लाइव, ट्रंप ने कहा, 'जब राष्ट्रपति का चुनाव लड़ा था तब नहीं पता था, यह काम इतना ख़तरनाक है'

डिनर पार्टी में हुई गोलीबारी के बारे में उन्होंने कहा कि यह एक 'धार्मिक मामला' था और 'ईसाइयों के प्रति इसमें गहरी नफ़रत थी.'

सारांश

लाइव कवरेज

सुमंत सिंह, चंदन कुमार जजवाड़े

  1. अब इस लाइव पेज को विराम देने का वक़्त आ गया है. मुझे यानी बीबीसी संवाददाता चंदन कुमार जजवाड़े को दीजिए इजाज़त.

    कल सुबह एक नए लाइव पेज के साथ हम फिर हाज़िर होंगे.

    बीबीसी न्यूज़ हिन्दी की वेबसाइट पर मौजूद कुछ अहम ख़बरों को पढ़ने के लिए नीचे दिए गए लिंक्स पर क्लिक करें.

  2. ट्रंप ने कहा, 'जब राष्ट्रपति का चुनाव लड़ा था तब नहीं पता था, यह काम इतना ख़तरनाक है'

    ट्रंप

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    इमेज कैप्शन, अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने व्हाइट हाउस के पत्रकारों के साथ एक डिनर का आयोजन किया था, इसी दौरान वहाँ गोलियाँ चली थीं

    अमेरिका राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने कहा है कि सुरक्षा से जुड़ी और समस्याओं से बचने के लिए व्हाइट हाउस में एक सुरक्षित बॉलरूम की ज़रूरत है.

    जब उनसे पूछा गया कि क्या उन्हें वॉशिंगटन हिल्टन में दोबारा तय किए गए कार्यक्रम को आयोजित करने को लेकर कोई चिंता है, तो ट्रंप ने कहा, "जब आपके पास एक हज़ार कमरे हों, तो यह हमेशा मुश्किल होता है."

    उन्होंने व्हाइट हाउस में एक सुरक्षित बॉलरूम की ज़रूरत पर अपनी पिछली टिप्पणियों को भी दोहराया, जिसके बारे में उनका कहना है कि उसका निर्माण तय समय से पहले हो जाएगा और यह बजट के अंदर है.

    इसके बाद ट्रंप से पूछा गया कि क्या उन्हें उम्मीद है कि पिछली रात की घटना कांग्रेस को डिपार्टमेंट ऑफ़ होमलैंड सिक्योरिटी के लिए फ़ंडिंग मंज़ूर करने के लिए प्रेरित करेगी?

    यह विभाग सीक्रेट सर्विस की देखरेख करता है और पिछले कई महीनों से इसकी फ़ंडिंग को लेकर विवाद चल रहा है.

    ट्रंप ने इस सवाल का सीधा जवाब नहीं दिया. उन्होंने यह बताना शुरू कर दिया कि लॉ एन्फ़ोर्समेंट अधिकारी बेहतरीन काम कर रहे हैं.

    डिनर पार्टी में हुई गोलीबारी के बारे में उन्होंने कहा कि यह एक 'धार्मिक मामला' था और 'ईसाइयों के प्रति इसमें गहरी नफ़रत थी.'

    ट्रंप ने आगे कहा कि जब उन्होंने राष्ट्रपति पद का चुनाव लड़ा था, तब उन्हें ठीक-ठीक अंदाज़ा नहीं था कि उनका यह काम कितना ख़तरनाक है.

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक होटल में व्हाइट हाउस के पत्रकारों के साथ शनिवार रात साढ़े आठ बजे (अमेरिकी समयानुसार) डिनर (कॉरेस्पॉन्डेंट्स डिनर) कर रहे थे, तभी गोली चलने की आवाज़ें आईं. इसके बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को उनके सुरक्षाकर्मियों ने सुरक्षित बाहर निकाला.

  3. मध्य पूर्व संघर्ष: ईरानी हमलों से बचने के लिए 'इसराइल ने यूएई में आयरन डोम मिसाइलें की थीं तैनात'

    आयरन डोम एक बड़े मिसाइल डिफेंस सिस्टम का हिस्सा है, जिसे इसराइल ने लाखों डॉलर खर्च कर बनाया है (फ़ाइल फ़ोटो)

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    इमेज कैप्शन, आयरन डोम एक बड़े मिसाइल डिफे़ेंस सिस्टम का हिस्सा है, जिसे इसराइल ने लाखों डॉलर ख़र्च कर बनाया है (फ़ाइल फ़ोटो)

    अमेरिकी वेबसाइट एक्सियोस ने इसराइली अधिकारियों और एक अमेरिकी अधिकारी के हवाले से एक रिपोर्ट प्रकाशित की है. इसमें कहा गया है कि इसराइल ने ईरान के साथ युद्ध के शुरुआती चरणों में यूएई को एयर डिफ़ेंस सिस्टम 'आयरन डोम' भेजा था. साथ ही इसके संचालन के लिए फ़ोर्स भी भेजी गई थी.

    बीबीसी अरबी सेवा के मुताबिक़ यह पहली बार है जब इसराइल ने किसी अन्य देश में 'आयरन डोम' तैनात किया है. जबकि एक वरिष्ठ इसराइली अधिकारी के मुताबिक़ इसराइल और अमेरिका के बाहर यूएई पहला देश बन गया है जहां इस एयर डिफ़ेंस सिस्टम का उपयोग किया गया.

    रिपोर्ट में बताया गया है कि इस दौरान ईरानी हमलों के लिए क्षेत्र में सबसे अधिक असुरक्षित देश यूएई था. क्योंकि यूएई के रक्षा मंत्रालय के अनुसार ईरान ने उसकी ओर क़रीब 550 बैलिस्टिक और क्रूज मिसाइलों के अलावा 2,200 से अधिक ड्रोन दागे थे.

    रिपोर्ट में इसराइली अधिकारियों के हवाले से कहा गया है कि प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू ने संयुक्त अरब अमीरात के राष्ट्रपति से बातचीत के बाद इंटरसेप्टर मिसाइलों और दर्जनों ऑपरेटरों से लैस आयरन डोम बैटरी भेजने का फ़ैसला किया था.

    इस रिपोर्ट के संबंध में यूएई और इसराइल की सरकारों की ओर से कोई आधिकारिक टिप्पणी नहीं आई है.

    इसराइली अधिकारियों के मुताबिक़ आयरन डोम तकनीक 90 प्रतिशत मामलों में कारगर साबित होती है. ये रॉकेट को रिहायशी इलाकों में ज़मीन पर गिरने से पहले ही मार गिराती है.

    आयरन डोम एक बड़े मिसाइल डिफेंस सिस्टम का हिस्सा है, जिसे इसराइल ने लाखों डॉलर खर्च कर बनाया है.

    ये सिस्टम ख़ुद ही पता लगा लेता है कि मिसाइल रिहायशी इलाकों में गिरने वाली है या नहीं और कौन-सी मिसाइल अपने निशाने से चूक रही है.

    ये सिस्टम सिर्फ़ उन्हीं मिसाइलों को हवा में मार गिराता है जो रिहायशी इलाकों में गिरने वाली होती हैं. यह खूबी इस तकनीक को काफ़ी किफ़ायती बनाती है.

  4. पेट्रोलियम मंत्रालय ने पेट्रोल, डीज़ल और गैस के इस्तेमाल को लेकर दी ये सलाह

    गैस

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    इमेज कैप्शन, ईरान युद्ध की वजह से भारत में भी तेल और गैस की सप्लाई पर असर पड़ा है (फ़ाइल फ़ोटो)

    रविवार को भारत के पेट्रोलियम और नेचुरल गैस मंत्रालय ने भारत में पेट्रोल, डीज़ल और गैस को लेकर आम लोगों के लिए सलाह जारी की है.

    मंत्रालय ने कहा है, "नागरिकों को सलाह दी जाती है कि वे पेट्रोल, डीज़ल और एलपीजी की घबराहट में खरीदारी करने से बचें. सरकार पेट्रोल, डीज़ल और एलपीजी की उपलब्धता सुनिश्चित करने के लिए हर संभव प्रयास कर रही है."

    आम लोगों को सलाह दी गई है कि वे अफ़वाहों से सावधान रहें.

    इसके साथ लोगों को ऊर्जा के वैकल्पिक स्रोतों मसलन पीएनजी और इलेक्ट्रिक या इंडक्शन कुकटॉप के इस्तेमाल के लिए प्रोत्साहित किया गया है.

    ईरान युद्ध और पश्चिम एशिया संकट की वजह से तेल और गैस की सप्लाई पर गंभीर असर पड़ा है.

    पेट्रोलियम और नेचुरल गैस मंत्रालय ने सभी आम लोगों से आग्रह किया है कि वे मौजूदा हालात में ऊर्जा की बचत करें.

    मंत्रालय ने दावा किया है कि मौजूदा भू-राजनीतिक स्थिति के बावजूद, सरकार ने यह सुनिश्चित किया है कि घरेलू एलपीजी, घरेलू पीएनजी और सीएनजी (गाड़ियों के लिए) की 100% आपूर्ति की जा रही है.

    इसके साथ ही मांग पर दबाव कम करने के लिए केरोसिन और कोयले जैसे वैकल्पिक ईंधन भी उपलब्ध कराए गए हैं.

    मंत्रालय ने कहा है कि मौजूदा भू-राजनीतिक स्थिति के कारण एलपीजी की आपूर्ति अभी भी प्रभावित हो रही है. इसलिए घरेलू उपभोक्ताओं के लिए एलपीजी की आपूर्ति को प्राथमिकता दी गई है.

  5. पश्चिम बंगाल चुनावः तेजस्वी यादव ने ममता बनर्जी के बारे में क्या कहा

    शनिवार को पश्चिम बंगाल में एक जनसभा में आरजेडी नेता तेजस्वी यादव

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    इमेज कैप्शन, शनिवार को पश्चिम बंगाल में एक जनसभा में आरजेडी नेता तेजस्वी यादव

    आरजेडी नेता तेजस्वी यादव ने पश्चिम बंगाल में एक बार फिर से ममता बनर्जी की जीत का दावा किया है.

    वो पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में तृणमूल कांग्रेस के लिए प्रचार कर रहे हैं. उन्होंने राज्य में रोड शो और जनसभाएं भी की हैं.

    तेजस्वी यादव ने कहा, ''उन्हें (ममता बनर्जी) को 4 मई तक इंतज़ार करना चाहिए, नतीजे सबके सामने होंगे. बंगाल की जनता एक बार फिर ममता जी को चुन रही है. बिहार से हमारे सभी लोग उनकी जीत सुनिश्चित करने के लिए एकजुट होंगे और हम जीतेंगे.''

    तेजस्वी यादव ने एक सोशल मीडिया पोस्ट में दावा किया है, "ममता दीदी शेरनी की तरह लड़ रही हैं. प्रधानमंत्री जी नेता कम अभिनेता अधिक लगते हैं."

    पश्चम बंगाल में बड़ी संख्या में बिहार के लोग कामकाज के सिलसिले में रहते हैं.

    बिहार के पूर्व मुख्यमंत्री लालू प्रसाद यादव भी पश्चिम बंगाल में रहने वाले बिहार के लोगों को एक बड़ी राजनीति ताक़त बताते रहे हैं.

    पश्चिम बंगाल में चुनाव के पहले चरण में 23 अप्रैल को वोट डाले गए हैं और इस दिन यहाँ रिकार्ड वोटिंग दर्ज की गई है.

    राज्य में दूसरे चरण के लिए 29 अप्रैल को वोट डाले जाएंगे और 4 मई को चुनाव के नतीजे घोषित होंगे.

  6. पश्चिम बंगाल चुनाव: ममता बनर्जी के समर्थन में जनसभा करने पहुंचे केजरीवाल ने क्या कहा

    अरविंद केजरीवाल

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    इमेज कैप्शन, रविवार को आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने कोलकाता में एक जनसभा को संबोधित किया

    आम आदमी पार्टी के राष्ट्रीय संयोजक अरविंद केजरीवाल ने पश्चिम बंगाल में ममता बनर्जी के समर्थन में जनसभा की है और उन्होंने पीएम मोदी पर निशाना साधा है.

    उन्होंने आरोप लगाया, "मोदी जी ईमानदारी से चुनाव नहीं जीत सकते, उनके तीन दोस्त हैं- ईडी, सीबीआई और ज्ञानेश कुमार (मुख्य चुनाव आयुक्त).''

    केजरीवाल ने कहा, ''मुझे पता चला है कि पूरे देश से यहाँ सेना बुलाई गई है. इसकी क्या ज़रूरत है? क्या बंगाल के लोग आतंकवादी हैं? यह बंगाल के लोगों का अपमान है.''

    उन्होंने कहा, ''इन सबके बाद भी, अगर मोदी जी चुनाव हार जाते हैं, तो बंगाल के लोग उनसे पूछना चाहते हैं कि क्या वे इस्तीफ़ा देंगे?"

    पश्चिम बंगाल में चुनाव के पहले चरण में 23 अप्रैल को वोट डाले गए हैं और इस दिन यहाँ रिकार्ड वोटिंग दर्ज की गई है.

    राज्य में दूसरे चरण के लिए 29 अप्रैल को वोट डाले जाएंगे और 4 मई को चुनाव के नतीजे घोषित होंगे.

  7. ईरान ने होर्मुज़ स्ट्रेट पर कहा- 47 साल तक मेहमाननवाज़ी का दौर ख़त्म

    होर्मुज़ स्ट्रेट

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    इमेज कैप्शन, ईरान पर अमेरिका और इसराइल के हमलों के बाद जहाज़ों के लिए बिना अनुमति के होर्मुज़ स्ट्रेट का रास्ता बंद कर दिया गया (फ़ाइल फ़ोटो)

    ईरानी संसद के नेशनल सिक्योरिटी कमीशन के प्रमुख और इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कोर के पूर्व कमांडर इब्राहिम अज़ीज़ी ने होर्मुज़ स्ट्रेट को लेकर कहा है कि ईरान की मेहमाननवाज़ी के 47 साल का दौर ख़त्म हो गया है.

    एक सोशल मीडिया पोस्ट में इब्राहिम अज़ीज़ी ने कहा, ''ग्रीक नेशनल टेलीविज़न के साथ अपनी बातचीत में मैंने एक बार फिर 'होर्मुज़ स्ट्रेट की नई व्यवस्था' का ज़िक्र किया. जैसा कि हमने पहले ही कहा है कि मेहमाननवाज़ी का 47 साल का दौर ख़त्म हो गया है.''

    उन्होंने कहा, ''होर्मुज़ स्ट्रेट से गुज़रने की इच्छा रखने वाले सभी जहाज़ों को इसका टोल देना होगा.''

    इब्राहिम अज़ीज़ी का कहना है कि 'मौजूदा दौर में होर्मुज़ स्ट्रेट ईरान की ताक़त के बुनियादी स्तंभ में से एक बन गया है.'

    28 फ़रवरी को अमेरिका और इसराइल ने ईरान पर हमला कर दिया था. इस हमले के बाद ईरान ने होर्मुज़ स्ट्रेट को बंद कर दिया है.

    ईरानी तट के क़रीब मौजूद इस संकरे समुद्री रास्ते से आम दिनों में दुनिया की तेल और गैस सप्लाई का 20 फ़ीसदी हिस्सा गुज़रता रहा है.

    होर्मुज़ स्ट्रेट के बंद होने के बाद दुनिया के कई देशों में तेल और गैस की कमी देखी जा रही है.

    होर्मुज़ स्ट्रेट से बिना अनुमति के गुज़रने की कोशिश करने वाले कुछ जहाज़ों पर ईरानी सुरक्षाबलों ने गोलीबारी और हमले भी किए हैं.

    उधर ओमान की खाड़ी में अमेरिकी नेवी ने भी ईरान से जुड़े जहाज़ों के लिए नाकाबंदी कर रखी है.

  8. राघव चड्ढा समेत 7 सांसदों के बीजेपी में विलय के फ़ैसले के ख़िलाफ़ 'आप' की याचिका

    राघव चड्ढा और संदीप पाठक

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    इमेज कैप्शन, आम आदमी पार्टी ने राज्यसभा से अपने सात सांसदों की सदस्यता ख़त्म करने की अपील की है

    राघव चड्ढा समेत आम आदमी पार्टी के दो तिहाई राज्यसभा सांसदों के बीजेपी में शामिल होने के मुद्दे आप ने जल्द सुनवाई की मांग की है.

    रविवार को 'आप' के वरिष्ठ नेता और राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने कहा, "सभी विशेषज्ञों से सलाह लेने और (कपिल) सिब्बल की राय जानने के बाद, मैंने राज्यसभा के सभापति (भारत के उपराष्ट्रपति) को एक याचिका भेजी है.''

    संजय सिंह ने बताया, ''इसमें अनुरोध किया गया है कि संविधान की दसवीं अनुसूची के अनुसार, इन सात सदस्यों की सदस्यता पूरी तरह से समाप्त कर दी जाए. मैंने उपराष्ट्रपति और सभापति से यह भी अनुरोध किया है कि वे इस मामले की सुनवाई जल्द से जल्द करें और इस पर एक न्यायसंगत निर्णय दें.''

    संजय सिंह ने कहा है कि इस मामले पर सुप्रीम कोर्ट के कई फ़ैसले मौजूद हैं और अपने सांसदों के पार्टी छोड़ने के मुद्दे पर क़ानूनी लड़ाई लड़ी जाएगी.

    संजय सिंह

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    पार्टी में बिना प्रस्ताव पारित किए विलय नहीं हो सकता- कपिल सिब्बल

    शनिवार को आप के राज्य सभा सांसदों के बीजेपी में शामिल होने के फ़ैसले पर वरिष्ठ वकील कपिल सिब्बल ने कहा था, “मुझे नहीं लगता कि इन 7 लोगों और बीजेपी को संविधान की ज़्यादा समझ है, क्योंकि इन्हें ख़ुद ही शायद पता नहीं होगा कि विलय का मतलब क्या होता है.''

    सिब्बल के मुताबिक़, '''संविधान में लिखा है कि सबसे पहले जो राजनीतिक दल है, उसे यह फ़ैसला लेना होगा कि वह किसी पार्टी के साथ विलय करना चाहता है. जैसे आम आदमी पार्टी संगठन के स्तर पर बैठक बुलाकर प्रस्ताव पास करके यह तय करे कि वह विलय करना चाहती है, या फिर दोनों राजनीतिक पार्टियां संगठन स्तर पर प्रस्ताव पास कर फ़ैसला करें कि वे आपस में विलय करना चाहती हैं.''

    उन्होंने कहा, ''अगर राजनीतिक पार्टी का विलय हो जाता है और पार्टी के पास 10 सांसद हैं, और ये लोग पार्टी के साथ विलय करने के लिए दो-तिहाई बहुमत से प्रस्ताव पास करते हैं, तो इनका विलय हो सकता है. इसका उल्टा नहीं हो सकता, पार्टी के विलय से पहले ये सांसद किसी दूसरी पार्टी के साथ विलय नहीं कर सकते.''

    शुक्रवार को संदीप पाठक और अशोक मित्तल के साथ प्रेस कॉन्फ़्रेंस कर राघव चड्ढा ने कहा था, "हमने तय किया है कि हम, राज्य सभा में आम आदमी पार्टी के दो-तिहाई सदस्य संविधान के प्रावधानों के अनुसार बीजेपी में शामिल हो रहे हैं."

  9. ईरान के विदेश मंत्री फिर पाकिस्तान लौटने वाले हैं, जानिए क्या है वजह

    अब्बास अराग़ची

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    इमेज कैप्शन, ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराग़ची ओमान के बाद रूस जाने वाले थे

    ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराग़ची ओमान की यात्रा के बाद और रूस जाने से पहले पाकिस्तान लौटने वाले हैं.

    बीबीसी फ़ारसी के मुताबिक़, ईरानी सरकारी मीडिया ने शनिवार को बताया कि ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराग़ची ओमान की अपनी यात्रा के बाद पाकिस्तान लौटेंगे.

    अराग़ची शनिवार को ही पाकिस्तान से ओमान गए थे.

    ईरानी समाचार एजेंसी आईआरएनए ने विदेश मंत्रालय के हवाले से बताया कि अराग़ची "ओमान की अपनी यात्रा पूरी करने के बाद और रूस जाने से पहले पाकिस्तान का दोबारा दौरा करने वाले हैं."

    उन्होंने आगे कहा कि उनके प्रतिनिधिमंडल का एक हिस्सा "परामर्श के लिए और युद्ध समाप्त करने से संबंधित मुद्दों पर ज़रूरी निर्देश हासिल करने के लिए" तेहरान लौट आया है.

    अब्बास अराग़ची

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    इमेज कैप्शन, अराग़ची शनिवार को ही पाकिस्तान से रवाना हुए थे

    यह प्रतिनिधिमंडल रविवार शाम को इस्लामाबाद में अराग़ची से फिर से मिलने वाला है.

    अमेरिका और ईरान के बीच जारी तनाव के बीच शनिवार को ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराग़ची एक प्रतिनिधिमंडल के साथ इस्लामाबाद पहुंचे थे.

    ईरानी विदेश मंत्रालय ने बताया था कि इस दौरे का मक़सद द्विपक्षीय मामलों पर चर्चा करना है. शनिवार को पाकिस्तानी विदेश मंत्रालय ने भी दोनों इस द्विपक्षीय बातचीत को अच्छा बताया था.

    अमेरिका के साथ जारी तनाव पर आगे की योजना के बारे में फ़िलहाल कुछ भी स्पष्ट नहीं है.

  10. आंध्र प्रदेश में पेट्रोल-डीज़ल की बढ़ी मांग पर सरकार ने क्या कहा

    पेट्रोल पंप (फ़ाइल फ़ोटो)

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    इमेज कैप्शन, पेट्रोल पंप (फ़ाइल फ़ोटो)

    अमेरिका और इसराइल ने ईरान पर हमले किए थे. उसके बाद शुरू हुए जंग की वजह से दुनिया भर में कच्चे तेल और गैस की सप्लाई पर असर पड़ा है.

    आंध्र प्रदेश में पेट्रोल और डीज़ल की ज़्यादा मांग की वजह से इनकी कमी देखी जा रही है.

    मुख्यमंत्री कार्यालय ने सोशल मीडिया पर एक पोस्ट में बताया है कि इस मुद्दे पर सीएम चंद्रबाबू नायडू ने एक समीक्षा बैठक की है.

    अधिकारियों के मुताबिक़ राज्य में पेट्रोल और डीज़ल की सप्लाई में बढ़ोतरी हुई है.

    उनके मुताबिक़ शनिवार को राज्य में 10,345 किलोलीटर पेट्रोल और 14,156 किलोलीटर डीज़ल की सप्लाई हुई है.

    अधिकारियों का कहना है कि राज्य में लोग पेट्रोल और डीज़ल की कमी की आशंका में घबराहट में ज़्यादा ख़रीदारी कर रहे हैं.

    उन्होंने कहा, “सामान्य दिनों में पेट्रोल की रोज़ाना बिक्री 6,330 किलोलीटर और डीज़ल की 9,048 किलोलीटर रहती है. जबकि शनिवार को पेट्रोल की बिक्री 8,489 किलोलीटर और डीज़ल की 10,556 किलोलीटर तक पहुंच गई.”

    मुख्यमंत्री ने अधिकारियों को निर्देश दिया कि वे सरकारी विभागों की कार्रवाई और इस समस्या के समाधान को लेकर फ़ौरन योजना तैयार करें.

  11. डिनर पार्टी में गोलीबारी: ट्रंप की सुरक्षा से जुड़ी अब तक कितनी घटनाएं हुई हैं?, नबिहा अहमद, बीबीसी संवाददाता

    ट्रंप

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    इमेज कैप्शन, अमेरिकी राष्ट्रपति ने एक प्रेस कॉन्फ़्रेंस की और इसके कुछ देर बाद ही गोलीबारी हुई

    यह पहली बार नहीं है जब डोनाल्ड ट्रंप किसी गोलीबारी की घटना वाली जगह पर मौजूद रहे हैं.

    व्हाइट हाउस कॉरेस्पोंडेंट्स डिनर में हुई गोलीबारी की घटना के बाद, एक पत्रकार ने अमेरिकी राष्ट्रपति से पूछा, “आपको क्या लगता है कि आपके साथ बार-बार ऐसा क्यों होता है?”

    हुए ट्रंप ने इसके जवाब में कहा, "जो लोग सबसे प्रभावशाली होते हैं, उन्हीं को निशाना बनाया जाता है. ऐसे लोग (हमलावर) उनके पीछे नहीं पड़ते जो कुछ ख़ास नहीं होते."

    पिछले कुछ सालों में ट्रंप की सुरक्षा से जुड़ी कई घटनाएं सामने आई हैं.

    जुलाई 2024 में पेंसिल्वेनिया के बटलर में एक चुनावी रैली के दौरान उनके दाहिने कान में गोली लगी थी. जब सुरक्षाकर्मी उन्हें मंच से हटाकर सुरक्षित जगह ले जा रहे थे, तब वह "फ़ाइट, फ़ाइट, फ़ाइट" की आवाज़ लगा रहे थे.”

    इस घटना में भीड़ में मौजूद एक शख़्स की मौत हो गई थी.

    इसके कुछ महीनों बाद ही सितंबर 2024 में फ्लोरिडा के वेस्ट पाम बीच में उनके गोल्फ़ क्लब की झाड़ियों में एक संदिग्ध बंदूकधारी छिपा हुआ पाया गया. ट्रंप ने ख़ुद बताया कि वह "सुरक्षित और ठीक" हैं.

    ट्रंप की सुरक्षा से जुड़ी सबसे ताज़ा घटना फ़रवरी 2026 में हुई थी. ट्रंप के मार-ए-लागो आवास की सुरक्षित सीमा में घुसने के बाद, एक हथियारबंद व्यक्ति को गोली मारी गई थी. उस समय राष्ट्रपति ट्रंप वॉशिंगटन डीसी में मौजूद थे.

    गोलीबारी की घटना की जगह पर पहुँचे सुरक्षाकर्मी

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    इमेज कैप्शन, गोलीबारी की घटना की जगह पर पहुँचे सुरक्षाकर्मी

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप एक होटल में व्हाइट हाउस के पत्रकारों के साथ शनिवार रात साढ़े आठ बजे (अमेरिकी समयानुसार) डिनर (कॉरेस्पॉन्डेंट्स डिनर) कर रहे थे, तभी गोली चलने की आवाज़ें आईं. इसके बाद राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को उनके सुरक्षाकर्मियों ने सुरक्षित बाहर निकाला.

  12. ग़ाज़ीपुर: नाबालिग लड़की की हत्या के मामले में अखिलेश यादव ने राज्य सरकार पर उठाए सवाल

    अखिलेश यादव

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    इमेज कैप्शन, अखिलेश यादव ने मामले में एफ़आईआर दर्ज होने में देरी पर भी सवाल उठाए हैं (फ़ाइल फ़ोटो)

    उत्तर प्रदेश के ग़ाज़ीपुर में एक नाबालिग लड़की की हत्या के मामले में पूर्व मुख्यमंत्री अखिलेश यादव ने राज्य सरकार पर निशाना साधा है.

    अखिलेश यादव ने एक्स पोस्ट पर आरोप लगाया, ''बयान बदलवाने से सच नहीं बदलता है. उत्तर प्रदेश ने इतना कमज़ोर मुख्यमंत्री कभी नहीं देखा जो घोर अत्याचार के शिकार ग़रीब-बेबस पीड़ितों पर दबाव डालकर बयान बदलवाते हैं.''

    उन्होंने इस मुद्दे से जुड़े कई सवाल उठाए हैं, ''एफ़आइआर लिखवाने में इतनी देर क्यों हुई, बातें क्यों बदलवाई गईं, ⁠पीड़ित परिवार को और उत्पीड़ित क्यों किया जा रहा है?''

    अखिलेश यादव ने पूछा है, ''पुलिस तक पर पथराव करनेवाले वर्चस्ववादियों के ख़िलाफ़ कार्रवाई करने से किसने रोका और ⁠पोस्टमार्टम पर सवालिया निशान क्यों लगा?''

    अखिलेश यादव ने आरोप लगाया है कि 'इस अन्याय की मूल वजह ये है कि समाज में भेदभाव है.'

    इससे पहले कांग्रेस सांसद प्रियंका गांधी ने ग़ाज़ीपुर में एक नाबालिग लड़की की हत्या के मामले में सरकार पर निशाना साधते हुए कहा था, ''राज्य में महिलाओं के ख़िलाफ़ अत्याचार चरम पर है.''

    प्रियंका गांधी ने एक्स पर लिखा, "ग़ाज़ीपुर, उत्तर प्रदेश में एक लड़की की हत्या के मामले में पहले केस दर्ज होने में आनाकानी, फिर पीड़ित परिवार को धमकियां मिलना और दबंगों द्वारा अराजकता फैलाना यह दिखाता कि प्रदेश में महिलाओं के ख़िलाफ़ अत्याचार चरम पर है."

    क्या है मामला?

    एडीजी वाराणसी पीयूष मोर्डिया के मुताबिक़, "14-15 अप्रैल की रात ग़ाज़ीपुर जनपद के कटरिया गांव से एक बालिका गायब हो गई थी. सुबह लगभग 5:30 बजे के आसपास तीन किलोमीटर दूर गंगा के पुल के पास नदी में उसका शव मिला."

    उन्होंने बताया कि परिजनों की ओर से दी गई सूचना के आधार पर एफ़आईआर दर्ज कर ली गई है और मुख्य अभियुक्त को पुलिस ने गिरफ़्तार कर लिया है.

    एडीजी पीयूष मोर्डिया ने यह भी बताया कि इस मामले में आगे की जांच जारी है.

    उन्होंने कहा कि पुलिस अधिकारियों ने लड़की के परिजनों से मुलाक़ात की है और उनके पिता से इस पूरी घटना पर बात की है. इसी के आधार पर पुलिस कार्रवाई की गई है.

    उन्होंने सभी से शांति बनाए रखने का अनुरोध किया.

  13. नमस्कार!

    अब तक बीबीसी संवाददाता सुमंत सिंह आप तक ख़बरें पहुंचा रहे थे. अब से रात 10 बजे तक बीबीसी संवाददाता चंदन कुमार जजवाड़े आप तक अहम ख़बरें पहुंचाएंगे.

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  14. राहुल गांधी ने 'कांग्रेस कार्यकर्ता की हत्या' पर टीएमसी को क्यों घेरा?

    राहुल गाँधी

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    इमेज कैप्शन, राहुल गांधी ने इस घटना के दोषियों की तत्काल गिरफ़्तारी और कड़ी से कड़ी सज़ा की मांग की

    लोकसभा में विपक्ष के नेता राहुल गांधी ने पश्चिम बंगाल की ममता सरकार पर निशाना साधा है.

    कांग्रेस नेता का यह बयान पश्चिम बंगाल में 'कांग्रेस कार्यकर्ता देबदीप चटर्जी की हत्या' के बाद आया है.

    कांग्रेस का आरोप है कि देबदीप चटर्जी की 'तृणमूल कांग्रेस (टीएमसी) से जुड़े लोगों ने की है'. हालांकि, इस मामले में अब तक टीएमसी या राज्य सरकार की ओर से कोई प्रतिक्रिया नहीं आई है.

    राहुल गांधी ने रविवार को इस घटना पर संवेदना जाहिर करते हुए एक्स पर लिखा, "कांग्रेस के कार्यकर्ता देबदीप चटर्जी की चुनाव बाद टीएमसी से जुड़े गुंडों द्वारा की गई हत्या बेहद निंदनीय है."

    इसके साथ ही राहुल गांधी ने इस घटना के दोषियों की तत्काल गिरफ़्तारी और कड़ी से कड़ी सज़ा की मांग की है. उन्होंने देबदीप के परिवार के लिए सुरक्षा और मुआवज़े की भी मांग की.

    ममता बनर्जी

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    इमेज कैप्शन, टीएमसी ने इस मामले में अब तक प्रतिक्रिया नहीं दी है (फ़ाइल फ़ोटो)

    क्या है मामला?

    'द टेलीग्राफ़' अख़बार के मुताबिक़, पश्चिम बंगाल के आसनसोल में कांग्रेस समर्थक देबदीप चटर्जी की शनिवार को हत्या कर दी गई.

    अख़बार के मुताबिक़, देबदीप की हत्या उनकी पत्नी और 10 साल के बेटे के सामने हुई.

    टेलीग्राफ़ ने देबदीप की पत्नी के हवाले से बताया है कि देबदीप की हत्या एक झगड़े के बाद हुई. यह झगड़ा उनके घर के नज़दीक एक सड़क किनारे खड़ी बाइक से उनकी कार के टकराने के बाद हुआ.

    देबदीप की पत्नी का कहना है कि झगड़े के दौरान उनके सिर पर चोट आई और अस्पताल ले जाने पर उन्हें मृत घोषित कर दिया गया.

    अख़बार के मुताबिक़, पुलिस ने शुरुआती जानकारी के आधार पर इस मामले की जांच शुरू कर दी है.

    स्थानीय कांग्रेस नेताओं ने आरोप लगाया है कि जिन लोगों ने देबदीप के साथ मारपीट की वे टीएमसी से जुड़े हुए हैं.

    पश्चिम बंगाल कांग्रेस ने शनिवार को एक्स पर लिखा, "पश्चिम बंगाल प्रदेश कांग्रेस कमेटी आसनसोल में कांग्रेस समर्थक देबदीप चटर्जी की नृशंस हत्या की कड़ी निंदा करती है. मतदान के बाद के दौर में हुई इस चौंकाने वाली हिंसक घटना में वह आसनसोल नॉर्थ से कांग्रेस प्रत्याशी प्रसेनजीत पुइतांडी के साथ क़रीबी तौर पर काम कर रहे थे."

    पश्चिम बंगाल कांग्रेस ने आरोप लगाया, "देबदीप पर सत्तारूढ़ टीएमसी से जुड़े लोगों ने हमला किया और बेरहमी से पीटा. इसके कुछ ही देर बाद उन्होंने चोट लगने के कारण दम तोड़ दिया."

  15. व्हाइट हाउस के पत्रकारों का डिनर कार्यक्रम क्या है और यह क्यों आयोजित होता है?, बर्न्ड डिबुसमैन जूनियर, व्हाइट हाउस संवाददाता

    व्हाइट हाउस के पत्रकारों का डिनर कार्यक्रम

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    इमेज कैप्शन, व्हाइट हाउस के पत्रकारों के साथ अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के डिनर के दौरान गोलीबारी हुई

    बीते कुछ सालों से व्हाइट हाउस के पत्रकारों का डिनर एक ऐसा कार्यक्रम बन गया है, जहां 'मौजूद होना और दिखना' अहम माना जाता है. इसमें सरकार के शीर्ष अधिकारी और चर्चित हस्तियां शामिल होती हैं.

    डिनर वाला यह पूरा हफ़्ता वॉशिंगटन में हलचल भरा होता है. दूतावास, संस्थाएं और मीडिया संस्थान कई कार्यक्रमों और पार्टियों का आयोजन करते हैं.

    लेकिन इसकी असली मंशा पत्रकारिता से जुड़े देशभर के होनहार युवा छात्रों के लिए पैसे जुटाना है. इन्हें व्हाइट हाउस कॉरेस्पॉन्डेंट्स एसोसिएशन की तरफ़ से आर्थिक मदद दी जाती है.

    हर छात्र को एक मेंटर दिया जाता है, जो एसोसिएशन का सदस्य होता है और व्हाइट हाउस को कवर करने वाला सक्रिय पत्रकार होता है. सभी छात्रों को डिनर में आने का निमंत्रण भी मिलता है.

    इस साल दूसरी बार मैं भी एक छात्रा का मेंटर था. वह होनहार और खुशमिज़ाज युवा महिला हैं.

    उन्होंने मुझे बताया कि वह और दूसरे स्टूडेंट घबराए हुए थे, लेकिन सुरक्षित थे.

    उन्होंने कभी नहीं सोचा था कि यह डिनर गोलीबारी की घटना के बीच इतनी अचानक ख़त्म हो जाएगा.

  16. संदिग्ध हमलावर ट्रंप प्रशासन से जुड़े अधिकारियों को निशाना बनाना चाहता था - सीबीएस

    पुलिस कैलिफ़ोर्निया में तलाशी अभियान चला रही है

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    इमेज कैप्शन, एफ़बीआई और पुलिस कैलिफ़ोर्निया में तलाशी अभियान चला रही है

    बीबीसी के अमेरिकी मीडिया पार्टनर सीबीएस न्यूज़ ने बताया है कि कथित हमलावर ने अधिकारियों से कहा है कि वह अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप से जुड़े अधिकारियों को निशाना बना रहा था.

    सीबीएस ने नाम न ज़ाहिर करते हुए दो सूत्रों के हवाले से यह भी कहा है कि घटना के दौरान कम से कम पांच से आठ गोलियां चलाई गईं.

    इस बीच एफ़बीआई और पुलिस कैलिफ़ोर्निया स्थित उस घर की तलाशी में जुटे हैं, जिसके संदिग्ध हमलावर से जुड़े होने की आशंका है.

    इस तलाशी अभियान की कुछ तस्वीरें भी सामने आई हैं, जिनमें कैलिफ़ोर्निया के टॉरेंस इलाक़े में भारी पुलिस मौजूदगी दिखाई दे रही है.

  17. नेतन्याहू ने इसराइली सेना को हिज़्बुल्लाह के ठिकानों पर 'ज़ोरदार हमले' का आदेश दिया, क्रिस ग्राहम

    लेबनान में इसराइली हमला

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    इमेज कैप्शन, शनिवार को दक्षिणी लेबनान में हुए हमलों में कम से कम छह लोगों की मौत हुई थी

    इसराइल के प्रधानमंत्री बिन्यामिन नेतन्याहू ने अपनी सेना को लेबनान में "हिज़्बुल्लाह के ठिकानों पर ज़ोरदार हमला" करने का आदेश दिया है. यह फ़ैसला युद्धविराम को तीन हफ़्ते बढ़ाए जाने के दो दिन बाद आया है.

    इस निर्देश के बाद इसराइली सेना ने नए हमले किए. इससे पहले शनिवार को दक्षिणी लेबनान में हुए हमलों में कम से कम छह लोगों की मौत हुई थी.

    दोनों पक्षों के बीच सीमा पार ताज़ा हमलों ने युद्धविराम समझौते पर दबाव बढ़ा दिया है. इससे साफ़ है कि यह युद्धविराम अब भी काफ़ी नाज़ुक स्थिति में है.

    यह समझौता पूरी तरह हमले रुकने के बजाय हिंसा में कमी तक सीमित रहा है. वॉशिंगटन में दोनों देशों के प्रतिनिधियों के बीच बातचीत के बाद गुरुवार को इसे बढ़ाया गया था.

    शनिवार को इससे पहले नबातियेह ज़िले के योहमोर अल-शक़ीफ़ कस्बे में एक ट्रक और मोटरसाइकिल पर इसराइली हमलों में चार लोगों की मौत हुई. एएफ़पी के मुताबिक़ यह जानकारी लेबनान के स्वास्थ्य मंत्रालय ने दी.

    मंत्रालय ने कहा कि बिंत जुबैल ज़िले के सफ़द अल-बत्तीख़ कस्बे पर हुए एक अन्य हमले में दो लोगों की मौत हुई और 17 लोग घायल हुए.

    इसराइल डिफेंस फ़ोर्सेज़ (आईडीएफ़) ने कहा कि उसने शनिवार को हिज़्बुल्लाह के तीन सदस्यों को "मार गिराया", जो "हथियारों से भरे एक वाहन" में सवार थे. इसके अलावा मोटरसाइकिल पर सवार एक अन्य सदस्य को भी मार गिराया गया.

  18. पाकिस्तानी पीएम शहबाज़ शरीफ़ ने ट्रंप की डिनर पार्टी के दौरान गोलीबारी की घटना पर क्या कहा

    डोनाल्ड ट्रंप और शहबाज़ शरीफ़

    इमेज स्रोत, Suzanne Plunkett / POOL / AFP) (Photo by SUZANNE PLUNKETT/POOL/AFP via Getty Images

    इमेज कैप्शन, शहबाज़ शरीफ़ ने कहा कि उन्हें इस घटना से 'गहरा सदमा' पहुंचा है (13 अक्तूबर 2025 की तस्वीर)

    पाकिस्तानी प्रधानमंत्री शहबाज़ शरीफ़ ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की डिनर पार्टी के दौरान हुई गोलीबारी की घटना पर प्रतिक्रिया दी है.

    उन्होंने एक्स पर लिखा, "वॉशिंगटन डीसी में व्हाइट हाउस कॉरेस्पॉन्डेंट्स एसोसिएशन के डिनर के दौरान हुई परेशान करने वाली गोलीबारी की घटना से गहरा सदमा पहुंचा है."

    शहबाज़ शरीफ़ ने कहा, "यह जानकर राहत मिली कि राष्ट्रपति ट्रंप, फ़र्स्ट लेडी और अन्य मौजूद लोग सुरक्षित हैं... मैं उनके लगातार सुरक्षित और स्वस्थ रहने की कामना करता हूं."

    यह घटना वॉशिंगटन हिल्टन होटल में उस वक्त हुई, जब ट्रंप व्हाइट हाउस के पत्रकारों के साथ एक डिनर पार्टी में शामिल हुए.

    इस घटना के संदिग्ध को पकड़ लिया गया है.

  19. अमेरिका के जिस होटल में ट्रंप की डिनर पार्टी में फ़ायरिंग हुई, वहां पूर्व राष्ट्रपति रीगन पर भी हुआ था जानलेवा हमला

    1981 में वॉशिंगटन हिल्टन में हुई गोलीबारी

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    इमेज कैप्शन, 1981 में हुए इस हमले में राष्ट्रपति के अलावा तीन लोग घायल हुए थे

    अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप व्हाइट हाउस के पत्रकारों के साथ वॉशिंगटन हिल्टन होटल में एक डिनर पार्टी में शामिल हुए थे. इस दौरान फ़ायरिंग की घटना हुई.

    यह घटना अमेरिकी समयानुसार शनिवार शाम की है.

    कनेक्टिकट एवेन्यू स्थित वॉशिंगटन हिल्टन वही होटल है जहां 1981 में तत्कालीन राष्ट्रपति रोनाल्ड रीगन पर गोली चलाई गई थी और वे घायल हुए थे.

    यह हमला 30 मार्च 1981 को हुआ था. इस हमले के दोषी जॉन हिंकली जूनियर ने उस वक्त गोली चलाई थी, जब रीगन होटल के भीतर एक कार्यक्रम में भाषण के बाद अपनी लिमोज़ीन की तरफ़ लौट रहे थे.

    रीगन इस हमले में बच गए थे, लेकिन गंभीर रूप से घायल हुए थे.

    एक गोली राष्ट्रपति की लिमोज़ीन से टकराई और उनके धड़ में लगी, जिससे उनकी एक पसली टूट गई और फेफड़े में छेद हो गया. उन्हें तुरंत पास के जॉर्ज वॉशिंगटन यूनिवर्सिटी अस्पताल ले जाया गया था और बाद में 11 अप्रैल को डिस्चार्ज कर दिया गया था.

    उस समय व्हाइट हाउस के प्रेस सचिव जेम्स ब्रैडी भी इसी घटना में घायल हुए थे. इसके अलावा एक सीक्रेट सर्विस एजेंट और स्थानीय मेट्रोपॉलिटन पुलिस विभाग के एक अधिकारी भी घायल हुए थे.

    इस हमले में ब्रैडी के मस्तिष्क को नुक़सान पहुंचा था और वह आजीवन विकलांग रहे. उनकी चोटों का असर जीवनभर बना रहा और 2014 में उनकी मौत में भी इसका योगदान माना गया.

    इस हमले के अगले साल हिंकली को मानसिक अस्थिरता के आधार पर दोषी नहीं ठहराया गया, लेकिन उन्हें वॉशिंगटन के सेंट एलिज़ाबेथ अस्पताल के हाई-सिक्योरिटी हिस्से में रखा गया. वहां से 2016 में उन्हें रिहा किया गया.

    होटल की दीवार पर आज भी उस गोलीबारी की जगह को चिन्हित करती एक पट्टिका लगी हुई है.

  20. प्रधानमंत्री मोदी ने डोनाल्ड ट्रंप की डिनर पार्टी के दौरान फ़ायरिंग की घटना पर क्या कहा

    डोनाल्ड ट्रंप और नरेंद्र मोदी

    इमेज स्रोत, Andrew Harnik/Getty Images

    इमेज कैप्शन, प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की डिनर पार्टी में फ़ायरिंग की निंदा की है. ये तस्वीर 13 फ़रवरी 2025 की है जब पीएम नरेंद्र मोदी ने अमेरिका का दौरा किया था.

    प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की डिनर पार्टी के दौरान फ़ायरिंग की घटना की निंदा की है.

    उन्होंने कहा कि इस घटना की 'साफ़ तौर पर निंदा' की जानी चाहिए.

    इसके साथ ही उन्होंने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप, अमेरिका की फ़र्स्ट लेडी मेलानिया ट्रंप और अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस के सकुशल होने पर राहत जताई है.

    प्रधानमंत्री मोदी ने एक्स पर लिखा, "वॉशिंगटन डीसी के एक होटल में हालिया घटना के बाद यह जानकर राहत मिली कि राष्ट्रपति ट्रंप, फ़र्स्ट लेडी और उपराष्ट्रपति सुरक्षित हैं और उन्हें कोई नुक़सान नहीं पहुंचा है."

    उन्होंने कहा, "मैं उनकी लगातार सुरक्षा और कुशल मंगल की कामना करता हूं. लोकतंत्र में हिंसा की कोई जगह नहीं है और इसकी स्पष्ट तौर पर निंदा की जानी चाहिए."

    राष्ट्रपति ट्रंप शनिवार शाम व्हाइट हाउस के पत्रकारों के साथ वॉशिंगटन हिल्टन होटल में आयोजित डिनर पार्टी में शामिल हुए थे.

    इस दौरान 7-8 बार फ़ायरिंग की आवाज़ें सुनी गईं, जिसके बाद ट्रंप और उनकी पत्नी मेलानिया ट्रंप समेत बड़ी हस्तियों को सीक्रेट सर्विस के एजेंटों ने सुरक्षित बाहर निकाला.