टी20 वर्ल्ड कप: भारत की धीमी शुरूआत, कोहली फिर जल्दी पवेलियन लौटे
सेमीफ़ाइनल में भारतीय क्रिकेटर विरोट कोहली एक बार फिर जल्दी आउट हो गए.
सारांश
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने अपने अभिभाषण में आपातकाल का ज़िक्र किया. उन्होंने इसे भारतीय गणतंत्र का 'काला अध्याय' बताया.
राष्ट्रपति के अभिभाषण में आपातकाल के ज़िक्र को लेकर विपक्ष ने कहा, मौजूदा मुद्दों पर होनी चाहिए थी बात.
भारत-इंग्लैंड के बीच दूसरे सेमीफ़ाइनल में इंग्लैंड ने टॉस जीत पहले गेंदबाज़ी का फ़ैसला किया. विरोट कोहली की शक्ल में भारत का पहला विकेट गिरा.
नीट-यूजी मामले में सीबीआई ने की पहली गिरफ्तारी. पटना से दो लोगों को गिरफ़्तार कर विशेष अदालत में पेश किया.
कीनिया में एक बार फिर सड़कों पर उतरे प्रदर्शनकारी. दो दिन पहले हुए हिंसक प्रदर्शनों के बाद राष्ट्रपति ने वापस लिया था विवादित वित्त बिल.
लाइव कवरेज
मुकुन्द झा
टी20 वर्ल्ड कप: भारत की धीमी शुरूआत, कोहली फिर जल्दी पवेलियन लौटे
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टी20 वर्ल्ड कप 2024 में इंडिया-इंग्लैंड के बीच खेले जा रहे सेमीफ़ाइनल में भारतीय क्रिकेटर विरोट कोहली एक बार फिर जल्दी आउट हो गए.
टी20 वर्ल्ड कप के दूसरे सेमीफ़ाइनल मैच में विराट कोहली इंग्लैंड के ख़िलाफ़ महज़ 9 गेंदों पर 9 रन ही बना पाए.
कोहली तीसरे ओवर के चौथे गेंद पर आउट होकर पवेलियन लौट गए.
टी20 वर्ल्ड कप में विराट का प्रदर्शन अच्छा नहीं रहा. सुपर 8 में विराट कोहली ऑस्ट्रेलिया के ख़िलाफ़ ज़ीरो पर आउट हो गए थे. उन्होंने सुपर 8 में बांग्लादेश के ख़िलाफ़ 37 रनों की पारी और अफ़गानिस्तान के ख़िलाफ़ 24 रन बनाए थे.
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ग्रुप मैच में कोहली अमेरिका के ख़िलाफ़ जीरो, पाकिस्तान के ख़िलाफ़ चार और आयरलैंड के ख़िलाफ़ मात्र एक रन बनाकर आउट हो गए थे. यह टूर्नामेंट विराट के अच्छा नहीं रहा.
हालांकि इससे पहले विराट ने इंडियन प्रिमीयर लीग (आईपीएल) में अच्छा प्रदर्शन किया था. उन्होंने आईपीएल में सबसे ज़्यादा 741 रन बनाए थे. इसके लिए उन्हें ऑरेंज कैप भी दिया गया था.
एलन मस्क की कंपनी और नासा के बीच 84.3 करोड़ डॉलर का सौदा
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इमेज कैप्शन, टेस्ला और स्पेसएक्स के मालिक एलन मस्क
अमेरिकी स्पेस एजेंसी नासा और एलन मस्क की कंपनी स्पेसएक्स के बीच 84.3 अरब डॉलर का समझौता हुआ है.
इस समझौते के अनुसार 2030 में अंतरराष्ट्रीय स्पेस स्टेशन (आईएसएस) की मियाद पूरी होने के बाद उसे वापस धरती पर लाने में स्पेसएक्स की अहम भूमिका होगी.
समझौते के तहत लगभग 430 टन के आईएसएस को धरती पर वापिस लाने के लिए स्पेस एक्स डीऑर्बिट व्हीकल नाम का अंतरिक्षयान बनाएगा.
साल 2030 में आईएसएस की मियाद पूरी हो जाएगी. इसे बनाने के लिए 1980 के दशक में अंतरिक्ष में इसके हिस्सों को एक-एक कर भेजा गया था.
नासा का कहना है कि अपना कार्यकाल पूरा करने के बाद आईएसएस अंतरिक्ष में तैरकर स्पेस कचरे का हिस्सा बन जाएगा, और ये वापिस धरती पर गिर सकता है. अगर इसके गिरने को नियंत्रित न किया गया तो इससे आबादी के लिए जोखिम पैदा हो सकता है.
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इमेज कैप्शन, अंतरराष्ट्रीय स्पेस स्टेशन
1998 से पांच स्पेस एजेंसियां- अमेरिकी स्पेस एजेंसी नासा, कनाडाई स्पेस एजेंसी सीएसए, यूरोपीय स्पेस एजेंसी ईएसए, जापान की स्पेस एजेंसी जाक्शा और रूसी स्पेस एजेंसी रॉसकॉसमॉस अंतरराष्ट्रीय स्पेस स्टेशन के रखरखाव और ज़रूरतों का काम करती रही हैं.
नासा का कहना है कि आईएसएस को सुरक्षित तरीके से डीऑर्बिट करना और वापिस लाना पाचों एजेंसियों की ज़िम्मेदारी है.
ये स्टेशन धरती से 400 किलोमीटर ऊपर अंतरिक्ष में मौजूद है और और हर 90 मिनट पर धरती का एक चक्कर लगाता है.
राष्ट्रपति के अभिभाषण पर कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने क्या कहा
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कांग्रेस अध्यक्ष मल्लिकार्जुन खड़गे ने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के अभिभाषण को लेकर प्रतिक्रिया दी है.
उन्होंने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा, "मोदी सरकार द्वारा लिखित राष्ट्रपति के अभिभाषण सुनकर ऐसा लगा जैसे मोदी जी जनादेश को नकारने की हरसंभव कोशिश कर रहे हैं."
"जनादेश उनके ख़िलाफ़ था, क्योंकि देश की जनता ने 400 पार के उनके नारे को ठुकराया और भाजपा को 272 के आंकड़े से दूर रखा."
उन्होंने लिखा, "प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी इसे स्वीकार करने को तैयार नहीं हैं. वो ऐसा बर्ताव कर रहे हैं जैसे कुछ बदला ही नहीं, बल्कि सच्चाई है कि देश की जनता ने बदलाव मांगा था."
उन्होंने लिखा कि संसद के सत्र को दौरान वो राज्यसभा में अपने भाषण में इस पर विस्तृत प्रतिक्रिया देंगे.
उन्होंने लिखा कि राष्ट्रपति के पूरे भाषण में देश के सामने पांच मुख्य मुद्दों का ज़िक्र नहीं था.
उन्होंने लिखा कि महंगाई, मणिपुर में हुई हिंसा, रेल दुर्घटना, जम्मू कश्मीर में आतंकवादी हमले और दलितों, आदिवासियों और अल्पसंख्यकों पर बीजेपी शासित राज्यों में बढ़ते अत्याचार का एक बार भी ज़िक्र नहीं है.
गुरुवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने अपनी भाषण में आपातकाल का ज़िक्र किया था.
कांग्रेस ने इस पर भी आपत्ति जताई है.
टी20 वर्ल्ड कप: इंग्लैंड ने टॉस जीता, पहले गेंदबाज़ी का फ़ैसला
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इमेज कैप्शन, टॉस करते भारतीय कप्तान रोहित शर्मा
इंग्लैंड के कप्तान जोश बटलर ने टी20 वर्ल्ड कप के दूसरे सेमीफ़ाइनल मैच में टॉस जीतकर पहले गेंदबाज़ी करने का फ़ैसला किया है.
इससे पहले बारिश के चलते टॉस होने में देरी हुई.
इंडियन समयानुसार टॉस साढ़े सात बजे होना था, लेकिन बारिश के कारण आठ बजकर 50 मिनट पर टॉस हुआ.
गुरुवार को इंडिया और इंग्लैंड के बीच गुयाना के प्रोविडेंस स्टेडियम में टी20 वर्ल्ड कप का दूसरा सेमीफ़ाइनल मैच खेला जा रहा है.
साऊथ अफ्रीका की टीम पहले ही अफ़ग़ानिस्तान को हराकर फ़ाइनल में पहुंच चुकी है.
दक्षिण अफ़्रीका ने अफ़ग़ानिस्तान की पारी को 56 रनों पर ही रोक दिया था. इसके बाद 57 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी दक्षिण अफ़्रीका ने 8.5 ओवरों में ही मैच जीत लिया.
टी20 वर्ल्ड कप: इंडिया-इंग्लैंड मैच में बारिश की वजह से हो रही देरी
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इमेज कैप्शन, प्रोविडेंस स्टेडियम में रोहित शर्मा और जसुप्रीत बुमराह
गुयाना में बारिश होने की वजह से टी20 वर्ल्ड कप सेमीफ़ाइनल के दूसरे मैच के टॉस में देरी हो रही है.
फिलहाल बारिश रुकी हुई है लेकिन मैदान गीला होने के कारण अब तक टॉस नहीं हो पाया है.
आईसीसी ने कहा है कि मैदान का इंस्पेक्शन का इंतज़ार हो रहा है.
गुरुवार को इंडिया और इंग्लैंड के बीच गुयाना के प्रोविडेंस स्टेडियम में टी20 वर्ल्ड कप का दूसरा सेमीफ़ाइनल मैच होने वाला है.
साऊथ अफ्रीका की टीम पहले ही अफ़ग़ानिस्तान को हराकर फ़ाइनल में पहुंच चुकी है.
दक्षिण अफ़्रीका ने अफ़ग़ानिस्तान की पारी को 56 रनों पर ही रोक दिया था. इसके बाद 57 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी दक्षिण अफ़्रीका ने 8.5 ओवरों में ही मैच जीत लिया.
नीट-यूजी केस में सीबीआई ने पटना से दो अभियुक्तों को गिरफ़्तार किया
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सीबीआई ने गुरुवार को नीट-यूजी केस में पटना से दो लोगों को गिरफ़्तार किया.
इस केस में सीबीआई की यह पहली गिरफ़्तारी है.
समाचार एजेंसी एएनआईकी रिपोर्ट के अनुसार, सीबीआई की टीम अभियुक्तों को लेकर पटना स्थित दफ़्तर पहुंची. सीबीआई की विशेष अदालत ने दोनों अभियुक्तों को रिमांड पर भेज दिया है.
समाचार एजेंसी पीटीआई के मुताबिक, अधिकारियों ने बताया कि मनीष कुमार और आशुतोष कुमार ने कथित तौर पर मेडिकल प्रवेश परीक्षा के अभ्यर्थियों को परीक्षा के पहले सुरक्षित आवास उपलब्ध कराया था. यहां अभ्यर्थियों को लीक प्रश्न पत्र और उत्तर पुस्तिका दी गई थी.
नीट-यूजी परिक्षा में कथित धांधली के आरोपों के बाद शिक्षा मंत्रालय ने 22 जून को इसकी जांच सीबीआई को सौंपी थी.
टी20 वर्ल्ड कप से बाहर होने पर अफ़ग़ानिस्तान के कप्तान राशिद ख़ान ने क्या कहा
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टी20 क्रिकेट वर्ल्ड कप के पहले सेमीफ़ाइनल मैच में दक्षिण अफ्रीका ने अफ़ग़ानिस्तान को 9 विकेट से हरा दिया.
मैच हारने के साथ ही अफ़ग़ानिस्तान टीम टी20 क्रिकेट वर्ल्ड कप से बाहर हो गई.
मैच हारने के बाद अफ़ग़ानिस्तान के कप्तान राशिद ख़ान ने सोशल प्लेटफ़ॉर्म एक्स पर पोस्ट कर अपनी टीम की तारीफ की.
राशिद ख़ान ने लिखा, "हम लोग हमेशा इस टी20 वर्ल्ड कप को याद रखेंगे. इस टीम के हर एक खिलाड़ी ने जो संघर्ष किया वह सराहनीय है और मुझे सभी खिलाड़ियों पर गर्व है."
उन्होंने लिखा, "हम यहां से आगे बढ़ना जारी रखेंगे. आगे से और अधिक ताक़त के साथ वापसी करेंगे. हम पर विश्वास करने और मदद करने के लिए सभी को धन्यवाद."
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टी20 वर्ल्ड कप के पहले सेमीफ़ाइनल मैच में दक्षिण अफ़्रीका ने अफ़ग़ानिस्तान की पारी को 56 रनों पर ही रोक दिया था. इसके बाद 57 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी दक्षिण अफ़्रीका ने 8.5 ओवरों में ही मैच जीत लिया.
पहले टॉस जीतकर अफ़ग़ानिस्तान ने बल्लेबाज़ी का फ़ैसला किया था. पहले बल्लेबाज़ी करने उतरी अफ़ग़ानिस्तान की टीम 11.5 ओवरों में 56 रन बनाकर ऑल आउट हो गई.
अफ़ग़ानिस्तान की तरफ़ से सिर्फ़ अज़मतुल्लाह ओमरज़ई ही 10 रन बना सके. बाकी कोई भी खिलाड़ी दहाई का आंकड़ा भी नहीं छू सका.
57 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी दक्षिण अफ़्रीका ने 8.5 ओवरों में ही मैच जीत लिया.
टी-20 क्रिकेट वर्ल्डकप 2024 में रोहित और बटलर: एक बराबर
स्पीकर और राष्ट्रपति ने किया आपातकाल का ज़िक्र, कांग्रेस ने जताई आपत्ति
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कांग्रेस ने लोकसभा स्पीकर ओम बिरला के बयान पर आपत्ति जताई है.
कांग्रेस के महासचिव केसी वेणुगोपाल ने स्पीकर को पत्र लिखकर आपत्ति जताई.
उन्होंने पत्र में लिखा, "मैं इस पत्र को संसद की विश्वसनीयता पर प्रभाव डालने वाले एक बहुत ही गंभीर विषय के संदर्भ में लिख रहा हूं. कल यानी 26 जून को स्पीकर चुने जाने के बाद लोग आपको बधाई दे रहे थे. सदन में सौहार्द का माहौल था.''
''स्पीकर की कुर्सी से आपने अपने भाषण में 49 साल पहले लागू हुए आपातकाल का ज़िक्र किया जो काफी चौंकाने वाला था. इस तरह की राजनीतिक बयानबाजी संसद के इतिहास में चेयर से कभी नहीं की गई.''
वेणुगोपाल बोले- स्पीकर बनने के बाद अध्यक्ष ने जो ये पहला काम किया है, बहुत गंभीर है.
उन्होंने लिखा, ''मैं राष्ट्रीय इंडियन कांग्रेस की ओर से संसद की परंपराओं का मजाक बनाने पर गहरी निंदा और दुख प्रकट करता हूं.''
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स्पीकर बनने के बाद ओम बिरला ने सदन में कहा था, "भारत के इतिहास में 25 जून 1975 के उस दिन को हमेशा काले अध्याय के रूप में जाना जाएगा. इस दिन तत्कालीन प्रधानमंत्री इंदिरा गांधी ने देश में इमरजेंसी लगाई. बाबा साहेब आंबेडकर द्वारा निर्मित संविधान पर प्रचंड प्रहार किया था. भारत की पहचान पूरी दुनिया में लोकतंत्र की जननी के तौर पर है. भारत में हमेशा लोकतांत्रिक मूल्यों और वाद-संवाद का समर्थन हुआ. उन्हें हमेशा प्रोत्साहित किया गया है."
गुरुवार को राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने भी अपनी भाषण में आपातकाल का ज़िक्र किया.
कांग्रेस ने इसपर भी आपत्ति जताई है.
पाकिस्तान: इमरान ख़ान और बुशरा बीबी को कोर्ट से किस मामले में मिला झटका
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इस्लामाबाद की एक अदालत ने गुरुवार को पाकिस्तान के पूर्व पीएम इमरान ख़ान और उनकी पत्नी बुशरा बीबी की सज़ा निलंबित करने वाली याचिका को ख़ारिज किया है.
ये मामला इद्दत से जुड़ा हुआ है.
इमरान ख़ान और बुशरा बीबी ने जब निकाह किया था, तब इस्लामी रिवाज़ों के हिसाब से बुशरा बीबी ने अपने पहले पति से तलाक के बाद की ज़रूरी मियाद को पूरा नहीं किया था.
इस मामले में दोनों को तीन फरवरी को सात साल की सज़ा सुनाई गई थी.
इस्लामाबाद की अदालत से मिले झटके के बाद इमरान और बुशरा अब ऊपरी अदालत का रुख़ कर सकते हैं.
अदालत ने इस मामले में मंगलवार को फ़ैसला सुरक्षित रखा था.
भारत-इंग्लैंड सेमीफ़ाइनल मैच से पहले मौसम का क्या हाल है?
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भारत और इंग्लैंड के बीच आज गुयाना के प्रोविडेंस स्टेडियम में टी20 वर्ल्ड कप का दूसरा सेमीफ़ाइनल मैच खेला जाएगा.
भारतीय समय अनुसार मैच रात 8 बजे शुरू होगा.
बीबीसी वेदर के मुताबिक़, मैच के दौरान गुयाना में बारिश होने की संभावना है.
गुयाना के स्थानीय समय अनुसार मैच सुबह साढ़े 10 बजे शुरू होगा.
बीबीसी वेदर के अनुसार- मैच के दौरान तेज़ हवा के साथ बारिश भी हो सकती है. आसमान में बादल छाए रहेंगे. बारिश होने की संभावना लगभग 25 फ़ीसदी है.
इस मैच के लिए कोई रिज़र्व डे नहीं रखा गया है. अगर बारिश होती है तो ओवर कम कर मैच को पूरा किया जाएगा.
पहले सेमीफ़ाइनल मैच में साउथ अफ्रीका ने अफ़गानिस्तान को 9 विकेट से हराकर फ़ाइनल में जगह बना ली है.
दक्षिण अफ़्रीका ने अफ़ग़ानिस्तान की पारी को 56 रनों पर ही रोक दिया था. इसके बाद 57 रनों के लक्ष्य का पीछा करने उतरी दक्षिण अफ़्रीका ने 8.5 ओवरों में ही मैच जीत लिया.
संसद में सेंगोल की जगह संविधान रखने की मांग: कौन क्या बोला?
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समाजवादी पार्टी के सांसद आरके चौधरी ने संसद
में सेंगोल की जगह संविधान रखने की मांग की है.
इस मांग पर एनडीए से जुड़े सांसदों से लेकर
अखिलेश यादव और योगी आदित्यनाथ तक की प्रतिक्रियाएं सामने आ रही हैं.
आरके चौधरी ने समाचार एजेंसी एएनआई से कहा,
''हम अंबेडकरवादी हैं. बाबा साहेब ने संविधान
लिखा है. जब से देश में संविधान लागू हुआ है. तब से देश में लोकतंत्र है लेकिन
बीजेपी सरकार, ख़ासकर पिछली सरकार
ने मोदी जी के नेतृत्व में उस संसद भवन में स्पीकर के बैठने की जगह के बगल में
सेंगोल स्थापित कर दिया है. सेंगोल तमिल शब्द है, जिसका हिंदी में अर्थ है राजदंड. यानी राजा की छड़ी.''
वो बोले, ''कभी राजा अपने
दरबार में बैठता था तो फैसला करके डंडा पीटता था. अब इस देश में राजाओं के सरेंडर
करने के बाद देश आज़ाद हुआ है. अब देश संविधान से चलेगा. न कि राजा के डंडे से चलेगा.''
आरके चौधरी के बयान पर एनडीए से जुड़े सांसदों
की प्रतिक्रियाएं आ रही हैं.
बीजेपी सांसद रवि किशन ने कहा, ''ये जो ताकत मिले, जीत मिले, बहुत अच्छी बात है. लेकिन इन लोगों की बुद्धि ऐसी
हो गई है कि ये प्रभुराम को ही रिप्लेस कर रहे थे. उस दिन तो इन्होंने अपने सांसद
की ही तुलना प्रभुराम से कर दी थी तो पूरी मति भ्रष्ट हो रही है. बोलते हैं न कि
शुरू नहीं हुए और ख़त्म होने की तैयारी हो गई.''
यूपी सीएम योगी आदित्यनाथ ने भी ट्वीट कर कहा, ''भारत के इतिहास और
संस्कृति का समाजवादी पार्टी सम्मान नहीं करती है. सपा के शीर्ष नेताओं का सेंगोल
को लेकर दिया बयान निंदनीय है. ये तमिल संस्कृति के लिए इंडिया गठबंधन की नफरत को भी दिखाता है. सेंगोल
भारत का गर्व है.''
इस बारे में अखिलेश यादव से भी सवाल किया गया.
अखिलेश ने कहा, ''मुझे लगता है कि हमारे सांसद इसलिए कह रहे होंगे कि जब पहली
बार लगा था तो पीएम जी ने प्रणाम किया था. इस बार शपथ लेते हुए वो भूल गए. इसलिए
उन्होंने ये मांग की है. जब प्रधानमंत्री भी प्रणाम करना भूल गए तो उनकी भी यही
इच्छा रही होगी.''
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सेंगोल कब हुआ था स्थापित
मई 2023 में पीएम मोदी ने संसद के नए परिसर में सेंगोल को स्थापित किया था.
पीएम मोदी ने तब तमिलनाडु के अधीनम मठ से सेंगोल स्वीकार किया था और इसे लोकसभा अध्यक्ष के आसन के पास स्थापित किया था.
तब अमित शाह ने दावा किया था कि देश के पहले प्रधानमंत्री पंडित जवाहरलाल नेहरू ने 14 अगस्त, 1947 को तमिल पुजारियों के हाथों सेंगोल स्वीकार किया था.
अमित शाह ने कहा था कि नेहरू ने इसे अंग्रेज़ों से भारत को सत्ता हस्तांतरण के प्रतीक के तौर पर स्वीकार किया था.
जानकारों का कहना था कि नेहरू ने इसे सत्ता हस्तांतरण के प्रतीक के तौर पर स्वीकार किया होगा, इसकी संभावना ना के बराबर है.
संजय सिंह बोले- जब केजरीवाल के छूटने की संभावना थी, तब गिरफ़्तार कर लिया गया
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इमेज कैप्शन, संसद परिसर में विरोध करते हुए आम आदमी पार्टी के सांसद
संसद परिसर में गुरुवार को आम आदमी पार्टी के सांसदों ने प्लेकार्ड लेकर प्रदर्शन किया.
'आप' सांसदों ने सीबीआई की ओर से दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल को गिरफ़्तार किए जाने के खिलाफ़ प्रदर्शन किया.
आम आदमी पार्टी के सीनियर नेता और राज्यसभा सांसद संजय सिंह ने कहा, ''दिल्ली के लोकप्रिय मुख्यमंत्री जो तीन बार से प्रचंड बहुमत से जीतकर आए हैं उनको गिरफ़्तार करके जेल में डाल दिया गया है. वो भी किस दिन जेल में डाला गया? जब सुप्रीम कोर्ट से उनकी ज़मानत पर मुहर लगने वाली थी, जब सुप्रीम कोर्ट से उनके छूटने की पूरी संभावना थी. उस वक्त केजरीवाल जी को सीबीआई ने गिरफ़्तार कर लिया.''
संजय सिंह बोले, ''मैं समझता हूं कि ये तानाशाही का बहुत बड़ा उदाहरण है और प्रधानमंत्री को जांच एजेंसियों के दुरुपयोग पर बोलना चाहिए. इसको रोकना चाहिए. अरविंद केजरीवाल को जल्द रिहा करना चाहिए. इस मांग को लेकर हम इस जगह पर इकट्ठा हुए हैं और प्रोटेस्ट कर रहे हैं.''
संजय सिंह ने कहा, ''राष्ट्रपति जी का हम पूरा सम्मान करते हैं लेकिन राष्ट्रपति का जो भाषण होता है वो सरकार का लिखा भाषण होता है. उस सरकारी भाषण में वो लोकतंत्र और संविधान को लेकर बड़ी-बड़ी बातें कहेंगे. लेकिन जो सच्चाई है कि पूरे देश में भारत के संविधान और लोकतंत्र को कुचला जा रहा है. ''
संजय सिंह ने केंद्र सरकार पर कई राज्यों में जांच एजेंसियों के दुरुपयोग का आरोप लगाया.
केजरीवाल की गिरफ़्तारी दिल्ली के कथित शराब घोटाले मामले में हुई है.
अर्थव्यवस्था पर एनडीए सरकार के दावों पर अखिलेश यादव ने उठाए ये सवाल
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राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू के अभिभाषण में भारत की अर्थव्यवस्था को तीसरे नंबर की अर्थव्यवस्था बनाने की बात कही गई.
पीएम नरेंद्र मोदी की सरकार भारत को तीसरी अर्थव्यवस्था बनाने की उम्मीद जताती रही है.
राष्ट्रपति के अभिभाषण में भी यही बात फिर सुनाई दी. इस बारे में मीडिया ने अखिलेश यादव से भी सवाल किया.
अखिलेश यादव ने कहा, ''सरकार का भाषण था. जब सरकार ये दावा करती है कि तीसरे नंबर की अर्थव्यस्था बन जाएगी तो किसान क्यों दुखी है, किसान क्यों संकट में है.''
वो बोले, ''जो दुनिया की पांचवीं अर्थव्यवस्था बनने की जो कहानी बताई जा रही है, क्या हमारा किसान भी उसी तरह से खुशहाल हो गया है. अगर हम पांचवें नंबर की अर्थव्यवस्था हैं तो इतने बड़े पैमाने पर नौजवान बेरोज़गार क्यों हैं. उनके हाथ में नौकरी क्यों नहीं है. फिर अग्निवीर जैसी व्यवस्था आधी अधूरी क्यों लागू करनी पड़ रही है.''
अखिलेश यादव सवाल उठाते हैं, ''महंगाई क्यों है इतनी. जिस तरह निवेश को लेकर बड़े सपने दिखाए, निवेश है कहां. कुछ लोगों की ग्रोथ से देश की ग्रोथ नहीं हो सकती. कुछ लोगों की ग्रोथ से हम पांचवें नंबर की अर्थव्यवस्था बन सकते हैं. मगर 10 साल में जिनका सबसे ज़्यादा उत्पीड़न हुआ, उसके लिए क्या है सरकार का.''
राष्ट्रपति के अभिभाषण में पेपर लीक की घटनाओं पर क्या कहा गया?
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देश की संसद में राष्ट्रपति के अभिभाषण में
पेपर लीक की घटनाओं का भी ज़िक्र सुनाई दिया.
संसद के दोनों सदनों को संबोधित करते हुए
राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने कहा, ''सरकार का निरंतर प्रयास है कि देश के युवाओं को
अपनी प्रतिभा दिखाने का उचित अवसर मिले. सरकारी भर्ती हो या परीक्षाएं, किसी भी कारण से
इनमें रुकावट आए, ये उचित नहीं है.''
वो बोलीं, ''इन(परीक्षा) में शुचिता और पारदर्शिता बहुत ज़रूरी है. हाल
ही में कुछ परीक्षा में पेपर लीक की घटनाओं की निष्पक्ष जांच और दोषियों को कड़ी
से कड़ी सज़ा दिलवाने के लिए मेरी सरकार प्रतिबद्ध है. इससे पहले भी हमने देखा है
कि किसी राज्य में पेपर लीक की घटना होती रही हैं. इस बार दल या राजनीति से ऊपर उठकर देशव्यापी
ठोस उपाय करने की ज़रूरत है.''
मुर्मू ने कहा, ''संसद ने भी परीक्षा में होने वाली गड़बड़ियों
के विरुद्ध एक सख़्त क़ानून बनाया है. मेरी सरकार परीक्षाओं से जुड़ी संस्थाओं, उनके कामकाज के
तरीके में सुधार करने की दिशा में काम कर रही है.''
राष्ट्रपति के अभिभाषण में आपातकाल का भी
ज़िक्र सुनाई दिया.
राष्ट्रपति का अभिभाषण: संसद में क्या कुछ बोलीं द्रौपदी मुर्मू
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18वीं लोकसभा के गठन के बाद राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने संसद के संयुक्त सत्र को संबोधित किया.
राष्ट्रपति ने सभी सांसदों को जीत की बधाई देते हुए कहा, ''आप लोग जनता का विश्वास जीतकर आए हैं और 140 करोड़ लोगों की आकांक्षाओं को पूरा करने का आप लोग ज़रिया बनेंगे.''
राष्ट्रपति ने ओम बिरला को भी बधाई दी.
उन्होने कहा, ''मुझे विश्वास है कि वो अपने लोकतांत्रिक परंपराओं को अपने कौशल से नई ऊंचाई देने में सफल होंगे. मैं देश के कोटि-कोटि लोगों की तरफ से चुनाव आयोग का भी आभार व्यक्त करती हूं. ये दुनिया का सबसे बड़ा चुनाव था. करीब 64 करोड़ लोगों ने उत्साह और उमंग के साथ अपना कर्तव्य निभाया है.''
''इस चुनाव में जम्मू-कश्मीर से भी बहुत सुखद तस्वीर सामने आई है. कश्मीर घाटी में वोटिंग के अनेक दशकों के रिकॉर्ड टूटे हैं. हमने बंद और हड़ताल के बीच कम मतदान का ही दौर देखा था. भारत के दुश्मन इसको वैश्विक मंचों पर जम्मू-कश्मीर की राय के रूप में दुष्प्रचारित करते रहे हैं. लेकिन इस बार जम्मू-कश्मीर ने ऐसी हर ताकत को करारा जवाब दिया है.''
वो बोलीं, ''आज भारत के चुनाव की चर्चा दुनियाभर में हो रही है. दुनिया देख रही है कि भारत के लोगों ने लगातार तीसरी बार स्थिर और स्पष्ट बहुमत की सरकार बनाई है. छह दशक बाद ऐसा हुआ है. ऐसे समय में जब भारत के लोगों की आकांक्षाएं सर्वोच्च स्तर पर है. लोगों ने मेरी सरकार पर तीसरी बार भरोसा जताया है. भारत के लोगों को पूर्ण विश्वास है उनकी आकांक्षाएं मेरी सरकार ही पूरा कर सकती है.''
सेमीफ़ाइनल मुक़ाबले से पहले विराट कोहली पर क्या बोले रोहित शर्मा
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इमेज कैप्शन, भारतीय क्रिकेट टीम के कप्तान रोहित शर्मा
आईसीसी टी20 विश्व कप 2024 के दूसरे सेमीफ़ाइनल मुकाबले में भारत और इंग्लैंड आमने-सामने होंगे.
दूसरे सेमीफ़ाइनल मुकाबले से पहले हुई प्रेस कॉन्फ़्रेंस में कप्तान रोहित शर्मा ने टूर्नामेंट में अब तक के प्रदर्शन और आगे के प्लान के बारे में खुलकर बात की.
इसी प्रेस कॉन्फ़्रेंस में विराट कोहली की परफ़ॉर्मेंस और अर्शदीप सिंह के गेंदबाज़ी पर गंभीर सवाल भी पूछे गए और रोहित ने जो जवाब दिए हैं वो सुनने लायक हैं.
पत्रकार ने पूछा, ''ये दुर्भाग्यपूर्ण है कि विराट जैसे खिलाड़ी ने अभी तक बड़ा स्कोर नहीं किया है जो कि वो करते आए हैं. वो जब भी आउट होते हैं तो कारण तलाशना मुश्किल हो जाता है. ऋषभ पंत भी दो बार रिवर्स स्वीप खेलने की कोशिश में आउट हुए हैं. क्या टीम में कोई ऐसा टेंप्लेट है कि अगर पावरप्ले में विकेट गिरते हैं तो बाकी खिलाड़ी रन बनाते रहें या फिर सेफ़्टी फ़र्स्ट पहले जैसी बात है?''
रोहित शर्मा इस सवाल के बाद विराट कोहली के बचाव में आ गए और उन्होंने कहा, ''देखिए ये सब इस बात पर निर्भर करता है कि हमारे सामने कैसी स्थिति है? देखिए ये मेरे लिए काफ़ी बोरिंग है कि मैं बार-बार कंडीशन की बात करूं लेकिन ये ज़रूरी बात है क्योंकि हमने देखा न्यूयॉर्क में जीतने वाला क्या स्कोर था तो ऐसे में हमारे लिए ये सोचना की हम जा के घुमाएंगे और ये करेंगे वो करेंगे. ये सेंसिबल नहीं है तो हम एक समझदार टीम बनना चाहते हैं, ऐसी टीम नहीं बनना चाहते कि हम जाएं और मारना शुरू कर दें.''
''मुझे लगता है कि हमारे लिए ये समझना ज़रूरी है कि सामने क्या है और करना क्या है. उस वक्त और मैंने इस टीम में अनुभव की बात की है और हम उस अनुभव पर निर्भर करते हैं कि वो वहां पर रिवर्स स्वीप खेलेंगे या योर्कर बॉल फेकेंगे या बाउंसर फेकेंगे...हम उस अनुभव पर निर्भर करते हैं कि वो क्या फैसला लेंगे.''
''एक कप्तान और एक कोच होने के नाते एक बार जब खेल शुरू हो जाता है, तब हम इस बात की चर्चा नहीं करते हैं कि खेल में क्या करना है. हां खेल के दौरान कुछ पहलुओं पर बात ज़रूर करते हैं. ट्रेनिंग के दौरान खिलाड़ियों से बात हो जाती है कि उनसे क्या उम्मीद की जा रही है.''
''हम खिलाड़ियों के अनुभव पर निर्भर हैं कि वो रिवर्स स्वीप का फ़ैसला लेते हैं या फिर आगे बढ़कर शॉट खेलते हैं. तो हम ऐसे ही अपने आठ बल्लेबाज़ों पर निर्भर करते हैं और गेंदबाज़ों के साथ भी ऐसा ही है. हमारी टीम में अच्छी क्वालिटी के खिलाड़ी हैं और मैं खुद निजी तौर से इन खिलाड़ियों पर निर्भर होता हूं कि वो जो तेज़ दिमाग के खिलाड़ी हैं वो जो भी फैसला लेंगे.''
एक पत्रकार ने रोहित शर्मा से कहा, ''पाकिस्तान के पूर्व कप्तान इंज़माम उल हक ने बयान दिया है कि भारतीय गेंदबाज़ों ने बॉल के साथ छेड़छाड़ कर रही थी और अर्शदीप सिंह जो 15वां ओवर फेंक रहे थे उसमें रिवर्स स्विंग हो रही थी जो संभव नहीं था.''
इसके जवाब में रोहित ने कहा, ''अभी क्या जवाब दूं इसका मैं? अभी इतनी धूप में खेल रहे हो...पिच ड्राई है...बॉल रिवर्स अपने आप होता है...सब टीम का हो रहा है हमारा क्यों? कभी-कभी अपना दिमाग खोलना भी ज़रूरी है...ये भी समझना ज़रूरी है कि हम कौन से कंडीशन में खेल रहे हैं. ऑस्ट्रेलिया में मैच नहीं है रहा है...तो मैं कहूंगा, छोड़ो...''
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पाकिस्तान में बढ़ती गर्मी के कारण 6 दिन में हुई 500 लोगों की मौत
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इमेज कैप्शन, भीषण गर्मी से जूझ रहा है पाकिस्तान की सिंध प्रांत
पाकिस्तान के लोगों के लिए बढ़ती गर्मी जानलेवा साबित हो रही है. बीते छह दिनों में 500 से ज्यादा लोगों की मौत हुई है, जिसमें बढ़ती गर्मी को एक प्रमुख कारण माना जा रहा है. ये मामले दक्षिणी पाकिस्तान के हैं.
एदही एंबुलेंस सर्विस का कहना है कि वो रोज़ाना कराची शहर के मुर्दाघर में 30 से 40 शवों को ला रहे हैं. लेकिन बीते 6 दिनों में उन्होंने कुछ 568 शवों को इकट्ठा किया जिसमें 141 सिर्फ़ मंगलवार के हैं.
बीबीसी की रिपोर्ट में कहा गया है कि इन सभी मौतों का कारण क्या है ये कह पाना फ़िलहाल मुश्किल है. हालांकि बढ़ती गर्मी के साथ ही मरने वालों की संख्या में भी उछाल आया है. कराची में तापमान 40 डिग्री सेल्सियस से ऊपर जा चुका है और ह्यूमिडिटी इतनी ज़्यादा है कि तापमान 49 डिग्री सेल्सियस जैसा महसूस हो रहा है.
मदद के लिए लोग अस्पतालों में जा रहे हैं. कराची सिविल अस्पताल में बीते रविवार से लेकर बुधवार के बीच 267 लोगों को हीटस्ट्रोक के कारण भर्ती करवाया गया है. इमर्जेंसी विभाग के प्रमुख डॉ. इमरान सरवर शेख ने कहा कि इनमें से 12 की मौत भी हो गई है.
बीबीसी को डॉ. शेख ने बताया, ''अस्पताल में जो लोग आ रहे हैं उनमें से ज़्यादातर की उम्र 60 या 70 के पार है. कुछ 45 की उम्र के आसपास के थे और एक जोड़े की उम्र तो 20 पार ही है.''
''हमने जितने लोगों को देखा है वो सभी बाहर काम करने वाले हैं. हमने उन्हें कहा कि वो ज़्यादा पानी पिएं और बढ़ते तापमान के बीच हल्के कपड़े पहने.''
बीते सप्ताहांत में पाकिस्तान में बढ़ते तापमान को आंशिक लू भी कहा गया था. लोगों को राहत मुहैया करवाने के लिए लू से बचने के लिए कैंप और सेंटर बनाए जा रहे हैं. कई लोग जिन्हें मदद की ज़रूरत थी वो अस्पताल तक भी नहीं पहुंच सके.
56 वर्ष के वसीम अहमद सिक्योरिटी गार्ड हैं. 12 घंटे की शिफ़्ट पूरी करने के बाद जब वो घर पहुंचे तो उन्हें कुछ अच्छा महसूस नहीं हो रहा था. वसीम के भाई अदनान ज़फ़र ने कहा, ''वो दरवाज़े से आए और कहा कि मैं इस गर्मी को नहीं झेल सकता. उन्होंने एक गिलास पानी मांगा. जैसे ही उन्होंने पानी पिया वो बेहोश हो गए.''
जब तक वसीम का परिवार उन्हें लेकर अस्पताल पहुंचा, मेडिकल स्टाफ़ ने कहा कि अंदाज़न हार्ट अटैक से वो पहले ही मर चुके हैं. अदनान ने कहा कि वसीम को पहले से ही हार्ट की बीमारी थी लेकिन गर्मी के कारण पहले कभी दिक्कत नहीं हुई.
बढ़ती गर्मी के अलावा कराची के लोगों के लिए बिजली कटौती भी बड़ी मुसीबत है. पाकिस्तान में कराची इकलौता ऐसा शहर है जो गर्मी से जूझ रहा है. समाचार एजेंसी रॉयटर्स के मुताबिक बीते महीने सिंध प्रांत की राजधानी कराची में रिकॉर्ड 52.2 डिग्री सेल्सियस दर्ज की गई थी.
हिंसक प्रदर्शनों के बाद कीनिया के राष्ट्रपति ने वापस लिया विवादित वित्त बिल
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इमेज कैप्शन, कीनिया के राष्ट्रपति विलियम रुतो
कीनिया में कई दिनों तक चले प्रदर्शनों के बाद सरकार झुक गई है. कीनिया के राष्ट्रपति विलियम रुतो ने कहा है कि वो विवादित वित्त बिल को वापस लेंगे, जिसमें टैक्स बढ़ोतरी के प्रावधान थे.
ये फ़ैसला राष्ट्रपित रुतो ने कीनिया में फैले हिंसक प्रदर्शनों के बाद लिया है.
कीनिया के लोगों को संबोधित करते हुए रुतो ने कहा कि ये साफ़ हो गया है कि कीनिया के लोगों को इस बिल से कुछ नहीं चाहिए था. बिल पर हस्ताक्षर कर इसे कानून की शक्ल न देने की बात कहते हुए रुतो ने कहा, ''मैं हार मानता हूं.''
सरकार के नए वित्त बिल को लेकर कीनिया में विवाद छिड़ा हुआ था और कई दिनों तक विरोध प्रदर्शन भी हुए लेकिन संसद में इसके पास होते ही प्रदर्शनों ने हिंसक रूप ले लिया.
बीते मंगलवार के हिंसक प्रदर्शनों में 22 लोगों के मारे जाने की पुष्टि की गई. राष्ट्रपति रुतो ने कहा है कि वो अब देश के उन युवाओं से बातचीत करेंगे, जिन्होंने साल 2022 के बाद से अब-तक के सबसे बड़े प्रदर्शन का नेतृत्व किया.
देशभर में हुए विरोध प्रदर्शनों के बावजूद कीनिया की संसद ने विवादित वित्त बिल को पास किया था.
बिल के पास होने के बाद प्रदर्शनों ने हिंसक रूप ले लिया और प्रदर्शनकारी संसद में भी घुस गए थे, जहां उन्होंने आगज़नी की थी.
शुरुआत में राष्ट्रपति रुतो भी सख्ती से इन प्रदर्शनों से निपटते नज़र आ रहे थे. प्रदर्शनकारियों को रोकने के लिए सेना तक को लगाया गया था. हालांकि लोगों के भारी विरोध को देखते हुए राष्ट्रपति नरम हुए और बिल वापसी का एलान किया.
सरकार ने जो बिल पेश किया था उसका मकसद देश पर लदे 80 बिलियन डॉलर के कर्ज़ को कम करना था, इससे कीनिया के सालाना टैक्स पर प्रभाव पड़ता है. रुतो ने कहा कि नए प्रावधान किसानों, छात्रों और शिक्षकों के लिए लाभकारी साबित हो सकते थे लेकिन उन्होंने माना कि लोग उनके साथ खड़े नहीं थे. उन्होंने कहा कि ''मैं लोगों का नेतृत्व करता हूं और उन्होंने अपनी बात कह दी है.''
कीनिया में सोशल मीडिया पर ऐसी चर्चा है कि मौजूदा प्रदर्शन जारी रहने वाले हैं. पहले इन प्रदर्शनों का मकसद था कि राष्ट्रपति विवादित वित्त बिल पर हस्ताक्षर न करें लेकिन अब मांग की जा रही है वो इस्तीफ़ा दे दें.