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पाकिस्तान के बच्चों को वीज़ा में ढील
भारत ने इलाज के लिए पाकिस्तान से भारत आने वाले बच्चों के लिए वीज़ा के नियमों मे ढील देने का फ़ैसला किया है. यह भी तय किया गया है कि बीस बीमार पाकिस्तानी बच्चों के एक दल को यात्रा, भारत में रहने और चिकित्सा के लिए आर्थिक सहायता भी उपलब्ध कराई जाएगी. यह घोषणा बृहस्पतिवार को पाकिस्तान के उच्चायुक्त अज़ीज़ अहमद ख़ान और भारत के विदेश मंत्री यशवंत सिन्हा के बीच हुई बातचीत के दौरान की गई है. भारत के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता नवतेज सरना ने दिल्ली मे पत्रकारों को बताया कि इस संबंध में बाक़ी बातें इस्लामाबाद स्थित भारतीय उच्चायोग के माध्यम से तय की जाएँगी. सरना के अनुसार भारतीय विदेश मंत्री ने अज़ीज़ अहमद ख़ान से कहा कि हृदय का ऑपरेशन कराने भारत आई दो वर्ष की नूर फ़ातिमा के प्रति लोगों की उत्साह भरी प्रतिक्रिया को देखते हुए ये पहल की गई है. नूर से हुई शुरुआत दो सप्ताह पहले फिर से शुरु हुई दिल्ली लाहौर बस सेवा की पहली बस से नूर फ़ातिमा जब भारत पहुँची तो लोगों में उसके प्रति बेहद प्यार उमड़ा था. भारत के दक्षिणी नगर बैंगलोर मे हुए सफल ऑपरेशन के बाद नूर व्यापक रूप से चर्चा का विषय बनी रही. भारतीय संचार माध्यमों ने उस घटना को भारत और पाकिस्तान के बीच आशा, शांति और सौहार्द के एक प्रतीक की संज्ञा दी. तीन महीने पहले दोनो पक्षों ने एक दूसरे के प्रति विश्वास बढ़ाने की पहल की थी जिसमे दोनो देशों के बीच यातायात की कड़ी जोड़ना भी शामिल था. लगभग डेढ़ साल पहले भारतीय संसद पर हुए चरमपंथी हमले की घटना के बाद दोनों देशों के संबंधों में कड़वाहट आ गई थी. |
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