ये क़ानून वापस नहीं लेंगे, तब तक ​हिन्दुस्तान का एक किसान आप से बात नहीं करेगा.”

  15. भारत चीन सीमा समझौता: सेना के पीछे हटने पर विशेषज्ञों ने क्या कहा?

  16. जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा उपयुक्त समय पर दिया जाएगा: अमित शाह

    भारत के गृह मंत्री अमित शाह ने शनिवार को लोकसभा में ‘जम्मू-कश्मीर पुनर्गठन संशोधन विधेयक-2021’ पर हो रही चर्चा का जवाब दिया.

    लोकसभा में उन्होंने कहा, “इस बिल (जम्मू-कश्मीर पुनर्गठन (संशोधन) विधेयक, 2021) का जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा देने से कोई लेना-देना नहीं है.उपयुक्त समय पर जम्मू-कश्मीर को राज्य का दर्जा दिया जाएगा.”

    उन्होंने कहा, “पिछली सरकारों की चार पीढ़ियों ने जो काम किया, वो काम हमने डेढ़ साल के अंदर कर लिया है.”

    उन्होंने दावा किया कि “हमने जम्मू-कश्मीर के शत प्रतिशत घरों में बिजली पहुँचाने का काम पूरा कर लिया है. सेहत योजना के तहत जम्मू-कश्मीर के हर व्यक्ति को स्वास्थ्य के लिए कवरेज मिला है. केंद्र ने 4000 करोड़ रुपये AIIMS के लिए भेजा है, जिसका काम चल रहा है.”

    गृह मंत्री ने कहा, “साल 2022में कश्मीर घाटी को रेलवे से जोड़ने का काम पूरा हो जाएगा. साल 2022 तक सभी घरों में पाइप से पाइप से पानी पहुँचाने का काम पूरा कर लिया जाएगा. साथ ही हर गाँव को सड़क से जोड़ने का काम साल 2022 तक पूरा कर लिया जाएगा.”

    गृह मंत्री अमित शाह ने लोकसभा में अपने भाषण के दौरान यह दावा किया कि कश्मीरी पंडित परिवारों को उनकी सरकार हर महीने 13,000 रुपये दे रही है.

    उन्होंने कहा, “370 हटने के बाद जम्मू-कश्मीर में किसी के साथ अन्याय हो, उसकी संभावना को समाप्त कर दिया गया है.”

    संसद में उन्होंने कहा, “हर राज्य और केंद्र शासित प्रदेशों की तरह ही लद्दाख को भी अब दिल्ली में अपना सदन मिलेगा, ये 70 साल बाद हुआ.”

    'कांग्रेस हमसे हिसाब ना मांगे'

    विपक्षी कांग्रेस पार्टी पर हमला करते हुए उन्होंने कहा, “यहाँ कहा गया कि धारा-370 हटाने के वक़्त जो वादे किये गए थे, उनकी दिशा में क्या किया गया? धारा-370 हटे हुए अभी 17 महीने हुए हैं और आप हमसे हिसाब माँग रहे हो. 70 साल आपने क्या किया, इसका हिसाब लेकर आये हो?''

    उन्होंने कहा, ''अगर 70 साल ढंग से चलाते तो हमसे हिसाब माँगने का समय ही नहीं आता. किसके दबाव में धारा-370 को इतने समय तक चालू रखा ? आपने एक अस्थायी प्रावधान को नहीं उखाड़ा क्योंकि वोट बैंक की राजनीति करनी थी. जिनको पीढ़ियों तक शासन करने का मौक़ा दिया, वो अपने गिरेबान में झांक कर देखें कि हम हिसाब माँगने के लायक हैं या नहीं.”

    गृह मंत्री अमित शाह के भाषण के बाद जम्मू-कश्मीर पुनर्गठन (संशोधन) विधेयक-2021 लोकसभा से पास हो गया.

  17. राहुल बोले- क्रिकेट भी नफ़रत से नहीं बचा

    कांग्रेस नेता राहुल गाँधी ने ट्वीट कहा है, ''पिछले कुछ सालों में नफ़रत बहुत ही सामान्य हो गई है. यहाँ तक कि हमारा प्यारा खेल क्रिकेट भी इससे नहीं बचा है. भारत सभी का है. उन्हें हमारी एकता ख़त्म ना करने दें.''

  18. ब्रेकिंग न्यूज़, सुब्रमण्यम स्वामी ने चीन पर मोदी सरकार को घेरा

    बीजेपी नेता और राज्यसभा सांसद सुब्रमण्यम स्वामी ने चीन को लेकर मोदी सरकार को घेरा है.

    स्वामी ने ट्वीट कर कहा, ''प्रधानमंत्री ने 2020 में कहा कि 'कोई आया नहीं कोई गया नहीं.' चीन को यह बहुत पसंद आया. लेकिन यह सच नहीं था. बाद में जनरल नरवणे ने सैनिकों को आदेश दिया वे एलएसी पार कर पैंगोंग लेक को अपने नियंत्रण लें ताकि चीनी चौकियों पर नज़र रखी जा सके. अब हम वहाँ से पीछे हट रहे हैं लेकिन डेपसांग से चीन के पीछे हटने का क्या हुआ? अभी तक नहीं हुआ है. चीन बहुत ख़ुश है.''

  19. उमर अब्दुल्ला ने बीजेपी पर साधा निशाना

    भारतीय जनता पार्टी की जम्मू-कश्मीर यूनिट ने अपने आधिकारिक ट्विटर हैंडल से शुक्रवार को कुछ फोटो पोस्ट की थी. इस फ़ोटो के साथ लिखा गया है, ''जम्मू-कश्मीर के बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष रविंदर रैना पासिंग आउट परेड के बाद डिप्टी एसपी और सब इंस्पेक्टर को उद्धमपुर स्थित पुलिस अकादमी में बैज लगाते हुए.''

    बीजेपी के इस ट्वीट और फ़ोटो की काफ़ी आलोचना हो रही है. जम्मू-कश्मीर के पूर्व मुख्यमंत्री उमर अब्दुल्ला ने ट्वीट कर कहा है, ''जम्मू-कश्मीर प्रशासन सिविल और पुलिस दोनों बीजेपी पदाधिकारियों के सामने गिड़गिड़ाते रहते हैं. बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष पुलिस पासिंग आउट परेड में बैज लगा रहे हैं. जम्मू-कश्मीर में ऐसा कभी नहीं हुआ. इनके पास ऐसा करने का कोई अधिकार नहीं है. इस सरकार के लिए यह शर्मनाक है.''

  20. ब्रेकिंग न्यूज़, निर्मला सीतारमण का कांग्रेस पर तंज़, "दूसरी सरकारों में दामादों को ज़मीन मिलती थी'

    वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण लोकसभा में बजट से जुड़े सवालों का जवाब दे रही हैं और इस दौरान सदन में काफ़ी शोर-शराबा देखने को मिल रहा है.

    सीतारमण विपक्षी पार्टियों के सांसदों के सवालों और आरोपों के जवाब दे रही हैं.

    उन्होंने बजट को ‘उद्योगपतियों’ के हित में बताए जाने के आरोपों पर कहा, “जो लोग सरकार पर चंद पूँजीपतियों का भला करने का आरोप लगा रहे हैं, उन्हें मैं प्रधानमंत्री स्वनिधि योजना के बारे में बताना चाहूँगी. स्वनिधि से पूँजीपतियों का फ़ायदा नहीं होगा.”

    वित्त मंत्री ने कांग्रेस पार्टी पर तंज़ करते हुए कहा, “एक समय था जब राजस्थान और हरियाणा में दूसरी सरकार थी और तब वहाँ दामादों को ज़मीन मिलती थी.”

    निर्मला सीतारमण ने राहुल गाँधी के ‘हम दो हमारे दो’ वाले बयान पर कटाक्ष करते हुए कहा, “हम दो हमारे दो का मतलब ये होता है कि हम दो लोग ही पार्टी संभालेंगे और हमें दो लोगों का ख़याल रखना है-बेटी और दामाद.”

    वित्त मंत्री ने कहा, “हमारी सरकार ऐसा नहीं करती. हम 50 लाख रेहड़ी-पटरी वालों को एक साल के लिए 10 हज़ार रुपये देते हैं. वो कोई पूँजीपति नहीं हैं.”