इसराइल के राष्ट्रपति इसहाक हर्ज़ोग ने ईरान के परमाणु ठिकानों पर अमेरिकी हमलों को 'ऐतिहासिक और साहसिक' निर्णय बताया है.
बीबीसी संवाददाता लॉरा कुन्सबर्ग ने इसराइल के राष्ट्रपति इसहाक हर्ज़ोग से ताज़ा स्थिति से जुड़े मामलों पर बात की.
इस सवाल के जवाब में कि क्या ईरान की परमाणु क्षमता पूरी तरह ख़त्म कर दी गई है, राष्ट्रपति हर्ज़ोग ने कहा कि उन्हें पूरी जानकारी नहीं है.
उन्होंने कहा, "लेकिन मुझे यह साफ़ लगता है कि ईरान के परमाणु कार्यक्रम को काफ़ी नुक़सान पहुंचा है."
उनसे सवाल किया गया कि क्या इसराइल ने ईरान पर हमला करने के लिए अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से सीधे तौर पर अनुरोध किया था.
इस सवाल पर हर्ज़ोग ने कहा, "हमने ये फ़ैसला अमेरिकियों पर छोड़ने का फै़सला किया है."
इससे पहले उन्होंने कहा कि उन्हें नहीं पता था कि अमेरिका ईरान की परमाणु सुविधाओं पर हमला करने जा रहा है. उन्होंने कहा, "जब यह हुआ तो मैं जाग गया था."
कुन्सबर्ग ने फिर पूछा कि क्या अब इसराइल ईरान पर हमला करना बंद कर देगा?
इस सवाल के जवाब में राष्ट्रपति इसहाक हर्ज़ोग ने कोई सीधा जवाब नहीं दिया, बस इतना कहा कि ईरान इसराइली क्षेत्र पर मिसाइलें दाग रहा है और "हमें मिसाइलों से ख़ुद को बचाने के लिए कुछ भी करना होगा".
उन्होंने कहा, "इससे निपटने का सही तरीक़ा यह है कि इसे अंतरराष्ट्रीय स्तर पर सुलझाया जाए और यह सुनिश्चित किया जाए कि इससे बाहर निकलने की एक रणनीति हो."