शेख़ मुजीबुर रहमान: एक क्रांतिकारी से राष्ट्रपिता तक
1971 में बांग्लादेश के स्वाधीन होने में शेख़ मुजीबुर रहमान के नेतृत्व ने बहुत बड़ी भूमिका निभाई थी. लेकिन सत्ता में आने के तीन वर्षों के भीतर ही कुछ सैनिक अधिकारियों ने उनके परिवार सहित उनकी हत्या कर दी थी. शेख़ मुजीब की जन्म शताब्दी पर उन्हें याद कर रहे हैं रेहान फ़ज़ल विवेचना में.
(बीबीसी हिन्दी के एंड्रॉएड ऐप के लिए आप यहां क्लिक कर सकते हैं. आप हमें फ़ेसबुक, ट्विटर, इंस्टाग्राम और यूट्यूब पर फ़ॉलो भी कर सकते हैं.)